विज्ञापन
विज्ञापन
ढाई साल बाद शनि बदलेंगे अपनी राशि , कुदृष्टि से बचने के लिए शनि शिंगणापुर मंदिर में कराएं तेल अभिषेक
Astrology Services

ढाई साल बाद शनि बदलेंगे अपनी राशि , कुदृष्टि से बचने के लिए शनि शिंगणापुर मंदिर में कराएं तेल अभिषेक

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रोहतकः एसटीएफ ने भारी मात्रा में चरस की बरामद, एक आरोपी गिरफ्तार, दो फरार

एसटीएफ द्वारा नशा तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत कार्य करते हुए प्राप्त मुखबरी के आधार पर यह कार्रवाई की गई।

27 जनवरी 2020

विज्ञापन
विज्ञापन

भिवानी

सोमवार, 27 जनवरी 2020

दो जगह ठीक किया तो तीसरी जगह लीक हुई मुख्य पेयजल लाइन

घंटाघर से रेलवे स्टेशन की तरफ जाने वाली सड़क पर किरोड़ीमल पार्क के सामने एक बार फिर से मुख्य पेयजल लाइन लीक हो गई। इससे पहले पब्लिक हेल्थ विभाग दो जगह की लीकेज का समाधान करने के लिए यहां पर पहले ही गहरे गड्ढ़ों की खुदाई कर चुका है। एक बार फिर से मुख्य लाइन लीकेज होने से हजारों लीटर पानी सड़क पर व्यर्थ बहता रहा। लाइन लीकेज का ये पानी फुटपाथ पर जमा होने से आसपास के दुकानदारों की मुश्किलें भी बढ़ गई हैं। जिस लाइन में लीकेज है वह दो बूस्टिंग स्टेशनों के लिए पानी की आपूर्ति करती है। ऐसे में बूस्टिंग स्टेशनों तक पहुंचने वाला पानी भी लाइन लीकेज की वजह से दूषित ही रहा है। इन दोनों बूस्टरों से आधा दर्जन कॉलोनियां की करीब बीस हजार की आबादी जुड़ी है।
शहर के किरोड़ीमल पार्क के सामने घंटाघर से रेलवे स्टेशन की तरफ जाने वाले मार्ग पर मुख्य सड़क के बीच सीसी सड़क तोड़कर गड्ढा खोदकर कुछ अर्से पहले ही एक लीकेज को ठीक किया गया था। इसी तरह राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय व भारत भवन धर्मशाला के पास भी पेयजल लाइन लीकेज हो गई थी। जिस वजह से फुटपाथ भी जमीन के अंदर ही धंस गई थी। इन दोनों जगहों पर पब्लिक हेल्थ विभाग के कर्मचारियों ने लीकेज को बंद कर दिया। अब नई जगह से यह मुख्य लाइन लीकेज हो गई। बूस्टिंग स्टेशन तक जाने वाली पेयजल लाइन जगह-जगह से लीकेज के पीछे पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी एक ही वजह मान रहे हैं कि सर्दियों में पानी की खपत कम हो गई है और प्रेशर की वजह से पानी की लाइन दबाव के कारण फट रही है। इसी वजह से लीकेज होने से पानी भी व्यर्थ में बह रहा है। वैश्य महाविद्यालय के सामने चौक के समीप भी पब्लिक हेल्थ विभाग ने गड्ढा खोदा था। जिसे अभी तक पूरी तरह से बंद भी नहीं किया गया है। दादरी गेट बूस्टिंग स्टेशन से 12 इंची मुख्य लाइन शहर के लेबर कॉलोनी बूस्टिंग स्टेशन और बीटीएम कॉलोनी बूस्टिंग स्टेशन तक जाती है। जो वैश्य कॉलेज के सामने चौक से आगे दस इंची कर दी गई है। 12 इंची मुख्य लाइन में ही कई जगह लीकेज बनी है।
20 हजार तक की आबादी हो रही प्रभावित
दोनों बूस्टरों के तहत टीआईटी कॉलोनी, डीसी कॉलोनी, चिंरजीव कॉलोनी, जगत कॉलोनी, कृष्णा कॉलोनी, पार्क कॉलोनी, जाट कॉलोनी बीटीएम चौक क्षेत्र, लेबर कॉलोनी, दुर्गा कॉलोनी आदि कॉलोनियां आती है। जिनके करीब 20 हजार से अधिक लोग अब प्रभावित होंगे।
लीकेज ठीक करने में सीसी सड़क बनी बड़ी परेशानी : पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी एक लीकेज ठीक कर रहे हैं तो दूसरी लीकेज फिर हो जाती है। इस काम में सबसे बड़ी परेशानी सीसी सड़क बनी हैं। कंकरीट से बनी सड़क को मजदूरों के जरिए भेद पाना मुश्किल है। ऐसे में अब लीकेज ठीक करने से पहले सड़क तोड़ने के लिए भी खानक से कंकरीट तोड़ने वाली मशीन मंगवानी पड़ेगी। इसी वजह से लीकेज समाधान का काम भी रुका हुआ है।
दादरी गेट से शहर के दो बूस्टिंग स्टेशनों को पानी की आपूर्ति करने वाली 12 इंची लाइन में लीकेेज है। इसी ठीक करने के लिए कंकरीट की सड़क तोड़ी जाएगी। जिसके बाद ही इस पर काम शुरू होगा। पहले भी दो जगह लीकेज ठीक की गई हैं, लेकिन अब नई जगह फिर से लीकेज हुई है।
- राजेंद्र जेई पब्लिक हेल्थ विभाग
... और पढ़ें

कोहरे से वाहन चालक परेशान, दृश्यता रही शून्य

घने कोहरे ने वाहन चालकों को रात के बाद सुबह भी परेशान किया। वाहन रेंग-रेंगकर चले। बावजूद इसके कई वाहन सड़क से नीचे झाड़ियों में उतर गए। गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। बुधवार सुबह दृश्यता शून्य रही। अधिकतम और न्यूनतम तापमान में गिरावट आई। अधिकतम तापमान 18.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 6.4 डिग्री दर्ज किया गया।
मंगलवार को अधिकतम तापमान 20.1 और न्यूनतम तापमान 7.8 डिग्री दर्ज किया गया था। बुधवार को अधिकतम तापमान में 1.5 डिग्री और न्यूनतम तापमान में 1.4 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। हालांकि दोपहर में खिली धूप राहत लेकर आई। लोगों को ठंड और कोहरे से राहत मिली। मगर शाम होते-होते फिर से ठंड गहरा गई।
मौसम में बनी ठंडक और धूंध से किसान खुश है। किसान रामअवतार, जयबीर, जसबीर आदि का कहना है कि इस सीजन में अब तक बनी ठंड, कोहरे और कुछ दिन पहले हुई हलकी बूंदाबांदी से अबकी बार गेहूं, सरसों की फसल बेहतर होने की उम्मीद है। बस पाला नहीं पड़ना चाहिए। पाला पड़ा तो फसलों के लिए नुकसानदायक होगा।
... और पढ़ें

विदेशों में भी हैं म्हारे सरताज के फ्रेंड फॉलोअर्स

गेहूं व धान की खेती करने वाला जिले के गांव तालु का किसान सुमेश कुमार के झोटे सरताज ने कुरुक्षेत्र में हुए पशु में तृतीय स्थान हासिल किया।
तालू के पशुपालक सुमेश कुमार को उसके पशु अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिला रहे है। सुमेश को 15 साल की उम्र में पशुपालन का जुनून ऐसा हुआ कि आज पशुओं से वह हर साल आठ से 10 लाख रुपये की कमाई कर रहा है। मुर्राह नस्ल के उसके झोटे सरजात के फ्रेंड फॉलोअर्स तो विदेशों तक हैं।
18 व 19 जनवरी को कुरुक्षेत्र में डेयरी फार्मिंग एसोसिएशन की ओर से आयोजित पशु मेले में जज की भूमिका निभाने पहुंचे फ्रांस व नीदरलैंड के पशु चिकित्सक अंटलोनी व कोवेन ने सरताज के मालिक सुमेश को उनके देश आने का न्योता भी दे दिया है। इन विदेशी डॉक्टरों ने सुमेश को कहा कि वे सीबीएस कैटल फार्म की सोशल मीडिया पर सरताज के फ्रेंड हैं। वे उनके देश के पशुपालकों को भी पशुपालन की दिनचर्या के बारे में गहनता से बता कर आएं। इस मेले में सुमेश का सरताज पूरे देश में तीसरे नंबर पर रहा है।
सुमेश के सीबीएस कैटल फार्म में एक दर्जन से भी ज्यादा मुर्राह नस्ल की भैंस व पांच मुर्राह बुल हैं। सुमेश को मुर्राह पशुपालन में असल पहचान उसके झोटे सम्राट ने दिलाई। अब सुमेश अपने दो बुलों के सीमन से मुर्राह नस्ल को सुधारने के लिए देश भर में अपने बलबूते सीमन पहुंचा रहा है। उसके घर में तीन पीढ़ियों से चली आ रही मुर्राह पशुपालन के क्रेज को देख अब गांव तालु व आस पास के गांवों के किसान भी पशुपालन में विशेष रुचि लेने लगे हैं।
37 पशु चैंपियनशिप जीत चुके हैं सुमेश के पशु : दादा भरत सिंह व पिता विजेंद्र सिंह के बाद खुद पशुपालन में उतरने के बाद सुमेश ने पशु चैंपियनशिप के दौरान दूध प्रतियोगिताएं, कैट वॉक, सुंदरता सहित अनेकों कटेगरी में अब तक 37 बार चैंपियनशिप का खिताब जीत कर तालु गांव का मान बढ़ा चुके हैं। इनमें दो बार पंजाब के मुक्तसर में सम्राट नेशनल चैंपियन बना है। देश में सबसे ज्यादा दूध देने का रिकार्ड भी सुमेश की भैंस के नाम ही है। एचएलडीबी में 27.800 किलोग्राम, 26 किलोग्राम व 25.300 किलोग्राम एक भैंस से प्रतिदिन दूध का रिकॉर्ड इसके नाम है।
31 लाख में बिका था सम्राट : साल 2016 में आंध्रप्रदेश का किसान बदराराव सिंह सम्राट को 31 लाख में खरीद कर ले गया था। जब सुमेश ने सम्राट को बेचा तब सम्राट के ही सीमन से जन्मे बुल सरजात व सूर्या भी पशु प्रदर्शनियों में अपना नाम चमकाने लगे थे। सम्राट से लेकर सरताज व सूर्या का जन्म सुमेश के घर हुआ है। वह अपने घर में छह से नौ माह की मुर्राह नस्ल के सात कटड़े-कटडियाें को विशेष रूप से तैयार करने में लगा है।
... और पढ़ें

लोगों को पर्यावरण बचाने का संदेश देने निकली युवाओं की टोली

आज जलवायु परिवर्तन बड़ा मुद्दा बनता जा रहा है। बिगड़ते जलवायु परिवर्तन और गहराते पर्यावरण प्रदूषण के बारे में आज भले ही हम आगाह न हो मगर इसके भविष्य में भयंकर परिणाम हो सकते है। युवाओं की एक टोली ने इन भयंकर परिणामों को समझा और लोगों को जागरूक करने के लिए मुहिम शुरू कर दी। लोगों को जागरूकता के लिए युवाओं द्वारा बनाये ग्रुप को नाम दिया गया स्टैंड विद नेचर। इस ग्रुप को बनाने वाले युवा 23 वर्षीय ढाबढाणी वासी ने हाल ही में हरियाणा और दिल्ली में करीब 1200 किलोमीटर साइकिल चलाकर करीब एक लाख स्कूली बच्चों, कोचिंग सेंटर में पढ़ने वाले विद्यार्थियों, विभिन्न संगठनों के सदस्यों को जागरूक किया।
युवाओं की यह टोली पहले अपने स्तर पर पौधरोपण करने, जागरूकता रैली निकालने जैसे कार्य करती थी मगर जब जलवायु परिवर्तन के भयावह परिणाम के बारे में सुना तो लोगों को जागरूक करने का निर्णय लिया। इस टीम में फिलहाल आठ से 10 सदस्य हैं, जो अलग-अलग क्षेत्रों भिवानी, दिल्ली, फरीदाबाद, चंडीगढ़ आदि में रहते हैं। कुछ नौकरी भी कर रहे हैं मगर वे जागरूकता अभियान में अपना योगदान देने से पीछे नहीं हटते। हाल में इस ग्रुप ने लोगों को जागरूक करने के लिए साइकिल यात्रा निकालने का निर्णय लिया। साइकिल यात्रा ग्रुप बनाने वाले 23 वर्षीय युवा लोकेश ने निकाली। साइकिल यात्रा भिवानी से शुरू हुई। यहां से तोशाम, नारनौल, झज्जर, चंडीगढ़, सोनीपत, करनाल, फरीदाबाद, दिल्ली, गुरुग्राम आदि में साइकिल यात्रा से लोगों को जलवायु परिवर्तन के प्रति जागरूक किया। यात्रा के दौरान करीब एक सौ स्कूलों, करीब 30 संस्थाओं, करीब 30 एकेडमियों में लोगों को जलवायु परिवर्तन के बारे में जागरूक किया और अधिक से अधिक पौधे लगाने, पेड़ों की कटाई रोकने का संदेश दिया। ग्रुप के मुखिया लोकेश ने बताया कि ग्रुप के सदस्य नौकरी भी कर रहे है और अपने वेतन का एक हिस्सा जागरूकता के लिए खर्च करते हैं।
अपने मुनाफे के लिए कर रहे प्रकृति से खिलवाड़ : आज लोग अपने मुनाफे के चक्कर में प्रकृति से खिलवाड़ कर रहे हैं। पेड़ों की अंधाधुंध कटाई हो रही है। इसी कारण आज जलवायु परिवर्तन बड़ा मुद्दा बन गया है। हम पर्यावरण संरक्षण के लिए अनेक प्रोजेक्ट पर काम कर रहे है और उम्मीद करेंगे कि उनके अच्छे परिणाम रहेंगे।
उधर, रक्त न मिलने से हुई महिला की मौत तो बना दिया रक्तदान का रिकॉर्ड
रक्त नहीं मिलने के कारण वर्ष 1984 में फरटीया गांव में एक महिला की मौत हो गई। महिला की मौत से क्षुब्ध शिक्षक प्यारे लाल सांगवान ने अपने कुछ साथियों संग ठानी की रक्त की कमी के कारण किसी की मौत नहीं होने देंगे। इस कारण उन्होंने लोहारू क्षेत्र में स्वैच्छिक रक्तदाता ग्रुप बनाया। इस ग्रुप में आज 450 से अधिक सदस्य हैं, जो हर समय रक्तदान के लिए तैयार रहते हैं। इतना ही नहीं शिक्षक प्यारे लाल स्वयं 102 बार रक्तदान कर चुके हैं। अब उम्र की बंदिशों के कारण वे रक्तदान नहीं कर पा रहे हैं। मगर अब वे स्कूल-कॉलेजों और विभिन्न कार्यक्रमों में लोगों को रक्तदान के लिए जागरूक करने में जुटे हैं।
लोहारू क्षेत्र के रहने वाले प्यारे लाल राज्य शिक्षक अवार्ड भी हासिल कर चुके हैं। 35 साल तक उन्होंने रक्तदान किया। छह बार वे सम्मानित भी हो चुके हैं। अब उनके पुत्र, पुत्री, पुत्रवधू, भतीजे, दामाद नियमित रूप से रक्तदान कर रहे हैं। अब ताक सांगवान परिवार 250 से अधिक दफा रक्तदान कर चुका है।
हेडमास्टर के पद से सेवानिवृत्त हुए प्यारे लाल सांगवान अब 66 वर्ष के हो गए हैं और 65 वर्ष की आयु के बंधन के कारण अब रक्तदान नहीं कर सकते। मगर अब उन्होंने युवाओं को जागरूक करने का बीड़ा उठाया है। स्वयं 147 रक्तदान शिविर लगाने के अलावा वे स्कूल-कॉलेजों, आईटीआई आदि में जागरूकता कार्यक्रम कर युवाओं को जागरूक कर रहे हैं। प्यारे लाल सांगवान ने कहा कि वे चाहते हैं कि रक्त के अभाव में किसी की जान न जाए। इसी कारण उन्होंने नियमित रूप से रक्तदान किया और युवाओं से भी आह्वान करते हैं कि वे नियमित रूप से रक्तदान करें ताकि किसी की जान बचाई जा सके।
बच्चों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करते लोकेश कुमार।
बच्चों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करते लोकेश कुमार।- फोटो : Bhiwani
... और पढ़ें
मास्टर प्यारेलाल सांगवान। मास्टर प्यारेलाल सांगवान।

गणतंत्र दिवस समारोह आज, सहकारिता मंत्री डॉ. बनवारी लाल करेंगे ध्वजारोहण

71वें गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियां पूरी हो गई है। सुरक्षा के कड़े पहरे में गणतंत्र दिवस समारोह में सहकारिता मंत्री डॉ. बनवारी लाल ध्वजारोहण करेंगे। सुरक्षा के लिए जिलेभर में 500 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है और 13 नाके लगाये गए है। समारोह में बेहतर कार्य करने वाले 70 लोगों को सम्मानित किया जाएगा। पूर्व संध्या पर समारोह की तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया। शहर के मुख्य मार्गों पर छह स्वागत द्वार बनाए विभिन्न विभागों द्वारा तैयार किए गए हैं।
समारोह को खास बनाने के लिए इस बार शहर के सभी मुख्य मार्गों पर स्वागत द्वार तैयार किए गए है। शहर के मुख्य मार्गों पर छह स्वागत द्वार तैयार किये गए है। स्वागत द्वार तैयार करने की जिम्मेदारी अलग-अलग विभागों ने निभाई है। सुरक्षा के लिए स्टेडियम के चारों ओर छह नाके लगाये गए है। जिले की सीमाओं पर बनाए सात नाकों पर भी पुलिस को अलर्ट किया गया है।
उपायुक्त अजय कुमार ने बताया कि समारोह की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। सुबह दस बजे मुख्य अतिथि ध्वजारोहण करेंगे। इससे पहले मुख्य अतिथि नेहरू पार्क में शहीद स्मारक पर पुष्प अर्पित कर शहीदों को नमन करेंगे। समारोह में मुख्य अतिथि द्वारा युद्ध वीरांगनाओं व स्वतंत्रता सेनानियों का सम्मान किया जाएगा। गणतंत्र दिवस समारोह में जहां एक तरफ विभिन्न स्कूली बच्चों द्वारा शानदार सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी जाएगी, वहीं दूसरी ओर परेड की विभिन्न टुकड़ियों द्वारा शानदार मार्च पास्ट किया जाएगा। इसी प्रकार से समारोह में बच्चों द्वारा डंबल, लेजियम व पीटी शो का प्रदर्शन किया जाएगा। समारोह में विभिन्न विभागों द्वारा झांकियां निकाल कर सरकार की नवीनतम योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। उपायुक्त ने बताया कि सभी विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों को समारोह में शामिल होने के निर्देश दिए जा चुके हैं। यह राष्ट्रीय पर्व और इस पर्व में नागरिकों की अधिक से अधिक भागीदारी होना जरूरी है।
सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे खास, बच्चों ने बहाया पसीना
सांस्कृतिक कार्यक्रम खास होंगे। पूर्व संध्या पर भी प्रतिभागियों को अभ्यास करते देखा गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरूआत बीपीएस और डीपीएस स्कूल के बच्चों द्वारा सूर्य नमस्कार से होगी। केएम पब्लिक स्कूल के बच्चे महाराष्ट्री लावणी नृत्य, लिट्स हार्ट स्कूल के बच्चे कश्मीरी नृत्य, जी-लिट्रा वैली स्कूल के बच्चे नमामि गंगे, डॉ. सर्व पल्ली राधा कृष्णन स्कूल के बच्चे गुजराती नृत्य, उत्तमीबाई कन्या स्कूल के छात्राएं राजस्थानी नृत्य, हलवासिया विद्या विहार के बच्चे प्रदूषण नियंत्रण, वैश्य मॉडल स्कूल के बच्चे पंजाबी भंगड़ा और राकवमा विद्यालय के छात्राएं हरियाणवी नृत्य की प्रस्तुति देंगी। विभिन्न स्कूलों के बच्चों ने पीटी, डंबल व लेजियम का प्रदर्शन करेंगे।
पुलिस ने खंगाले होटल, धर्मशाला
जिला पुलिस ने शुक्रवार रात को नाइट डोमिनेशन अभियान चलाया। 80 फीसदी पुलिस रात 10 बजे से अल सुबह चार बजे तक सड़क पर उतरी। करीब 102 चेकिंग टीमों ने जांच अभियान चलाया। 105 सार्वजनिक स्थानों, धर्मशाला, होटल, रेलवे स्टेशन ,बस स्टैंड को चेक किया गया। 1443 वाहनों की चेकिंग की गई, जिसमें 13 वाहनों के कागजात पूरे न होने पर चालान किए गए। 24 व्यक्तियों को आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार कर 2812 बोतल अवैध शराब व सात बोतल बियर बरामद की गई। वहीं जुआ-सट्टा खेलते 10 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर 12,621 की नकदी बरामद की गई। संदिग्ध व्यक्तियों को चेक करके 10 पर्चा अजनबी काटे गए।
... और पढ़ें

1500 रुपये में एक बंदर होगा पिंजरे के अंदर

शहरवासियों के लिए आफत बन चुके बंदर अब जल्द पिंजरे के अंदर होंगे। इसके लिए नगर परिषद ने शहर से दो हजार बंदर पकड़ने के लिए शनिवार को टेंडर आमंत्रित किए हैं। जो 11 फरवरी को खोले जाएंगे। एक बंदर को पिंजरे के अंदर करने में नगर परिषद का 1500 रुपये का औसतन खर्च आएगा। जबकि पूरे शहर से दो हजार बंदर पकड़ने के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू की गई है। पिछले सप्ताह ही नगर परिषद को शहर से बंदर पकड़ने के लिए वन्य प्राणी जीव जंतु विभाग से अनुमति भी मिल चुकी है। जिसके बाद ही नगर परिषद ने टेंडर प्रक्रिया शुरू की। वहीं बंदर पकड़ने से पहले जिला प्रशासन से भी अनुमति ली जाएगी। बंदर पकड़ने की शुरूआत वहां से होगी, जहां पर बंदरों का सबसे अधिक आतंक मचा हुआ है।
भिवानी नगर परिषद के पास करीब 25 लाख रुपये का बजट शहर से बंदर पकड़ने के लिए मंजूर हुआ है। इस बजट के मंजूर होने के बाद ही नगर परिषद ने शहर को बंदरों से मुक्ति दिलाने के लिए वन्य प्राणी जीव जंतु विभाग से अनुमति मांगी थी। जिस पर चंडीगढ़ मुख्यालय से वन्य प्राणी विभाग ने भी अपनी अनुमति की मोहर लगा दी। इसी के बाद नगर परिषद ने शनिवार को बंदर पकड़ने के लिए टेंडर आमंत्रित किए।
पिछले साल भी बंदर पकड़ने के लिए किसी एजेंसी ने नहीं किया आवेदन
पिछले वर्ष भी बंदर पकड़ने के लिए नगर परिषद ने टेंडर आमंत्रित किए थे, लेकिन किसी भी एजेंसी ने शहर से बंदर पकड़ने में कोई रुचि नहीं दिखाई। इसी वजह से ये मामला खटाई में पड़ गया और फिर इस बार नए सिरे से बंदर पकड़ने की प्रक्रिया अपनाई। करीब चार पांच साल पहले शहर से बंदर पकड़ने के लिए एक एजेंसी ने काम किया था, उस समय उसके भुगतान में काफी दिक्कतें आई थी वहीं पकड़े गए बंदर भी शहर में ही घूमते हुए नजर आए थे।
बंदरों की वजह से लोग घरों के अंदर जालियों में हुए कैद
शहर के अंदर बंदरों का इतना आतंक बना हुआ है कि लोगों ने अपने घरों के बाहर छज्जों व गैलरी के अंदर भी लोहे की जालियां लगवा रखी हैं। जिनके अंदर लोग कैद होकर रह गए हैं। क्योंकि बंदर छतों के रास्ते घरों के अंदर घुसकर भी रसोई से खाने पीने की चीजें चोरी कर रहे हैं, जिन्हें रोकने के प्रयास में कई लोगों को बंदर काट भी चुके हैं। इस तरह लोग बंदरों से बचाव के लिए घरों में संभावित जगहों पर लोहे की जालियां लगवा रहे हैं।
ये हैं सबसे अधिक बंदरों से प्रभावित क्षेत्र
शहर के कृष्णा कॉलोनी, नया बाजार, पुराना बस स्टैंड, रोहतक गेट क्षेत्र, विकास नगर, दिनोद गेट, जैन चौक, दादरी गेट, हनुमान ढाणी, हनुमान गेट, घोसियान चौक, बावड़ीगेट क्षेत्र, जगत कॉलोनी, चिरंजीव कॉलोनी, विजय नगर, हांसी गेट क्षेत्र, घंटाघर, जिला सामान्य अस्पताल क्षेत्र, रेलवे स्टेशन, जीतुवाला जोहड़ क्षेत्र, दिनोद रोड की कॉलोनियां, नई अनाज मंडी, सब्जी मंडी रोहतक रोड, भारत नगर कॉलोनी, न्यू भारत नगर, बैंक कॉलोनी, देवसर चुंगी क्षेत्र, हालु मोहल्ल्ला, बाड़ी मोहल्ल्ला, पतराम गेट सहित अनेक शहर के अंदरूनी इलाकों की कॉलोनियां बदंरों से सबसे अधिक परेशान हैं।
नगर परिषद ने शहर से बंदर पकड़ने के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। 11 फरवरी को टेंडर ओपन किए जाएंगे। जिसके बाद डीसी से भी अनुमति के बाद बंदर पकडने का काम शुरू होगा। प्रत्येक बंदर पकडने पर औसतन 1500 रुपये का खर्च आएगा। शहर से एक बार में दो हजार बंदर पकड़े जाएंगे। अगर इसके बावजूद भी बंदर बचते हैं तो फिर अलग से टेंडर कराकर उन्हें भी पकड़ने का काम किया जाएगा।
- दीपक गोयल, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद भिवानी।
... और पढ़ें

राष्ट्रीय मतदाता दिवस : बच्चों ने रैली निकालकर किया जागरूक

राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर पंचायत भवन में जागरूकता कार्यक्रम कर बच्चों को मताधिकार करने की शपथ दिलाई गई। बच्चों ने जागरूकता रैली भी निकाली। इसके अलावा का आयोजन किया गया। इसके अलावा स्वीप पर आधारित विभिन्न प्रतियोगिताओं में विजेता बच्चों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया।
शनिवार को चुनाव कार्यालय की ओर से आयोजित आयोजित कार्यक्रम में मुख्यातिथि के तौर पर पहुंचे अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. मनोज कुमार ने कहा कि प्रशासन का हर संभव प्रयास होता है कि चुनाव में अधिक से अधिक मतदाता अपने मत का प्रयोग करें। इसके लिए स्वीप अभियान के तहत अनेक गतिविधियां भी आयोजित की जाती हैं, लेकिन फिर भी कुछ लोग उदासीनता के चलते अपने मत का प्रयोग नहीं करते या फिर कुछ क्षेत्र प्रशासन से भी अछूते रह जाते हैं। ऐसे में जागरूक बच्चे एक तरह से मोबाइल टावर का काम करते हैं, जो प्रशासन के संदेश को अन्य लोगों तक पहुंचाते हैं। उन्होंने कहा कि बच्चे भविष्य के मतदाता हैं। उन्होंने कहा कि प्रजातंत्र की मजबूती और देश की तरक्की के लिए अधिक से अधिक मतदान जरूरी है। हमें यह मालूम होना चाहिए कि देश के लिए नीतियों का निर्धारण करने वाले हमारे नेता कैसे हैं। उनका काम करने का तरीका कैसा है और आचार-व्यवहार कैसा है। उन्होंने कहा कि बच्चों को अपने क्षेत्र के नेताओं से सीधा संवाद करना चाहिए। वे अपने क्षेत्र में विकास और शिक्षा की योजना के बारे में जानकारी ले सकते हैं।
इस दौरान अतिरिक्त उपायुक्त ने स्वीप पर आधारित विभिन्न प्रतियोगिताओं में विजेता विद्यार्थियों को सम्मानित किया। कार्यक्रम में टीआईटी से विशु गिरधर व तेजस्वनी, बीएड कॉलेज से दिव्या, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय से रेखा ने मतदान के महत्व पर विस्तार से अपने विचार रखे। अतिरिक्त उपायुक्त ने मतदान में उल्लेखनीय कार्य करने वाले बीएलओ, चुनाव कार्यालय के कर्मचारियों को भी सम्मानित किया। कार्यक्रम का संचालन हालुवास स्कूल से डॉ. मनोज कुमार ने किया। इस मौके पर जिला राजस्व अधिकारी एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी प्रमोद चहल, चुनाव तहसीलदार जयवीर सिवाच, जिला सांख्यकीय अधिकारी शिवतेज सिंह, एलओ अनूप सिंह, लक्षमण गौड़ बबीता, राजपाल, सतपाल, रमन शांडिल्य व अनिल कुमार आदि मौजूद रहे।
... और पढ़ें

रास्ता रोककर कबड्डी खिलाड़ी को पीटा, पांच-छह युवकों पर केस

जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना करते एडीसी मनोज कुमार।
शहर के पुराना बस स्टैंड क्षेत्र क्राउन प्लाजा के समीप बाइक पर जा रहे कबड्डी खिलाड़ी के साथ रास्ता रोककर दो बाइकों पर सवार युवकों द्वारा मारपीट करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि हमलावरों ने उसे जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने पांच-छह युवकों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गांव उमरावास निवासी प्रदीप ने बताया कि वह भीम स्टेडियम में कबड्डी का अभ्यास करता है। वह रोहतक गेट क्षेत्र के टाईयान पाना क्षेत्र में किराये पर कमरा लेकर रहता है। कबड्डी खिलाड़ी ने बताया कि 23 जनवरी को बाइक पर वह क्राउन प्लाजा के समीप जा रहा था कि दो बाइकों पर सवार होकर आए 5-6 युवकों ने रास्ता रोककर उसके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी। आसपास के लोगों को आता हुआ देखकर हमलावर भाग गए। इसके बाद उसने फोन कर अपने भाई संदीप को बुलाया, जिसने उसे जिला सामान्य अस्पताल में दाखिल कराया। पुलिस ने सिविल लाइन पुलिस ने इस संबंध में पांच छह युवकों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।
... और पढ़ें

चार एकड़ में बनी अवैध कॉलोनी की चहारदीवारी तोड़ी

नगर योजनाकार विभाग ने शहरी क्षेत्र मोजा देवसर, भिवानी-लोहारू रोड पर चार एकड़ में क्षेत्र में अवैध रूप से बनाई गई कॉलोनी में निर्माण हटाने का अभियान चलाया। विभाग ने पुलिस बल के साथ जेसीबी मशीन से 13 चहारदीवारी को तोड़ा।
जिला नगर योजनाकार राजकीर्ति ने बताया कि अवैध कब्जे हटाने के लिए तहसीलदार मोहन लाल भिवानी को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था। ड्यूटी मजिस्ट्रेट व पुलिस बल को साथ लेकर जिला भिवानी शहरी क्षेत्र मोजा देवसर, भिवानी-लोहारू रोड पर चार एकड़ में फैली एक अवैध कॉलोनी से अवैध 13 चहारदीवारियों को जेसीबी मशीन से तोड़ा गया। उन्होंने बताया कि अवैध निर्माण करना गैर कानूनी कार्य है। इसकी इजाजत किसी को नहीं है। उन्होंने नागरिकों से शहर में कहीं भी सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का अवैध निर्माण नहीं करने व अवैध कॉलोनी काटने वाले प्रॉपर्टी डीलरों के बहकावे में नहीं आने की अपील की है। इसके अलावा अनुसूचित सड़कों एवं बाईपास की हरित पट्टी में किसी भी तरह का निर्माण न करें। अगर कोई ऐसा करता है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्यवाही नियमानुसार अमल में लाई जाएगी। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा अवैध निर्माण की जानकारी जुटाई जा रही है और अवैध निर्माण हटाने का यह अभियान जारी रहेगा।
... और पढ़ें

आरोप : ब्याज पर दिए 10 लाख रुपये मांगे तो गाड़ी से कुचलने की दी धमकी

एक युवक से दो रुपये प्रति माह सैकड़ा ब्याज पर दस लाख रुपये लेकर वापस मांगने पर गाड़ी से कुचलने की धमकी का मामला सामने आया है। पीड़ित ने मामले की शिकायत एसपी को दी। जिसके बाद लोहारू पुलिस थाने में मां-बेटे के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज हुआ है।
कस्बा लोहारू के वार्ड नंबर आठ निवासी सुभाषचंद्र ने पुलिस थाने में दी शिकायत में बताया कि कस्बे के ही संजय सैनी और उसकी मां मंजू देवी ने उसके घर आकर अपनी दुकान पर काम बढ़ाने के लिए दस लाख रुपये उधार मांगे थे। इस पर उसने अपनी संपत्ति की बिक्री की गई रकम में से दस लाख रुपये तीन अप्रैल 2017 को दो रुपये प्रति माह सैकड़ा के हिसाब से ब्याज पर दिए थे। संजय सैनी और उसकी मां मंजू देवी ने दस लाख रुपये ब्याज पर लेने के बाद यह भी इकरार किया था कि या तो उसे दस लाख रुपये ब्याज सहित लौटा देंगे अन्यथा सरकारी रेट पर दुकान उसके नाम करवा देंगे।
सुभाषचंद्र का आरोप है कि करार के मुताबिक तीन जुलाई 2018 को न तो उसके रुपये लौटाए और न उसे ब्याज की राशि का भुगतान किया। आरोप है कि मां-बेटे ने मिलकर दुकान को सावित्री देवी नामक महिला को बेच दिया। जब वह अपने दस लाख रुपये और ब्याज की राशि लेने उनके घर पहुंचा तो उसे गाड़ी से कुचलने की धमकी दी और दोबारा पैसे मांगने आने पर जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित सुभाषचंद्र ने मामले की शिकायत एसपी के समक्ष की। जिसकी प्रारंभिक जांच के बाद लोहारू पुलिस थाने में आरोपी मां-बेटे के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया है।
... और पढ़ें

पानी की गुणवत्ता जांचने पहुंची विभाग की टीम, 13 सैंपल लिए

शहर में हो रही दूषित पानी की आपूर्ति की जांच करने शुक्रवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम हनुमान ढाणी क्षेत्र में पहुंची। टीम के सदस्यों ने यहां लोगों से बातचीत की और पानी के 13 सैंपल जांच के लिए लिए। उन्हें अब जांच के लिए लैब भेजा जाएगा। स्वास्थ्य विभाग की टीम के सामने भी दूषित पानी के कारण उल्टी-दस्त से बीमारी के केस सामने आए, जिन्हें दवाइयां दी र्गईं।
अमर उजाला ने शहर में दूषित पानी की आपूर्ति के खिलाफ अभियान चलाया रखा है। शहर में लीकेज के कारण हो रही दूषित जलापूर्ति के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया जा रहा है। इसी कड़ी में 22 जनवरी को प्रकाशित समाचार दूषित पानी दे रहा मर्ज, हर रोज अस्पताल पहुंच रहे मरीज के बाद हरकत में आए स्वास्थ्य विभाग की टीम शुक्रवार को जांच के लिए दादरी गेट क्षेत्र में पहुंची। एमपीएचडब्ल्यू की टीम ने दादरी गेट व हनुमान ढाणी क्षेत्र में डोर-टू डोर जांच अभियान चलाया। टीम ने पानी के बारे में जानकारी ली और दूषित पानी से हो रही बीमारियों के बारे में जानकारी जुटाई। यहां टीम को उल्टी-दस्त और बुखार के मरीज भी मिले, जिन्हें दवाइयां दी गईं।
इन कॉलोनियों से लिए पानी के सैंपल
दादरी गेट, हनुमानढाणी, भारत नगर, आजाद मोहल्ला, लाजपत नगर, चिरंजीव कॉलोनी, रामगंज मोहल्ला, दुर्गा कॉलोनी व नाई कलालो की गली से पानी के सैंपल जांच के लिए लिए।
आपूर्ति में दूषित पानी आने की सूचना के बाद डोर-टू डोर जांच अभियान चलाया जा रहा है। शहर की अलग-अलग कॉलोनियों से पानी के 13 सैंपल लिए हैं। इनकी जांच लैब से करवाई जाएगी।
- डॉ. संध्या गुप्ता, डिप्टी सिविल सर्जन।
दिनोद गेट क्षेत्र के लोग भी दूषित पानी से परेशान
दिनोद गेट क्षेत्र में खाखी बाबा मंदिर के पास बूस्टर से जुड़ी आधा दर्जन से अधिक कॉलोनियों के लोग भी कम और दूषित पानी की आपूर्ति से परेशान हैं। परेशान लोगों ने नाराजगी भी जताई। क्षेत्र वासियों ने बताया कि सुबह साढ़े चार बजे बमुश्किल 30 मिनट पानी आता है और टेल की गलियों तक पानी नहीं पहुंचता। 15 से 20 मिनट तक बहुत ही ज्यादा दूषित पानी आता है। इस कारण उन्हें पानी साफ होने तक शुरुआत का सारा पानी नालियों में चलाना पड़ता है। जब पानी साफ आता है, तब तक आपूर्ति जा चुकी होती है। बूस्टिंग स्टेशन में लगी पानी की मोटर 20एचपी की है, जबकि यहां कम से कम 40 से 50 एचपी की मोटर होनी चाहिए, ताकि सप्लाई टेल तक हो सके। दूषित पानी की आपूर्ति के कारण इस क्षेत्र के अधिकतर लोगों ने हैंडपंप का पानी पीना शुरू कर दिया है। क्षेत्र की डग्यान गली, पटवा की गली, भूतान गली, मोड़े वाली गली, चूहड़ सिंह की बाजारी, मनान पान में दूषित पानी की समस्या है।
क्या कहते हैं कॉलोनी वासी
पानी उनके घरों में आता ही नहीं। कई बार शिकायत की मगर कोई समाधान नहीं हुआ। गर्मियों में अधिक समस्या हो जाती है और वे हैंडपंप से पानी लाते हैं।
- कुंज बिहारी, निवासी डग्यान गली
30 मिनट तक पानी सप्लाई आती है और उसमें अधिकतम समय दूषित पानी की आपूर्ति आती है। इस कारण पानी नाली में खाली चलाना पड़ता है। पानी जब तक साफ आना शुरू होता है, तब तक सप्लाई जा चुकी होती है।
राजेश कुमार।
पानी टेल तक पहुंचता ही नहीं। जो आता है वो गंदा आता है। इस कारण बड़ी समस्या है। ये पानी न पीने लायक है और नहीं अन्य प्रयोग के।
राज कुमार दिनोदिया।
सप्लाई आने के कारण शुरुआत में 15-20 बहुत ही गंदा नाली वाला पानी आता है। जिस कारण बड़ी समस्या होती है और नल खुला छोड़ना पड़ता है। पानी में दुर्गंध भी आती है।
सुनीता, महिला।
... और पढ़ें

बोर्ड परीक्षाओं के लिए 28 तक भरें परीक्षा केंद्र के ऑप्शन

हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड अध्यक्ष डॉ. जगबीर सिंह ने बताया कि सेकेंडरी/सीनियर सेकेंडरी वार्षिक परीक्षा मार्च-2020 के लिए ग्रामीण क्षेत्र के स्थायी/अस्थायी मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों द्वारा परीक्षा केंद्र का ऑप्शन 24 से 28 जनवरी तक दोबारा भरा जाना है। उन्होंने बताया कि ऐसे सभी विद्यालय बोर्ड की वेबसाइट पर दिए गए लिंक से ऑनलाइन परीक्षा केंद्र की ऑप्शन भरेंगे। उन्होंने बताया कि यदि संबंधित विद्यालय के गांव में परीक्षा केन्द्र है, तो उसे छोड़कर नजदीक के पांच ग्रामीण/शहरी परीक्षा केन्द्र ऑप्शन भरे जाने हैं। संबंधित विद्यालय के गांव में परीक्षा केन्द्र नहीं है तो उन द्वारा भी नजदीक के पांच ग्रामीण/शहरी परीक्षा केंद्र भरे जाने हैं। उन्होंने बताया कि संबंधित विद्यालय मुखिया पांचों परीक्षा केंद्रों की ऑप्शन निर्धारित तिथि तक अलग-अलग भरना सुनिश्चित करें। ... और पढ़ें

पेयजल लाइन ठीक करने को 250 से अधिक खोदे गड्ढ़े फिर भी शहरवासी पी रहे गंदा पानी

अधिकांश शहरी आबादी दूषित पेयजल आपूर्ति का दंश झेल रही है। विभाग जब तक जर्जर हाल पेयजल लाइनों को बदली करेगा, तब तक तो लगभग आधी शहरी आबादी की हालत पतली हो जाएगी। शहर के करीब पौने तीन लाख आबादी पर दूषित पानी की आपूर्ति का खतरा मंडरा रहा है। इसमें निजी कनेक्शनों की लीकेज व सीवरेज लाइनों के अंदर से पेयजल लाइन क्रॉस होना मुख्य वजह मानी जा रही है, लेकिन इनका समाधान अधिकारी चंडीगढ़ मुख्यालय से अनुमति मिलने के बाद ही कर पाएंगे।
वहीं पब्लिक हेल्थ विभाग ने दूषित पानी की आपूर्ति का समाधान ढूंढने के नाम पर ही करीब 250 गड्ढ़े खोद डाले हैं। ठेकेदार के कर्मचारियों ने हर गली-मोहल्ले व मुख्य सड़कों के किनारे लीकेज ठीक करने के नाम पर खोदे गड्ढों को शायद पाटना भी जरूरी नहीं समझा है। कई गड्ढ़ों के अंदर तो पानी भरा है, जो अब हादसों की वजह भी बन रहे हैं।
अधिकांश शहर के अंदर करीब 40 साल पुरानी पेयजल लाइन हैं, जिसमें काफी जगह लीकेज की वजह से दूषित पानी की आपूर्ति हो रही है। अधिकांश पुराने शहर के लोग दूषित पानी की आपूर्ति का सामना कर रहे हैं। ये लोग सीएम विंडो से लेकर पब्लिक हेल्थ में ऑनलाइन और ऑफ लाइन तक शिकायतें दर्ज करा चुके हैं। इन शिकायतों को निपटाने में ही पब्लिक हेल्थ अधिकारियों के भी पसीने छूट रहे हैं। सर्दी के मौसम में मुख्य लाइनों की लीकेज भी दूषित पानी की आपूर्ति की वजह बनी है। इन लाइनों में लीकेज से हजारों लीटर पानी पहले तो सड़क या फिर सीवर के अंदर व्यर्थ बह रहा है और फिर इसी लाइन में दूषित पानी वापस भी पहुंच रहा है, जो आसपास के इलाके की पानी की आपूर्ति को भी प्रदूषित कर रहा है।
पूरे शहर के अंदर 60 से 70 किलोमीटर तक की पेयजल लाइनों का जाल बिछा हुआ है। इस बीच दर्जनों जगहों पर तो पब्लिक हेल्थ विभाग को लीकेज भी मिली हैं, मगर यहां मुश्किल ये भी है कि एक लीकेज को ठीक करते हैं तो दूसरी जगह नई लीकेज फिर से हो जाती है। जबकि जमीन के अंदर कई सालों से दबे पड़े खुले निजी पेयजल कनेक्शनों के जरिए भी दूषित पानी वापस घरों तक ही पहुंच रहा है। शहर के अंदरूनी इलाकों में तो गलियों के अंदर डाली गई पेयजल लाइन सीवरेज मैनहोल के अंदर से क्रॉस हो रही हैं। इस वजह से भी दूषित पानी आपूर्ति की अधिक संभावनाएं हैं।
पीने तो दूर कपड़े, हाथ धोने लायक भी नहीं पानी : शहर के जिन इलाकों में दूषित पानी की आपूर्ति हो रही हैं वहां के लोगों का कहना है कि इस पानी का इस्तेमाल करना तो दूर हाथ धोने के बाद बदबू नहीं जा रही है। अगर गलती से इसे पी लिया तो फिर उल्टियां होने लगती हैं। इसे कपड़े धोने और नहाने से लेकर शौचालय तक में इस्तेमाल नहीं कर सकते हैं। जिन इलाकों में दूषित पानी की आपूर्ति हो रही हैं वहां पर पब्लिक हेल्थ विभाग टैंकरों के जरिए भी दूषित पानी की आपूर्ति का वैकल्पिक प्रबंध नहीं कर पा रहा है। इस वजह से शहरवासियों की मुश्किलें और भी बढ़ गई हैं।
पॉश कॉलोनियों में भी दूषित पेयजलापूर्ति : पुराने शहर की कॉलोनियों में ही नहीं दूषित पेयजलापूर्ति शहर की पॉश कॉलोनियों में भी हो रही है। सेक्टर 13, 23, विकास नगर, न्यू हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के लोग भी दूषित पेयजलापूर्ति से परेशान है।
यहां बनी है अधिक समस्या : दादरी गेट, हनुमान ढाणी, लक्ष्मीनगर, जीतूवाला जोहड़ फाटक, टीआईटी कॉलोनी, बीटीएम चौक क्षेत्र, चिरंजीव कॉलोनी, लेबर कॉलोनी, बिचला बाजार, पतराम गेट क्षेत्र, टाइयान पाना, शांतिनगर, उत्तम नगर आदि में दूषित पानी की ज्यादा समस्या है।
गर्म किया हुआ पानी करें इस्तेमाल : विशेषज्ञों ने दूषित पानी के कारण बढ़ रही बीमारियों से बचाव के लिए पानी को गर्म करके उपयोग करने की सलाह दी है। कार्यकारी प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. रघुवीर शांडिल्य ने बताया कि पानी को गर्म करने के बाद ठंडा कर पीने में प्रयोग करें। पानी को साफ करने में लाल दवाई का भी प्रयोग किया जा सकता है।
जहां पर भी लीकेज की सूचना मिलती है, वहां पर खुदाई कर उसकी वजह का पता लगाया जाता है। लगभग 250 से अधिक जगह खुदाई की गई है। फिलहाल कई जगह पर लीकेज ठीक करने का काम भी चल रहा है। लेकिन अधिक पुरानी लाइनों में कई जगह लीकेज और निजी कनेक्शनों की वजह से भी दूषित आपूर्ति सामने आई है, जिसे विभाग के उच्चाधिकारियों के संज्ञान में भी लाया जा चुका है।
- राजेंद्र जेई, पब्लिक हेल्थ विभाग
... और पढ़ें
अपने शहर की सभी खबर पढ़ने के लिए amarujala.com पर जाएं

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree
Election
  • Downloads

Follow Us