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मेरे अल्फाज़

सैनिक के दिल की बात

HIMANSHU SINGH

7 कविताएं

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मन में देशप्रेम का जज्बा लेके,
पसीना रोज बहाता हूँ।
कई बाधाओं को पार कर,
वर्दी धारण कर पाता हूँ।
मिलता हैं सम्मान हर तरफ ,
चित्त में उत्साह भर जाता हैं।
माँ भारती की सेवा खातिर,
नशा देशप्रेम का छा जाता हैं।
सोता है देश मेरा जब रात के आगोश में,
उस वक्त पहरा दे रहे होते है हम पूरे होश में।
आती हैं विपत्ति जब भी कोई,
सामना करते हैं पूरे जोश में।
रहता है दर्द इस बात का सदा,
क्या-क्या नहीं सहना पड़ता हैं।
कभी बरसते हैं पत्थर हम पे
फिक्र करते नहीं जान की अपने,
हम निरंतर सेवारत रहते हैं।
रहे देश मेरा आबाद सदा,
इस बात की चिंता करते हैं।
अपने बुलंद तेवरों से,
दुश्मन को मार भगाते हैं।
जान गवाकर भी अपनी,
इस मिट्टी का कर्ज चुकाते हैं।

हिमांशू कुमार सिंह
तालिबपुर, बलिया
उत्तर प्रदेश


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