हाथरसः जीभ कटने के बाद भी दुष्कर्म पीड़िता की बयान दर्ज कराने की कोशिश देख छलक पड़े थे पुलिस वालों के आंसू

अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस Updated Tue, 29 Sep 2020 11:39 AM IST
विज्ञापन
कोतवाली चंदपा, हाथरस
कोतवाली चंदपा, हाथरस - फोटो : अमर उजाला

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹299 Limited Period Offer. HURRY UP!

ख़बर सुनें
दरिंदों की हैवानियत का शिकार होने के बाद बीते दो हफ्तों से जिंदगी और मौत के बीच झूल रही हाथरस के चंदपा क्षेत्र की अनुसूचित जाति की बिटिया ने आज(29 सितंंबर) दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में अंतिम सांस ली। पीड़िता 14 सितंबर को सामूहिक दुष्कर्म का शिकार हुई थी और सोमवार को हालत बिगड़ने के बाद उसे अलीगढ़ से सफदरजंग अस्पताल रेफर किया गया था।
विज्ञापन


आरोपियोंं ने सिर्फ उस मासूम पीड़िता के साथ दुष्कर्म ही नहीं किया था बल्कि उसकी गर्दन भी तोड़ दी थी और जीभ भी काटी थी। इसके बाद पीड़िता के लिए पुलिस को अपना बयान देना आसान नहीं था। लेकिन बहादुर बिटिया ने हिम्मत नहीं हारी और पुलिस को आरोपियों के बारे में सबकुछ बताया। हमारी इस स्टोरी में जानिए कि जीभ कटने के बाद असहनीय दर्द में भी आखिर कैसे उसने पुलिस को अपना बयान दिया....
14 सितंबर की घटना के बाद 19 सितंबर को विवेचक जब पीड़िता का बयान दर्ज करने पहुंचे तो वह इस कदर दहशत और बेहोशी की हालत में थी कि अपने साथ हुई घटना की दास्तां बया नहीं कर सकी। 22 सितंबर को विवेचक ने दोबारा जेएन मेडिकल कॉलेज पहुंचकर बयान दर्ज किए।

तब वह अपने साथ हुई दरिंदगी को बमुश्किल इशारों में बयां कर सकी। उसके बाद पुलिस ने मुकदमे में दुष्कर्म की धारा बढ़ाई और चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा। इस तथ्य को खुद विवेचक/सीओ ने अपने उच्चाधिकारियों को भेजी दो पेज की रिपोर्ट में उजागर किया है।
विज्ञापन
आगे पढ़ें

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us

X

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00
X