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एक माह तक वृंदावन बिहारी जी मंदिर में कराएं चन्दन तुलसी इत्र सेवा , मिलेगा नौकरी व व्यापार से जुड़े समस्याओं का समाधान
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एक माह तक वृंदावन बिहारी जी मंदिर में कराएं चन्दन तुलसी इत्र सेवा , मिलेगा नौकरी व व्यापार से जुड़े समस्याओं का समाधान

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देव स्नान पूर्णिमा पर 108 घड़े के जल से भगवान करेंगे स्नान

चंडीगढ़। कोरोना वायरस के चलते लॉकडाउन चल रहा है। फिलहाल 31 मई तक लॉकडाउन रहेगा। आगे क्या फैसला होगा, यह सरकार तय करेगी, लेकिन इसी लॉकडाउन और कोरोना वायरस के दौर में भगवान जगन्नाथ रथयात्रा की तैयारी भी चल रही है। सेक्टर 31 के श्री जगन्नाथ मंदिर से 23 जून को रथयात्रा निकाली जाएगी। अभी इसकी रुपरेखा पूरी तरह से तय नहीं हुई है, लेकिन भगवान जगन्नाथ पांच जून को बीमार हो जाएंगे।
भगवान जगन्नाथ देवस्नान पूर्णिमा पांच जून को 108 घड़े पानी से स्नान के बाद बीमार हो जाएंगे। श्री जगन्नाथ मंदिर सेक्टर 31 को संचालित करने वाली संस्था उत्कल सांस्कृतिक संघ के वाइस चेयरमैन एसके भुइयां ने बताया कि ऐसा प्राचीन धार्मिक मान्यता के अनुसार है।
उन्होंने कहा कि भगवान आम भक्त की तरह दिखना चाहते हैं कि तबीयत खराब होने पर परहेज किया प्रकार किया जाता है। भगवान 20 जून को पूर्ण रूप से स्वस्थ हो जाएंगे। भगवान के बीमार होने के बाद मंदिर में चावल का भोग बंद हो जाएगा। आरती नहीं होगी। भजन कीर्तन भी बंद रहेगा। मंदिर में घंटा और घड़ियाल भी नहीं बजेगा। भगवान जगन्नाथ का इलाज जड़ी बूटियों और फलों से होगा। इस दौरान मंदिर के कपाट बंद रहेंगे। मंदिर में भगवान का दर्शन भी बंद कर दिया जाएगा। भगवान के उपचार के लिए केवल पुजारी ही रहेंगे।
20 जून को नेत्र उत्सव
मंदिर में भगवान जगन्नाथ का 20 जून को नेत्र उत्सव होगा। मंदिर पर नया झंडा चढ़ाया जाएगा। भगवान का नयन खुलेगा। नए वस्त्र और आभूषण भगवान को धारण करवाया जाएगा।
23 जून को रथयात्रा
उत्कल सांस्कृतिक संघ के वाइस चेयरमैन एसके भुइयां ने बातया कि 23 जुलाई को सेक्टर-31 के जगन्नाथ मंदिर से रथयात्रा का शुभारंभ होगा। इस बार लॉकडाउन होने के कारण छोटी रथयात्रा निकलेगी। बहुत ही कम लोग शामिल होंगे। रथ भी छोटा होगा। भगवान श्री जगन्नाथ, भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ नगर भ्रमण पर निकलेंगे। उसके बाद वे मौसी के घर चले जाएंगे। पहली जुलाई को बहुडा यात्रा होगी। उस यात्रा में भगवान मौसी के घर से मंदिर में लौटेंगे।
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पंजाब मंत्रिमंडल की बैठक आज, लॉकडाउन बढ़ाने पर हो सकता फैसला, मुख्य सचिव-मंत्रियों के विवाद पर भी निगाहें

मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की अध्यक्षता में पंजाब मंत्रिमंडल की बैठक आज (बुधवार) होगी। कोविड-19 के कारण कर्फ्यू-लॉकडाउन के दौरान वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से होने वाली यह बैठक बुधवार को पहले की तरह होगी, हालांकि इसमें सोशल डिस्टेंसिंग का पालन किया जाएगा। कैबिनेट की बैठक दोपहर तीन बजे शुरू होगी। बैठक में 31 मई को समाप्त हो रहे लॉकडाउन को आगे बढ़ाने और राज्य में कोरोना की मौजूदा स्थिति की समीक्षा की जाएगी। 

इसके अलावा, बैठक में मुख्य सचिव करण अवतार सिंह को लेकर भी चर्चा होने के आसार हैं। करण अवतार सिंह इस बैठक में मौजूद रहेंगे या नहीं, इस बारे में अभी कुछ साफ नहीं है। पिछली बैठक में करण अवतार सिंह की जगह सतीश चंद्रा ने कामकाज संभाला था। हालांकि तब मुख्यमंत्री की तरफ से कहा गया था कि करण अवतार सिंह आधे दिन के अवकाश पर हैं। लेकिन दूसरी ओर, चर्चा यह थी कि वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल एक दिन पहले ही मुख्यमंत्री को यह साफ कर चुके थे कि अगर करण अवतार सिंह बैठक में आएंगे तो वे बैठक में हिस्सा नहीं लेंगे।


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इस बीच, सोमवार को मुख्यमंत्री द्वारा अपने आवास पर मनप्रीत बादल और मुख्य सचिव को आमने-सामने बैठाकर की गई चर्चा का क्या लब्बोलुआब निकला, वह भी बुधवार की मंत्रिमंडल की बैठक में साफ हो जाएगा। अगर करण अवतार सिंह बैठक में मौजूद रहे तो यह मान लिया जाएगा कि मुख्यमंत्री उन्हें मुख्य सचिव पद से हटा नहीं रहे हैं और अगर मनप्रीत सिंह बादल भी मुख्य सचिव की मौजूदगी में बैठक में मौजूद रहते हैं तो यह भी मान लिया जाएगा कि इस पूरे मामले में मुख्यमंत्री ने सुलह करा दी है। फिलहाल मुख्य सचिव नियमित तौर पर सचिवालय पहुंच रहे हैं और अपने कार्यालय में बैठकर काम कर रहे हैं।
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प्रशासन के क्वारंटीन सेंटर में नहीं मिल रहा ठीक खाना, सुविधाओं का अभाव

चंडीगढ़। यूटी प्रशासन दावा कर रहा है कि क्वारंटीन सेंटरों में कोई कमी नहीं होने दी जाएगी, लेकिन जमीनी हकीकत इस दावे से अलग है। स्कूलों और हॉस्टल में बनाए गए क्वारंटीन सेंटरों में पहुंचने वाले खाने की क्वालिटी और सुविधाओं को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। मंगलवार को सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें यहां मिल रहे खाने को दिखाया गया। इसके अलावा एक वीडियो में चंडीगढ़ पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में जफर नाम के युवक ने चंडीगढ़ प्रशासन की तरफ से भेजे गए खाने की क्वालिटी पर सवाल उठाए हैं। बताया कि वह सेक्टर-26 स्थित बापूधाम का निवासी है। उसकी कोरोना की रिपोर्ट निगेटिव आई है। इसके बावजूद उसे और उसके पूरे परिवार समेत कई अन्य परिवारों को भी यहां शिफ्ट किया गया है। वीडियो में वह कह रहा है कि पंजाब यूनिवर्सिटी के गर्ल्स हॉस्टल नंबर-8 में कई परिवार हैं, जिनमें कई छोटे बच्चे भी हैं। इन्हें दूध नहीं मिल पा रहा है। उसने वीडियो में आरोप लगाया कि मंगलवार को सुबह प्रशासन की तरफ से चाय तक नहीं दी गई। दोपहर का खाना 2.30 बजे आया है, उसकी क्वॉलिटी भी ठीक नहीं है। खाने में थोड़ी सी सब्जी, चावल और रोटियां दी गई हैं। सब्जी की मात्रा इतनी कम थी कि उससे रोटी और चावल को खाया भी नहीं जा रहा है।
दूध को लेकर पुलिसकर्मियों पर लगाए आरोप
एक अन्य वीडियो जारी कर पीयू के ही क्वारंटीन सेंटर के व्यक्ति ने आरोप लगाया कि बच्चों को यहां दूध नहीं मिल रहा है। सोमवार शाम वहां के अधिकारियों को दूध के लिए बोला, लेकिन मंगलवार दोपहर तक बच्चों को दूध नहीं मिला। वीडियो में कुछ पुलिस वाले भी दिखाए गए हैं, जिसमें से एक पुलिसकर्मी दूध पीता दिखाई दे रहा है। वीडियो बनाने वाले शख्स ने आरोप लगाए हैं कि यह वही दूध है जो कि बच्चों के लिए आ रहा है, लेकिन उन्हें न देकर चंडीगढ़ पुलिस के कर्मी वह दूध पी रहे हैं। हालांकि, इस वीडियो को बनाने वाले व्यक्ति ने तो अपना चेहरा दिखाया न ही नाम बताया है।
रिपोर्ट नेगेटिव तो क्यों ले जाया गया क्वारंटीन सेंटर
बापूधाम निवासी जफर का कहना है कि उसके पूरे परिवार की रिपोर्ट नेगेटिव आई है। इसके बावजूद पंजाब यूनिवर्सिटी के गर्ल्स हॉस्टल नंबर-8 के क्वारंटीन सेंटर लाया गया है। वह अपने घर में ज्यादा सुरक्षित महसूस करता। यहां पर कई तरह की असुविधाएं हैं। इसके अलावा बहुत सारे लोग एक साथ रह रहे हैं। यहां कूड़ा भी खुले में पड़ा है, जबकि घर में साफ-सफाई ज्यादा होती है। इस पर जब चंडीगढ़ प्रशासन के स्वास्थ्य सचिव अरुण कुमार गुप्ता से बात की गई तो कहा कि उन्होंने अधिकारियों को कहा है कि जब रिपोर्ट निगेटिव आई है, तो उन्हें क्वारंटीन सेंटर ले जाने की जरूरत नहीं है। हालांकि, कोरोना वायरस के संदेह के कारण क्वारंटीन सेंटर ले जाया गया है।
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Coronavirus: दिल्ली के बैंक का कर्मचारी मोहाली में मिला संक्रमित, नयागांव में है एक मरीज

पंजाब में कोरोना की चेन टूटने का नाम ही नहीं ले रही। प्रदेश के वीआईपी शहर मोहाली में करीब डेढ़ महीने बाद कोरोना ने दस्तक दे दी है। सेक्टर -71 में एक व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव आया है। 32 वर्षीय यह व्यक्ति दिल्ली के बैंक में काम करता है।

 वह करीब 3 दिन पहले ही मोहाली आया था। जिसका टेस्ट लेने के बाद उसकी रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है। मोहाली के सिविल सर्जन डॉ मंजीत सिंह ने कहा कि यह व्यक्ति मोहाली के सेक्टर 71 में रहता है। लेकिन यह पिछले 2 साल से दिल्ली में एक बैंक में काम कर रहा है।

इसलिए इसकी गिनती दिल्ली में ही जोड़ी जाएगी। जिक्रयोग है कि मोहाली पहले कोरोना मुक्त हो गया था। मोहाली में एक भी कोरोना का एक्टिव केस नहीं था। इसी बीच नयागांव की एक महिला कोरोना पॉजिटिव आई थी। यह महिला सेक्टर 16 चंडीगढ़ के अस्पताल में भर्ती है।

उसने एक बच्चे को जन्म दिया है, जो कि पूरी तरह तंदरुस्त है। वही मोहाली जिले में उक्त केस को मिलाकर अब तक 107 मरीज कोरोना के सामने आ चुके है और तीन लोगो की मौत भी हो चुकी है। हालांकि यह केस मोहाली में शामिल नहीं किया जाएगा, लेकिन जिले में एक्टिव केस अब दो ही रह गए हैं।
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कोरोना जांच रिपोर्ट कोरोना जांच रिपोर्ट

झटकाः पंजाब ने रोका जम्मू-कश्मीर का पानी, सूचना दिए बिना बंद कर दिया माधोपुर बैराज

कोरोना और लॉकडाउन की मार झेल रहे किसानों को एक और झटका लगा है। पंजाब सरकार ने जम्मू-कश्मीर प्रशासन को पूर्व सूचना दिए बगैर कठुआ नहर और रावी-तवी नहर का पानी रोक दिया है। इससे धान की रोपाई कर चुके और उसकी तैयारी कर रहे किसान संकट में आ गए हैं। कठुआ जिले की 15 हजार हेक्टेयर जमीन में होने वाली धान की खेती के इससे प्रभावित होने का अनुमान है।

जम्मू-कश्मीर सिंचाई विभाग को मामला तब समझ में आया, जब नहरों में अचानक पानी सूख गया। उधर, जम्मू-कश्मीर प्रशासन अब इस मामले को पंजाब सरकार के समक्ष उठाने की तैयारी में है। पंजाब सरकार के जल प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव के आदेशानुसार, 24 मई से दो जून तक 10 दिन के लिए माधोपुर हेड वर्क्स में के गेटों की मरम्मत के कारण पानी की सप्लाई बंद रहेगी।

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यह आदेश उत्तरी भारत नहर और ड्रेनेज एक्ट 1987 के रूल 63 का हवाला देते हुए जारी किया गया है। 24 मई को पंजाब की ओर माधोपुर बैराज में जहां पानी की सप्लाई रंजीत सागर बांध से बंद कर दी गई है। वहीं इसके चलते कठुआ नहर और रावी-तवी नहर में भी सप्लाई नहीं हो पा रही है।  

पंजाब सरकार ने माधोपुर बैराज में मरम्मत कार्य के चलते 24 मई से दो जून तक बंद करने का फैसला लिया है। इसके लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था उपलब्ध नहीं है। किसानों को वर्तमान में सिंचाई के लिए पानी की जरूरत होती है। मामला उच्च अधिकारियों के संज्ञान में लाया गया है।
- ब्रह्मज्योति, कार्यकारी अभियंता, सिंचाई विभाग कठुआ ... और पढ़ें

फीस संबंधी पंजाब सरकार के आदेश को दी गई चुनौती, स्कूल बोले- वसूलने की अनुमति दीजिए

पंजाब के गैर सहायता प्राप्त स्कूलों ने सरकार के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसके तहत स्कूल खुलने के एक माह बाद ही फीस वसूलने की अनुमति दी गई है। स्कूलों की इस याचिका पर हाईकोर्ट बुधवार को सुनवाई करेगा। स्कूलों की एसोसिएशन ने याचिका में हाईकोर्ट को बताया कि पंजाब सरकार ने आदेश जारी कर दिया है कि स्कूल खुलने के एक माह बाद ही फीस की वसूली की जा सकेगी।

एसोसिएशन की ओर से कहा गया कि अभी तक लॉकडाउन और स्कूलों के खुलने की तिथि निर्धारित नहीं है। स्कूलों के पास फीस के अतिरिक्त आय का और कोई माध्यम नहीं है ऐसे में स्कूल चलाने और स्टाफ को वेतन का भुगतान करने के लिए फीस वसूल करने की अनुमति दी जानी चाहिए। एसोसिएशन ने कहा कि पंजाब सरकार ने एक अन्य आदेश जारी करते हुए केवल उन स्कूलों को ट्यूशन फीस वसूल करने की इजाजत दी है जो ऑनलाइन माध्यम से शिक्षण कार्य शुरू कर रहे हैं।

कई स्कूलों के पास इसके लिए पर्याप्त संसाधन मौजूद नहीं है, लेकिन उन्हें अपनी जिम्मेदारियां निभानी है जिसमें स्टाफ का वेतन शामिल है। यदि उन्हें फीस लेने की अनुमति नहीं दी गई तो वह अपनी इन जिम्मेदारियों को निभाने में नाकाम रहेंगे। याचिकाकर्ता एसोसिएशन ने हाईकोर्ट से अपील की कि पंजाब सरकार के इस आदेश पर रोक लगाते हुए स्कूलों को राहत प्रदान करें।
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पंजाब में बीज घोटाला, अकाली दल ने मंत्री रंधावा के करीबी पर लगाया है बड़ी धांधली का आरोप

पंजाब में किसानों को नकली बीज मुहैया कराए जाने का मामला तूल पकड़ने लगा है। अकाली दल की ओर से जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा के एक करीबी पर धान के नकली बीज बेचने का आरोप लगाया गया है। मामला उठने के बाद राज्य के किसान संगठन भी उठ खड़े हुए हैं।

भारतीय किसान यूनियन डकौदा, भारतीय किसान यूनियन लखोवाल ने नकली बीजों की सप्लाई को किसानों के खुलेआम धोखाधड़ी करार देते हुए राज्य सरकार को चेतावनी दी है कि अगर किसानों को नकली बीजों से हुए नुकसान की भरपाई नहीं की गई तो सरकार के खिलाफ राज्य स्तर पर आंदोलन छेड़ दिया जाएगा।

भाकियू डकौदा के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया है कि पंजाब सरकार की मिलीभगत से बीते कई सालों से किसानों का नकली और गैर परिष्कृत बीज मुहैया करवाकर आर्थिक शोषण किया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि नकली बीज बेचने वाली कंपनियों के खिलाफ सरकार कार्यवाही करे।

उन्होंने कहा कि नकली बीजों का सिलसिला हर साल जारी है और हैरानी की बात है कि यूनिवर्सिटी द्वारा तसदीक किए बीजों के स्थान पर बाजार पर नकली बीज कैसे बिकने के लिए पहुंच जाते हैं। संगठन ने इसके लिए सीधे तौर पर राज्य सरकार को दोषी ठहराते हुए आरोप लगाया कि नकली बीज बेचने की पूरी धांधली सरकार की छत्रछाया में ही चल रही है।
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चंडीगढ़: पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में किया पेश, निकला कोरोना पॉजिटिव, जज क्वारंटीन

प्रतीकात्मक तस्वीर
कोरोना का कहर अब जिला अदालत तक पहुंच गया है। मंगलवार को पुलिस ने एक आरोपी को जिला अदालत में पेश किया। सुनवाई के बाद आरोपी की कोराना टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव आ गई। इसके बाद जिला अदालत में हड़कंप मच गया और तत्काल केस की सुनवाई करने वाले जज को क्वारंटीन कर दिया गया।    

बता दें कि लॉकडाउन के कारण जिला अदालत में केवल जमानत याचिका पर ही सुनवाई हो रही है। बाकी सभी मामलों को अगली तारीख के लिए स्थगित कर दिया जा रहा है। अदालत में शुरू से ही सभी सावधानियां बरती जा रही हैं। हर कोर्ट रूम में सैनिटाइजर रखा गया है और किसी को भी बिना मास्क के कोर्ट रूम में प्रवेश की अनुमति नहीं है। 


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वहीं ज्यादातर जजों ने महत्वपूर्ण केसों की सुनवाई भी अपने घर से शुरू कर दी है ताकि न्यायिक प्रक्रिया में बाधा न आए। मंगलवार को जिला अदालत में जज इंद्रजीत सिंह की कोर्ट में एक आरोपी को पेश किया गया। सुनवाई के बाद पता चला कि आरोपी की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके बाद जज इंद्रजीत सिंह को तत्काल क्वारंटीन कर दिया गया।

उधर, डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के प्रेसिडेंट एनके नंदा ने सभी बार सदस्यों से अपील की है कि वह घर पर ही रहकर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ही अपने केस लड़ें। उन्होंने बताया कि रोजाना पांच या छह जमानत याचिका पर ही फैसले सुनाए जा रहे हैं। इस समय वकीलों और स्टाफ दोनों को सावधान रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि आर्थिक मंदी का सामना कर रहे वकीलों की भी वह सहायता कर रहे हैं। 
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कोरोना संकट: चंडीगढ़ के अस्पतालों में 66 दिन से सर्जरी बंद... 8500 मरीज झेल रहे दर्द

कोरोना का संक्रमण रोकने के लिए सरकार हर संभव प्रयास कर रही है लेकिन अस्पतालों में ओपीडी और सर्जरी बंद होने से हजारों मरीज दर्द से कराह रहे हैं। इन मरीजों के लिए एक-एक दिन काटना भारी पड़ रहा है फिर भी लॉकडाउन में यह मरीज इसी उम्मीद में दिन काट रहे हैं कि शायद अगले कुछ दिनों में उनकी सर्जरी हो जाए और उन्हें दर्द से छुटकारा मिले लेकिन शहर में बढ़ती कोरोना की चेन उनकी उम्मीदों पर पानी फेर रही है। 

चंडीगढ़ में 20 मार्च से अस्पतालों की ओपीडी सेवा बंद होने के बाद से अब तक लगभग 8500 मरीजों की सर्जरी रुकी हुई है और संक्रमण के डर से ये मरीज अपना दर्द झेलकर घर में पड़े हुए हैं। दर्द निवारक दवाएं ही इन दिनों इनका सहारा हैं। लॉकडाउन के कारण अस्पतालों में रुटीन सर्जरी पूरी तरह से बंद होने के कारण अपेंडिक्स, यूट्रस, हृदय संबंधी जैसे स्टेंट, पेसमेकर लगाना, कैंसर की सर्जरी, पथरी, हड्डी संबंधी मर्ज की सर्जरी, गिल्टी, गांठ, सिस्ट, ट्यूमर, हर्निया और प्लास्टिक सर्जरी के मरीज सिर्फ व्यवस्था पटरी पर लौटने का इंतजार कर रहे हैं। 


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पीजीआई में इन सर्जरी के लिए मरीज पंजाब, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, बिहार, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश समेत अन्य प्रदेशों से आते हैं। पीजीआई समेत जीएमसीएच-32 और जीएमएसएच-16 में पीडियाट्रिक,गाइनकोलॉजी और इमरजेंसी सेवा संचालित करने के आदेश जारी होने के बाद अब इन अस्पतालों में पीडियाट्रिक, गाइनी के साथ इमरजेंसी में आने वाले मरीजों को इलाज मिल रहा है, हालांकि ओपीडी की सेवाएं पूरी तरह से ठप है।    
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अमृतसरः श्री गुरु अर्जन देव के शहीदी दिवस पर हरमंदिर साहिब में मत्था टेकने पहुंचे श्रद्धालु

लॉकडाउन व कर्फ्यू के दौरान शहर के अलग-अलग चौराहों पर लगाए गए नाकों में दी गई ढील के बीच सैकड़ों श्रद्धालु सचखंड श्री हरमंदिर साहिब पहुंचे। संगत ने पांचवें गुरु श्री गुरु अर्जन देव जी के शहीदी पर्व पर मुख्य भवन में सुशोभित श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के आगे नतमस्तक होकर सरबत के भले की अरदास की और पवित्र सरोवर में डुबकी लगाई।

एसजीपीसी ने श्री हरमंदिर साहिब परिसर में स्थित सभी छबीलों पर ठंडे-मीठे पानी का प्रबंध किया हुआ था। वहीं शहीदी पर्व पर संगत की आमद अधिक होने के कारण बीते दो महीने से श्री अकाल तख्त साहिब के सचिवालय की तरफ जाने वाले रास्ते का जोड़ा घर खोल दिया गया। सचखंड पहुंची संगत को सामाजिक दूरी का पालन करवाया गया।

श्री हरमंदिर साहिब के मुख्य भवन की परिक्रमा में बैठ कर गुरुबाणी श्रवण कर रहे श्रद्धालु भी सामाजिक दूरी बना कर बैठे हुए थे। एसजीपीसी ने गुरु श्री अर्जन देव जी का शहीदी पर्व ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री रामसर साहिब में श्रद्धा व उल्लास के साथ मनाया। श्री अखंड साहिब पाठ के भोग के बाद सचखंड श्री हरमंदिर साहिब के हजूरी रागी निर्मल सिंह के जत्थे ने गुरुबाणी का गायन कर संगत को गुरुघर के साथ जोड़ा।

अरदास भाई बलविंदर सिंह कालेके ने की। कोरोना के कारण शहीदी पर्व पर संगत की भीड़ इकट्ठी नहीं की गई। एसजीपीसी के अध्यक्ष गोबिंद सिंह लौंगोवाल और श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने संगत से अपील की थी कि वह घर में बैठ कर पाठ करें। इस कारण गुरुद्वारा श्री रामसर साहिब में समागम सांकेतिक रूप में ही किया गया। 
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बापूधाम में तीन और पॉजिटिव मिले, प्रशासक बोले- रिपोर्ट आने तक मरीज को अस्पताल में रखा जाए

बापूधाम में मंगलवार को तीन और मरीज कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। नए मरीजों में 60 वर्ष और 61 वर्ष के दो बुजुर्गों के अलावा 22 वर्ष का एक युवक शामिल है। यह तीनों मरीज जीएमएसएच-16 में भर्ती हैं। तीन और मरीजों के मिलने के बाद शहर में पॉजिटिव मरीजों की संख्या 279 हो गई है। लगातार तीन दिनों से बापूधाम में तेजी से बढ़ते कोरोना के मरीजों की संख्या ने प्रशासन के साथ ही स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। 

वहीं, बापूधाम में बनाए गए सैंपल कलेक्शन सेंटर पर मंगलवार को भी कोरोना के 32 संदिग्ध मरीजों का नमूना लिया गया। पुराने 100 नमूनों की रिपोर्ट अभी आना बाकी है। शहर में अब तक 4207 संदिग्ध मरीजों की जांच हो चुकी है, जिनमें से 3828 रिपोर्ट निगेटिव आई है। वहीं अब तक चार कोरोना पॉजिटव मरीजों की मौत भी हो चुकी है।   


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सूद धर्मशाला से 29 मरीज गए घर
पीजीआई और धन्वंतरि आयुर्वेदिक कॉलेज से सूद धर्मशाला में क्वारंटीन किए गए कोरोना के 122 मरीजों में से मंगलवार को 29 मरीजों को घर भेज दिया गया। इन मरीजों को 19 मई को यहां 7 दिनों के लिए क्वारंटीन किया गया था। इन मरीजों में कोरोना के कोई लक्षण नहीं दिखे।

सेक्टर-48 के हॉस्पिटल में भर्ती किए जाएंगे कोरोना के गंभीर मरीज
शहर में कोरोना के मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए प्रशासन ने सेक्टर-48 स्थित 100 बेड के नए अस्पताल को भी इमरजेंसी कोविड यूनिट के तौर पर तैयार करने का काम शुरू कर दिया है। जीएमसीएच-32 के अस्पताल प्रशासन की देखरेख में इस अस्पताल में आईसीयू समेत अन्य यूनिटों को स्थापित करने का काम तेजी से चल रहा है। 

इसी क्रम में सोमवार को हॉस्पिटल में पांच वेंटिलेटर लगाए गए। इसके साथ ही वहां नर्सिंग स्टाफ की ड्यूटी भी लगा दी गई है। जानकारी के अनुसार, पीजीआई और सेक्टर-48 के 100 बेड वाले हॉस्पिटल में कोरोना के गंभीर मरीजों को भर्ती किया जाएगा। फिलहाल पीजीआई में भर्ती लगभग डेढ़ सौ से ज्यादा कोरोना पॉजिटिव मरीज ठीक होकर जा चुके हैं। 

मौजूदा समय में वहां कोरोना के तीन मरीज भर्ती हैं। तीनों को आईसीयू में रखा गया है। मौजूद समय में मरीजों को डिस्चार्ज करने की नई गाइडलाइन के अनुसार पीजीआई से डिस्चार्ज होने वाले मरीजों को सूद धर्मशाला और धन्वंतरि आयुर्वेदिक कॉलेज में 7 से 14 दिन के लिए क्वारंटीन किया जा रहा है। 
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हरियाणा में एक दिन में सबसे ज्यादा 94 पॉजिटिव मिले, यमुनानगर को छोड़ सभी जिले अब कोरोनाग्रस्त

मंगलवार शाम तक 24 घंटे के भीतर हरियाणा में 1 दिन में सबसे अधिक 94 मामले सामने आए हैं। तीनों जिलों में अचानक बढ़े संक्रमण की वजह से स्वास्थ्य महकमे की चिंताएं और बढ़ गई हैं। यमुनानगर को छोड़ अब प्रदेश के सभी जिलों में कोरोना वायरस मौजूद है। जबकि पहले 3 जिले इस संक्रमण से मुक्त हो गए थे।

मंगलवार शाम तक गुरुग्राम में 33, फरीदाबाद में 22, अंबाला व पानीपत में 5-5, नूंह व सिरसा में 1-1, करनाल, भिवानी, कुरुक्षेत्र में 3-3, पलवल, हिसार, रेवाड़ी में 2-2 महेंद्रगढ़ में 12 नए संक्रमित मरीज सामने आए हैं। कुल संक्रमित मरीजों की संख्या 1305 हो गई है। जिसमें 824 मरीज ठीक होकर अपने घर चले गए हैं। 464 मरीज अभी संक्रमित हैं 17 मरीजों की मौत हो चुकी है। 102018 लोगों के सैंपल जांच अब तक हो चुकी है। 3363 लोगों की सैंपल रिपोर्ट आने का इंतजार है।


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विभिन्न जिलों में अब कुल पॉजिटिव मरीजों में से अंबाला में 47, भिवानी में 11, चरखीदादरी में 7, फरीदाबाद में 233, फतेहाबाद में 9, गुरुग्राम में 317, हिसार में 22, जींद में 29, करनाल में 36, कैथल में 6, कुरुक्षेत्र में 21, नूंह में 66, पलवल में 43, पानीपत में 59, पंचकूला में 25, रोहतक में 16, सिरसा में 10, सोनीपत में 163, यमुनानगर में 8, रेवाड़ी में 18, महेंद्रगढ़ में 33, झज्जर में 93 मरीज सामने आ चुके हैं। अमेरिका से लौटे 21 पॉजिटिव मरीज इनसे अतिरिक्त हैं। 

दूसरी ओर, गुरुग्राम 183, अंबाला में 40, भिवानी में 6, चरखी दादरी में 1, रेवाड़ी 1, फरीदाबाद में 120, फतेहाबाद में 6, हिसार में 3, जींद में 18, करनाल में 16, कैथल में 4, कुरुक्षेत्र 3, नूंह में 65, पलवल में 39, पानीपत में 33, पंचकूला में 24, रोहतक में 11, सिरसा में 9, महेंद्रगढ़ में 6, चार सोनीपत में 124, झज्जर 90, यमुनानगर में 8 मरीज ठीक हो चुके हैं।
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हरियाणा का सख्त रवैया, विधानसभा में पूरा हिस्सा न देने पर पंजाब को कानूनी कार्रवाई की चेतावनी

हरियाणा को बंटवारे अनुसार विधानसभा में पूरा हिस्सा न मिलने का मामला तूल पकड़ गया है। पंजाब के बकाया 13 फीसदी हिस्सेदारी देने से मना करने पर बात कोर्ट तक भी पहुंच सकती है। हरियाणा विधानसभा के स्पीकर ने पूरा हिस्सा न मिलने की स्थिति में पंजाब को कानूनी कार्रवाई के लिए तैयार रहने की चेतावनी दी है। जिससे दोनों राज्यों के बीच तनातनी का अंदाजा लगाया जा सकता है।

स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता ने पंजाब विधानसभा के अपने समकक्ष राणा केपी को पत्र लिखकर हिस्सा देने का अनुरोध किया था। जिसे पंजाब ने यह कहते हुए बीते दिनों ठुकरा दिया था कि उनके पास खुद ही पर्याप्त जगह नहीं है। इस पर गुप्ता ने कड़े तेवर अपना लिए हैं। उन्होंने पंजाब के रुख से सरकार को भी अवगत करा दिया है। गुप्ता ने कहा कि पंजाब से अपना हक मांग रहे हैं, भीख नहीं मांग रहे।

बंटवारे के अनुसार हमें 40 फीसदी हिस्सा मिलना था, जिसमें से पंजाब ने मात्र 27 फीसदी ही दिया है। 13 फीसदी हिस्सा देने के लिए पंजाब हमेशा से ना नुकर करता आ रहा है। हरियाणा विधानसभा सभा के पास अपने कार्यालयों के भी पर्याप्त जगह नहीं है। ई-विधान प्रोजेक्ट लटका हुआ है। विधानसभा को पेपर लैस नहीं कर पा रहे। उसके लिए जगह की जरूरत है।

पंजाब अगर हमारा शेष हिस्सा दे तो अनेक प्रोजेक्ट सिरे चढ़ सकते हैं। अगर हिस्सा न मिला तो कानूनी कार्रवाई के अलावा कोई विकल्प नहीं बचेगा। गुप्ता ने देश में ही हथियार बनाने के निर्णय के लिए पीएम नरेंद्र मोदी व रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का धन्यवाद किया है।
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