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कोरोना का कहर: पीजीआई में पांच ने तोड़ा दम, 35 नए संक्रमित मिले, मृतकों में दो चंडीगढ़, दो मोहाली के

ट्राइसिटी में कोरोना का कहर दिनोंदिन बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को पीजीआई में भर्ती पांच कोरोना संक्रमितों की मौत हो गई जबकि ट्राइसिटी में 35 नए मरीज मिले। मृतकों में दो चंडीगढ़, दो मोहाली जबकि एक मरीज पंजाब के सुजानपुर का रहने वाला था। ट्राइसिटी में एक ही दिन में चार मरीजों की मौत से प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग तक हड़कंप मचा रहा। 

चंडीगढ़ में जिन दो मरीजों की मौत हुई है, उनमें धनास के ईडब्ल्यूएस कालोनी निवासी 50 वर्षीय पुरुष और सेक्टर-46 डी निवासी 52 वर्षीय महिला शामिल हैं। धनास के मरीज को कैंसर था और उसे तीन जुलाई को गंभीर स्थिति में पीजीआई में भर्ती कराया गया था। वहीं, सेक्टर-46डी की मरीज शुगर से पीड़ित थी। उसे 12 जुलाई को पीजीआई के कोरोना डेडिकेटेड हॉस्पिटल के आईसीयू में एडमिट किया गया था। 

इससे पहले वह 13 दिनों तक शहर के निजी अस्पताल में भर्ती थी। इन दो मरीजों की मौत के बाद चंडीगढ़ में कोरोना से मरने वालों की संख्या 10 हो गई है। वहीं, पीजीआई में भर्ती डेराबस्सी के गांव जवाहरपुर का 48 वर्षीय पुरुष, मोहाली का 65 वर्षीय वृद्ध और सुजानपुर (पंजाब) का 55 वर्षीय कोरोना पॉजिटिव मरीज की भी इलाज के दौरान मंगलवार को पीजीआई में मौत हो गई।     
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प्रतीकात्मक तस्वीर प्रतीकात्मक तस्वीर

पंचकूलाः कोरोना आइसोलेशन वार्ड में डॉक्टर ने की छेड़छाड़ तो स्टाफ नर्सों ने की जमकर धुनाई

पंचकूला के सेक्टर-6 स्थित सिविल अस्पताल में सीएमओ ऑफिस के बाहर छेड़छाड़ के आरोपी मनोचिकित्सक डॉ. मनोज कुमार की मंगलवार को नर्सों से जमकर पिटाई की। पांचवीं मंजिल पर डॉक्टर की पिटाई की जानकारी मिलते ही सिविल अस्पताल में हंगामा मच गया। अस्पताल के स्टाफ में भी अफरा-तफरी मच गई। 

नर्सों का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन छेड़छाड़ के आरोपी डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई नहीं कर रहा है। सूचना मिलते ही भारी संख्या में पुलिस बल सिविल अस्पताल पहुंचा तो नर्सों ने उनके साथ भी धक्कामुक्की की। नर्सों ने लामबंद होकर आरोपी डॉक्टर को अस्पताल से बाहर निकालने और उसके खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। मौके पर महिला थाना पुलिस की टीम भी पहुंची। पुलिस ने डॉक्टर को नर्सों के चंगुल से छुड़ाकर उसके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। 
   
सिविल अस्पताल के पांचवें मंजिल पर प्रशासनिक ब्लॉक है। सीएमओ डॉ. जसजीत कौर और पीएमओ डॉ. सरिता यादव हरियाणा राज्य महिला आयोग में पेश होने गईं थी। सिविल अस्पताल के मनोचिकित्सक डॉ. मनोज कुमार जांच कमेटी के सामने छेड़छाड़ के मामले में पेश होने के बाद सीएमओ से मिलने गए थे। इसी बीच नर्सों ने डॉ. मनोज पर हमला कर दिया। 
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फतेहाबादः अलसुबह वैगनार कार व टाटा एस में टक्कर, कार में लगी आग, जिंदा जला चालक

टाटा एस व वैगनार कार में टक्कर हो गई। हादसे के बाद कार में आग लग गई, जिसके चलते कार सवार व्यक्ति गाड़ी में जिंदा ही जल गया। फतेहाबाद मुख्यालय से तकरीबन 15 किलोमीटर दूर
 फतेहाबाद-हिसार फोरलेन पर स्थित गांव बड़ोपल के पास मंगलवार अलसुबह यह हादसा हुआ। दूसरी टाटा एस में सवार चालक की पहचान सिरसा निवासी कृष्ण कुमार के रूप में हुई है, जिसे घायल अवस्था में फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में भर्ती करवाया गया है।

मिली जानकारी के अनुसार, गांव बड़ोपल में भाखड़ा नहर गुजर रही है। बताया जा रहा है कि वैगनार गांव बड़ोपल से फतेहाबाद की तरफ आ रही थी। टाटा एस भी फतेहाबाद से गांव बड़ोपल की तरफ जा रहा था। जिस जगह यह हादसा हुआ, वहां कार चालक गलत साइड में चल रहा था। बताया गया है कि गांव मोहम्मदपुर की तरफ मुड़ना था, लेकिन उससे पहले ही ये हादसा हो गया।
पुलिस के अनुसार, उनके पास सुबह पांच बजे फोन आया था कि कार में आग लगी हुई है।

मौके पर पहुंचे तो आग बुझ गई थी और चालक का पूरा शरीर जला हुआ है। घायल कृष्ण के अनुसार घटना सुबह तीन बजे की है। जब टक्कर हुई तो अचानक ही कार में आग लग गई। वो खुद घायल हो गया था, जिसके कारण वो उसे बचा नही सका और बेहोश हो गया था। सदर थाना प्रभारी सुखदेव ने बताया कि अभी तक पता नहीं लगा है कि कार चालक कौन था। आरटीओ विभाग के अधिकारियों को सूचना दे दी है, ताकि इंजन नंबर से भी पता लगाया जा सके कि यह गाड़ी किस की है।
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चंडीगढ़ में वीकेंड लॉकडाउन लगेगा या नहीं... कल होगा फैसला, कुछ अधिकारी इसके पक्ष में नहीं हैं

कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए पंजाब की तर्ज पर शहर में वीकेंड लॉकडाउन लगेगा या नहीं, इसका फैसला बुधवार को किया जाएगा। प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने सोमवार को ट्राइसिटी के अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की।

बैठक में बदनौर ने डॉक्टरों से वीकेंड लॉकडाउन पर सलाह ली और फैसले को बुधवार को होने वाली बैठक तक टाल दिया। प्रशासक बीते कई दिनों से शहर में कोरोना वायरस के बढ़ रहे संक्रमण के चलते वीकेंड में लॉकडाउन लगाने की चेतावनी दे रहे हैं।

उनका कहना है कि शहर में बहुत से लोग मास्क नहीं पहन रहे हैं और न ही सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कर रहे हैं। ऐसे में कोरोना का संक्रमण तेजी से फैल रहा है। स्थिति ऐसी ही रही तो वीकेंड में लॉकडाउन लगाना ही पड़ेगा। इस पर उन्होंने प्रशासन के कई अधिकारियों से बातचीत भी की है।

जानकारी के अनुसार प्रशासन के कुछ अधिकारी इसके पक्ष में नहीं है। प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि पंजाब में भी वीकेंड पर लॉकडाउन लगाया हुआ है लेकिन उससे कोरोना वायरस के नए केसों में कोई कमी नहीं आई है। उन्होंने कहा कि वायरस का संक्रमण रोकना है तो लोगों को ज्यादा सावधानी बरतनी पड़ेगी।
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भाई-बहन का कमाल... टीबी डायग्नोस्टिक की नई तकनीक बनाई, पीजीआई चंडीगढ़ ने कराया पेटेंट

बस का इतंजार करते लोग
चंडीगढ़ पीजीआई की प्रो. कुसुम शर्मा और उनके भाई प्रो. अमन शर्मा ने टीबी का पता लगाने के लिए नई तकनीक विकसित करके उसे पेटेंट कराया है। पीजीआई के पूर्व डीन सुभाष वर्मा ने इसके लिए उन्हें प्रोत्साहित किया था।

पीजीआई के माइक्रोबायोलॉजी डिपार्टमेंट की प्रो. कुसुम ने बताया कि टीबी का सही समय पर पता न चले और समय पर इलाज न मिले तो यह जानलेवा हो सकती है। उन्होंने कहा कि टीबी सिर्फ फेफड़ों में ही नहीं होती बल्कि जोड़ों, आंखों और ब्रेन की टीबी भी होती है। कई बार टीबी में बैक्टीरिया की संख्या कम होती है इसलिए पुरानी तकनीक से बीमारी का पता चलने में थोड़ी देरी लगती थी।

इंटरनल मेडिसिन के डॉ. अमन शर्मा ने बताया कि इस तकनीक में नई किस्म की पॉलीमरेज चेन रिएक्शन (पीसीआर) को पेटेंट कराया है। यह पेंटेंट इंडियन पेटेंट ऑफिस नई दिल्ली ने जारी किया है। इससे उपरोक्त ऑर्गन में होने वाली टीबी को डायग्नोस करने में सुविधा होगी। इस तकनीक को यूनिवर्सिटी ऑफ फ्लोरिडा ने मान्यता दी है।

इन एक्स पल्मोनरी टीबी की गंभीरता को देखते हुए सेंट्रल टीबी डिवीजन नई दिल्ली इंडेक्स ने टीबी गाइडलाइंस जारी की थी। इसमें प्रो. कुसुम को लीड माइक्रो बायोलॉजिस्ट चुना गया था। यह गाइडलाइन एम्स नई दिल्ली, वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन के सहयोग से बनाई गई थी।
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21 जुलाई से चंडीगढ़ के 40 सरकारी स्कूलों में शुरू होगी 11वीं की दाखिला प्रक्रिया, कर लें तैयारी

चंडीगढ़ शिक्षा विभाग ने सोमवार को शहर के 40 सरकारी स्कूलों में 11वीं में दाखिले की घोषणा कर दी। 21 जुलाई से शहर के 40 सरकारी स्कूलों में दाखिले के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो जाएगी। इसके अलावा मंगलवार से वेबसाइट www.chdeducation.gov.in और www.nielit.gov.in/chandigarh पर ऑनलाइन प्रॉस्पेक्टस देख सकते हैं। बता दें सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (सीबीएसई) ने सोमवार को बारहवीं बोर्ड की परीक्षा का परिणाम घोषित किया।

हालांकि अभी सीबीएसई दसवीं बोर्ड का रिजल्ट आना बाकी है। शिक्षा विभाग ने ग्याहरवीं साइंस, आर्ट्स, कॉमर्स और स्किल कोर्सेज इन चार स्ट्रीम में दाखिले के लिए घोषणा की। इस बार इन चारों स्ट्रीम में शहर के स्कूलों में लगभग 12 हजार 500 सीटें हैं। इनके लिए देशभर से कोई भी इच्छुक विद्यार्थी अप्लाई कर सकता है। विद्यार्थियों दाखिले की पूरी डिटेल प्रॉस्पेक्टस में देख सकते हैं। 30 जुलाई ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन फॉर्म जमा करने की आखिरी तारीख है।

20 सरकारी स्कूलों में बनाई हेल्प डेस्क
शिक्षा विभाग ने दाखिले के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन फॉर्म भरने, स्कैन डाक्यूमेंट्स अटैच करने आदि संबंधी विद्यार्थियों की मदद के लिए 20 सरकारी स्कूलों में हेल्प डेस्क बनाई है। इन हेल्प डेस्क के नंबर प्रॉस्पेक्टस में दिए गए हैं। विद्यार्थियों को पास के स्कूल जाने से पहले जारी किए नंबर पर कॉल करके टाइम स्लॉट बुक करना पड़ेगा। ये हेल्पडेस्क स्कूल वर्किंग दिनों में सुबह 9 से लेकर दोपहर 1 बजे तक चालू रहेंगे।

हेल्प डेस्क के लिए यहां संपर्क करें
जीजीएमएसएसएस- 20 बी, जीएमएसएसएस-21, जीएमएसएसएस-26, जीएमएसएसएस-27, जीएमएसएसएस-33, जीएमएसएसएस-40, जीएमएसएसएस-44, जीएमएसएसएस-45, जीएमएसएसएस- एमएचसी, जीएसएसएस - मनीमाजरा टाउन, जीएमएचएस-24, जीएचएस- 38 बी, जीएमएचएस-41 बी, जीएमएचएस-42, जीएचएस-47, जीएचएस-53, जीएमएचएस- धनास आरसी -2, जीएमएचएस- मनीमाजरा, जीएमएचएस- करसन, जीएमएचएस- मनीमाजरा पॉकेट -1 शामिल हैं।

ध्यान रखने योग्य मुख्य तारीखें
1. 14 जुलाई से वेबसाइट www.chdeducation.gov.in और www.nielit.gov.in/chandigarh पर ऑनलाइन प्रॉस्पेक्टस देख सकते हैं।
2. ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन फॉर्म और डाक्यूमेंट्स की स्कैन कॉपी 21 जुलाई से 30 जुलाई तक ऑनलाइन जमा कर सकते हैं।
3. 7 अगस्त सुबह 11 बजे ऑनलाइन प्रोविशनल मेरिट लिस्ट जारी होगी।
4. विद्यार्थी मेरिट लिस्ट में किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर 7 अगस्त 11.05 से लेकर 8 अगस्त दोपहर 1 बजे तक अपनी शिकायत ई-मेल कर सकते हैं।
5. चयनित विद्यार्थी के स्कूल और स्ट्रीम की लिस्ट 13 अगस्त को 11 बजे ऑनलाइन जारी होगी।
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CBSE Result: चंडीगढ़ के परिणाम में 10% का इजाफा, प्रशासन-शिक्षकों की मेहनत रंग लाई

चंडीगढ़ प्रशासन के अधिकारियों और सरकारी स्कूलों के अध्यापकों की मेहनत रंग लाने लगी है। सरकारी स्कूलों में पढ़ाई का स्तर बढ़ा है। पिछले दो सालों में चंडीगढ़ के सरकारी स्कूलों के परिणाम में 17.94 फीसदी का इजाफा हुआ है। इसका मतलब है कि चंडीगढ़ के पास होने वाले विद्यार्थियों की संख्या बढ़ी है। 2017-18 में चंडीगढ़ का पास प्रतिशत 73.63,  2018-19 में 81.67 व इस बार 91.57 दर्ज किया गया है।

अधिकारियों का कहना है कि पिछले दो सालों में चंडीगढ़ के स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति और उनके परफार्मेंस में काफी काम हुआ है। स्कूलों में शिक्षण व्यवस्था की निगरानी रखने के लिए शिक्षा निदेशक ने एक कमेटी भी बनाई गई थी। इस कमेटी के सदस्य अचानक स्कूलों का दौरा करके विद्यार्थियों और शिक्षकों की परफॉर्मेंस की जांच करते हैं। स्कूलों में शिक्षकों की संख्या भी बढ़ाई गई है। वहीं शिक्षकों का समय पर प्रमोशन भी किया जा रहा है। इससे उनमें उत्साह बना रहता है।

शिक्षा विभाग से मिली जानकारी के अनुसार इस बार 40 सरकारी स्कूलों के 9601 विद्यार्थी परीक्षा में बैठे। इनमें से सरकारी स्कूलों के 765 विद्यार्थियों ने 90 फीसदी से ज्यादा अंक हासिल किए। 24 सरकारी स्कूलों का रिजल्ट 90 प्रतिशत से ऊपर रहा है। सेक्टर-16 स्थित गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल के 12वीं में 419 में से 201 विद्यार्थियों ने 90 प्रतिशत और इससे अधिक अंक हासिल किए हैं। ये विद्यार्थी साइंस, कॉमर्स और ह्यूमैनिटिज स्ट्रीम के हैं। स्कूल ने इस बार 100 प्रतिशत रिजल्ट दिया है।
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चंडीगढ़ प्रशासन अगले तीन महीने में नगर निगम को देगा 90 करोड़, हो गई पांच करोड़ की कटौती

जुलाई, अगस्त और सितंबर के लिए चंडीगढ़ प्रशासन ने नगर निगम को बजट की स्वीकृति दे दी है। इस बार निगम का बजट 5 करोड़ रुपये घटाकर 30 करोड़ रुपये ही स्वीकृत किया गया है। इससे निगम के सामने विकास कार्यों को लेकर समस्या और बढ़ गई है। कोरोना के कारण प्रशासन ने निगम के फंड में कटौती की है। इस वित्तीय वर्ष में नगर निगम के लिए प्रशासन ने 425 करोड़ का बजट स्वीकृत किया था।

कोरोना के कारण बजट में कटौती कर दी गई, जिसके बाद निगम के पास 340 करोड़ का ही बजट बचा है। प्रशासन की ओर से अप्रैल व मई के लिए 35 करोड़ रुपये जबकि जून के लिए 34 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए थे। अब जुलाई, अगस्त व सितंबर के लिए 340 करोड़ रुपये के हिसाब से 30-30 करोड़ रुपये ही स्वीकृत किए गए हैं। ऐसे में निगम के सामने विकास कार्यों के लिए फिर से फंड की कमी बड़ी चुनौती बनेगी।  

पहले त्रैमासिक फंड मिलता था, अब हर माह के लिए स्वीकृति
पहले निगम को हर तीसरे माह फंड स्वीकृत होता था। इस तरह पूरे वित्तीय वर्ष में निगम को चार तिमाही किस्तें मिलतीं थीं। अब प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि फंड हर माह के हिसाब से दिया जाएगा। पहले तीन माह के हिसाब से निगम ने 35 करोड़ तो अब 30 करोड़ ही स्वीकृत किया गया है। अधिकारियों का मानें तो स्थिति ठीक नहीं हुई तो फंड और भी घट सकता है।
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11वीं मे दाखिले के लिए साइंस की परीक्षा लेने पर हाईकोर्ट की अंतरिम रोक जारी, देना होगा हलफनामा

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने सोमवार को हरियाणा सरकार के उस फैसले पर अंतरिम रोक जारी रखी है, जिसके तहत सरकार ने कक्षा 11वीं में विज्ञान संकाय मेडिकल, नॉन मेडिकल विज्ञान संकाय से जुड़े संस्थानों में दाखिला लेने वाले छात्रों के लिए साइंस की परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया था। इसके साथ ही हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई पर हरियाणा सरकार को विस्तृत हलफनामा दाखिल करने के आदेश दिए हैं।

हाईकोर्ट ने निजी स्कूल व कई अन्य द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश जारी किया। मामले में दायर याचिका में बताया गया था कि हरियाणा स्कूल शिक्षा बोर्ड ने प्रेस रिलीज जारी कर 11वीं में विज्ञान संकाय लेने वाले छात्रों की साइंस की परीक्षा लेने का कार्यक्रम घोषित कर दिया। 10वीं की हरियाणा बोर्ड की साइंस विषय की छूटी परीक्षा के संबंध में स्कूलों को विद्यार्थियों की सहमति लेकर उसे वेबसाइट पर अपलोड करने का निर्देश दिया गया।

दायर याचिका में कहा गया कि जब सीबीएसई व अन्य बोर्ड परीक्षा लेने से इनकार कर चुके है और खुद हरियाणा बोर्ड भी अन्य सभी विषय की परीक्षा लेने से इनकार कर चुका है तो केवल साइंस लेने वाले छात्रों की परीक्षा लेने का क्या औचित्य है। यह इन बच्चों के साथ भेदभाव है। वर्तमान हालात पेपर लेने के अनुकूल भी नहीं है। सभी पक्षों को सुनने के बाद हाईकोर्ट ने परीक्षा पर अंतरिम रोक लगाते हुए सरकार से जवाब तलब किया था। अब हाईकोर्ट ने अंतरिम आदेश जारी रखते हुए अगली सुनवाई पर हरियाणा सरकार को विस्तृत हलफनामा दाखिल करने के आदेश दिए हैं।
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