SENA मुल्कों में 16 मैचों में सिर्फ 4 जीत कप्तान कोहली के लिए क्या कहती है?

Vimal Kumarविमल कुमार Updated Mon, 02 Mar 2020 06:05 PM IST
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विराट कोहली
विराट कोहली - फोटो : ट्विटर

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मशहूर क्रिकेट लेखक पीटर रॉबक ने एक बार कहा था कि असाधारण खिलाड़ी अपनी नाकामियों के लिए याद किया जाते हैं जबकि साधारण अपनी उपलब्धियों के लिए। भारत के कप्तान विराट कोहली पर ये बात न्यूजीलैंड दौरे के बाद बिलकुल सटीक बैठती है।
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आखिर कभी आप सोच भी सकते हैं कि कोई टेस्ट सीरीज ऐसी भी होगी जहां कोहली मोहम्मद शमी से भी कम रन बनाएंगे। क्या कभी सोच सकते हैं कि पूरे दौरे पर कोहली के बल्ले से एक शतक भी नहीं निकलेगा? क्या कभी आप ये सोच भी सकतें हैं कि 5 टी-20, 3 वन-डे और 2 टेस्ट मैच खेलने के बाद कोहली सिर्फ 218 रन ही बना पाएंगे?
आखिर जो खिलाड़ी ने सचिन तेंदुलकर के 100 शतक की असंभव सी दिखने वाली मंजिल को मुमकिन बनाने के करीब आ पहुंचा है वो ऐसी भी नाकामी झेल सकता है? ये सब यकीन करना मुश्किल है लेकिन ये सारी बातें न्यूजीलैंड दौरे पर हुई। इत्तेफाक से ये सब उस दौरे पर हुआ जब टीम इंडिया को कप्तान कोहली से ज्यादा बल्लेबाज कोहली की जरूरत थी।
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