'जनता कर्फ्यू': नहीं टाली पीएम मोदी की अपील, वीडियो कॉल से किया दिवंगत मां का वार्षिक श्राद्ध

चंदन बंगारी, अमर उजाला, रुद्रपुर Updated Mon, 23 Mar 2020 02:30 AM IST
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मां का श्राद्ध करता बेटा
मां का श्राद्ध करता बेटा - फोटो : अमर उजाला

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सार

  • जनता कर्फ्यू के चलते टीडीसी अधिकारी डॉ. दीपक ने लिया निर्णय
  • बोले, आम लोगों की सेहत के लिए जनता कर्फ्यू का फैसला सही

विस्तार

कोरोना वायरस संक्रमण को रोकने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जनता कर्फ्यू की अपील को जनता ने सहर्ष स्वीकार किया और परिवार के साथ घर में रहकर समय बिताया। कर्फ्यू के चलते दिवंगत मां का वार्षिक श्राद्ध प्रभावित न हो, इसके लिए टीडीसी अधिकारी डॉ. दीपक पांडे ने अनूठा तरीका अपनाया।
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पंडित जी अपने घर से ही वीडियो कॉल पर आए और विधि विधान के साथ करीब 15 किमी दूर सरकारी आवास में मौजूद टीडीसी अधिकारी की मां के श्राद्ध का अनुष्ठान कराया। डॉ. दीपक पांडे यहां हल्दी (पंतनगर) स्थित तराई बीज विकास निगम (टीडीसी) में मुख्य बीज उत्पादन अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं।


रविवार को उनकी दिवंगत मां भगवती देवी का वार्षिक श्राद्ध था। उन्हें श्राद्ध करने अपने मूल घर खेड़ा रुद्रपुर आना था और उनके पंडित दीप चंद्र जोशी को गदरपुर रोड स्थित अपने आवास से आना था, लेकिन जनता कर्फ्यू के चलते दीपक हल्दी में सरकारी आवास में थे और पंडित जी अपने घर में थे। लिहाजा दोनों के रुद्रपुर आने की समस्या खड़ी हो गई। डॉ. दीपक ने बताया कि इस समस्या को देखते हुए पंडित जी से चर्चा के बाद वीडियो कॉल से वार्षिक श्राद्ध का अनुष्ठान कराने का निर्णय लिया गया।

इसके बाद पंडित जी ने वीडियो कॉल से मंत्र पढ़े और उनके बताए निर्देशों पर पूरी प्रक्रिया संपन्न की गई। डॉ. पांडे ने बताया कि सुबह 11 बजे से शुरू किया गया श्राद्ध का कार्यक्रम करीब डेढ़ बजे खत्म हुआ। आपात स्थिति में यह निर्णय लेना पड़ा।

कहा कि कोरोना को देखते हुए प्रधानमंत्री ने जनता कर्फ्यू का आह्वान किया है। उन्होंने मां का श्राद्ध कार्यक्रम भी किया और जनता कर्फ्यू का पालन भी किया। डॉ. पांडे ने कहा कि कोरोना के संक्रमण से बचने के लिए सभी को स्वास्थ्य मंत्रालय और शासन के निर्देशों का पालन करने की जरूरत है। इसके अलावा ऐसी स्थितियों का सामना करने के लिए मानसिक रूप से तैयार होने की जरूरत है।
 
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