IIT MTech: बढ़ी फीस पर फिर आया केंद्र सरकार का बड़ा फैसला

सीमा शर्मा, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 11 Dec 2019 12:19 PM IST
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आईआईटी दिल्ली
आईआईटी दिल्ली - फोटो : Social Media
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अब से करीब तीन महीने पहले, सितंबर 2019 में देश के सभी भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों (IIT - Indian Institute of Technology) में मास्टर ऑफ टेक्नोलॉजी (M.Tech - Master of Technology) कोर्सेज का शुल्क बढ़ाने की घोषणा की गई थी। अलग-अलग आईआईटीज के शुल्क में ये वृद्धि पांच से दस गुना तक किए जाने का फैसला लिया गया था। अब इस पर केंद्र सरकार का एक और बड़ा फैसला आया है।
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हालांकि इस बार सरकार ने जो कहा है वह लाखों छात्रों को राहत देने वाला है। केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय (MHRD - Ministry of Human Resourse and Development) ने आईआईटीज में एमटेक पाठ्यक्रम का शुल्क बढ़ाए जाने का अपना फैसला फिलहाल टाल दिया है।
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गौरतलब है कि केंद्रीय मंत्रालय द्वारा सितंबर में हुई आईआईटी परिषद (IIT Council) की बैठक में मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक की अध्यक्षता में ये फैसला लिया गया था। लेकिन अब अपना फैसला टालते हुए मंत्रालय का कहना है कि इस मुद्दे पर अगली बैठक में फिर से चर्चा की जाएगी।

क्यों टला फैसला?

केंद्र सरकार द्वारा आईआईटीज के एमटेक पाठ्यक्रमों में शुल्क वृद्धि टाले जाने का फैसला क्यों लिया गया, इस बारे में मानव संसाधन विकास मंत्रालय के अधिकारियों ने कोई टिप्पणी नहीं की है। लेकिन ध्यान देने वाली बात ये भी है कि यह फैसला ऐसे समय में लिया गया है जब हाल ही में छात्रावास की शुल्क वृद्धि को लेकर जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU Hostel Fees Hike) के छात्रों ने बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन किया। 

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गौरतलब है कि जब आईआईटी की फीस बढ़ाने का फैसला लिया गया था, तब भी देशभर में छात्रों ने इसका विरोध किया था। इस संबंध में परिषद की अगली बैठक कब होगी, इसकी तारीख अभी तय नहीं की गई है।

शिक्षकों को पांच साल प्रोबेशन की शर्त भी टली

सरकार ने आईआईटी में नियुक्त होने वाले शिक्षकों के पहले पांच साल प्रोबेशन की शर्त का प्रस्ताव भी टाल दिया है। इसमें पहले पांच साल तक शिक्षकोंं के कामकाज क समीक्षा होनी थी। उसके आधार पर आगे नियमित किया जाना था।
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