विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

From nearby cities

गरीब मां-बाप के पास नहीं थे पैसे, पैदल ही ले जा रहे थे बच्ची का शव, एंबुलेंस चालक बना मददगार

प्याऊ मनियारी में मंगलवार को घर में खेलते हुए करीब एक साल की बच्ची की अचानक तबीयत बिगड़ गई।

8 अप्रैल 2020

विज्ञापन
विज्ञापन

हिसार

बुधवार, 8 अप्रैल 2020

भ्रामक प्रचार करने, डॉक्टर को धमकी देने पर केस दर्ज

जिला स्वास्थ्य विभाग को बार-बार फोन कर भ्रामक प्रचार करने पर एक युवक के खिलाफ अर्बन एस्टेट थाना पुलिस ने केस दर्ज किया है। पुलिस को दी शिकायत में नागरिक अस्पताल के डॉक्टर रमेश पूनिया ने बताया कि अर्बन एस्टेट निवासी विनोद गुप्ता बार-बार कई दिन से उन्हें फोन कर रहा था कि उनके पड़ोस में रहने वाला युवक गौरव विदेश से लौटा है। पुलिस ने कई बार गौरव के घर पर जाकर जांच की, लेकिन हर बार सूचना झूठी निकली। रमेश पूनिया ने बताया कि गौरव के परिवार ने बताया कि गौरव मर्चेंट नेवी में नौकरी करता है और वह वहां से नहीं लौटा। उनको भी बार-बार तंग किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि गौरव 11 फरवरी को हिसार से दिल्ली से होते हुए 12 फरवरी को मुंबई गया था। वह मर्चेंट नेवी में चयन होने पर 20 फरवरी को कोलकाता शिप पर गया था। रमेश पूनिया ने बताया कि उसके परिजनों ने उन्हें जानकारी दी कि गौरव नहीं लौटा, लेकिन फोन पर विनोद गुप्ता बार-बार फोन कर कह रहा है कि उसने गौरव को यहां देखा है। मामले को लेकर गौरव के परिजनों ने विभाग को पत्र भी लिखा था। इसके बाद रविवार को अर्बन एस्टेट थाना पुलिस ने डॉक्टर रमेश पूनिया की शिकायत पर विनोद गुप्ता के खिलाफ भ्रामक प्रचार करने, डॉक्टर को धमकी देने पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोप है कि विनोद गुप्ता ने डॉक्टर रमेश पूनिया को देख लेने की धमकी दी है।
वहीं दूसरी ओर लॉकडाउन के चलते सोशल मीडिया पर भ्रामक और आपत्तिजनक प्रचार करने वालों पर पुलिस सख्त नजर गढ़ाए बैठी है। इसी बीच रविवार को थाना आदमपुर में एक व्यक्ति के खिलाफ सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक प्रचार करने पर केस दर्ज किया गया।
... और पढ़ें

कोरोना से जंग जीत आज घर लौटेगी जिले की पहली पॉजिटिव महिला

कोरोना की जंग जीतकर जिले की पहली पॉजिटिव महिला सोमवार को घर लौटेगी। घर लौटने के बाद एहतियात के तौर पर महिला को 14 दिनों तक होम क्वारंटीन किया जाएगा। इससे पहले रविवार देर शाम स्वास्थ्य विभाग की टीम ने महिला के मकान को सैनिटाइज किया। वहीं महिला के मकान के बाहर चस्पाया गया कोरोना पॉजिटिव का पोस्टर भी हटा दिया।
बता दें कि शहर निवासी एक महिला अपने पति के साथ 18 मार्च को यूएसए से लौटी थी। इसके बाद दोनों होम क्वारंटीन रहे। 25 मार्च को महिला को खांसी-बुखार आया, जिसके बाद उन्होंने डॉक्टर से सलाह लेकर उपचार करवाया। इसके बाद महिला की तबीयत सामान्य थी। मगर 30 मार्च को महिला की तबीयत फिर से बिगड़ गई। वह तुरंत नागरिक अस्पताल पहुंची, जहां महिला को एडमिट कर लिया गया और दोपहर को ही महिला के सैंपल जांच के लिए भेज दिए गए। शाम को रोहतक पीजीआई से रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। इसके बाद 2 व 4 अप्रैल को महिला का सैंपल जांच के लिए भेजे गए थे, जिनकी रिपोर्ट निगेटिव आई।
आठ सैंपल में से पांच की रिपोर्ट आई निगेटिव
नागरिक अस्पताल की तरफ से भेजे गए आठ सैंपल में से पांच की रिपोर्ट निगेटिव आई है, जबकि तीन सैंपल की रिपोर्ट आनी बाकी है। वहीं रविवार को जिला नागरिक अस्पताल से कोरोना संदिग्ध छह सैंपल भेजे गए। फिलहाल नागरिक अस्पताल में दस लोग दाखिल हैं, जिनमें से छह पर जमात में शामिल होने की आशंका जताई जा रही है। इधर, शनिवार शाम को नौ लोगों की रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद अस्पताल प्रशासन द्वारा सभी लोगों को होम क्वारंटीन के लिए एचएचू में रहने के लिए निर्देश दिए गए हैं।
कोरोना संदिग्ध लोगों के संपर्क में आने पर लोग खुद दे रहे सूचना
जिले के एक गांव निवासी दंपती को भिवानी में मिले कोरोना संक्रमित मरीज के संपर्क में आने की आशंका पर आइसोलेशन वार्ड में दाखिल किया गया है। दंपती ने खुद फोन करके विभाग को यह जानकारी दी, जिसके बाद विभाग की एंबुलेंस के जरिये उन्हें नागरिक अस्पताल लाया गया। जमात में शामिल होने के शक के आधार शहर की एक कॉलोनी निवासी पिता-पुत्र को जांच के लिए नागरिक अस्पताल लाया गया। राजस्थान के चुरू जिले का निवासी एक व्यक्ति को तलवंडी राणा से और बरवाला के भी एक व्यक्ति को जमाती होने के शक के आधार पर जांच के लिए नागरिक अस्पताल पहुंचाया गया। वहीं रेलवे स्टेशन से सूचना मिलने पर एक दिव्यांग को जांच के लिए नागरिक अस्पताल लाया गया।
43 लोग पहुुंचे जांच कराने
जिला अस्पताल में बने ट्राइएज में रविवार दोपहर तीन बजे तक मुंबई, मध्यप्रदेश, राजस्थान के चुरू, दिल्ली सहित प्रदेश के अन्य जिलों से 43 लोग जांच कराने पहुंचे। यहां तैनात नर्स स्टाफ द्वारा सभी मरीजों की हिस्ट्री पता करने के बाद उन्हें फ्लू क्लीनिक में भेज दिया गया। यहां डॉक्टरों द्वारा सभी की हिस्ट्री व जांच के बाद छह लोगों को कोरोना संदिग्ध होने की आशंका पर आइसोलेशन वार्ड में दाखिल कर लिया गया, जबकि अन्य बाकी लोगों को दवा देकर घर भेज दिया गया।
... और पढ़ें

समुदाय विशेष के व्यक्ति ने खांस कर गली में थूका, पड़ोसियों ने पुलिस बुलाई

गोविंदगढ़ बाजार के साथ लगती गली में रविवार को एक समुदाय विशेष के परिवार के सदस्य द्वारा गली में थूकने का आरोप लगाते हुए आसपास के लोगों ने पुलिस को शिकायत दी। लोगों का कहना है कि इस परिवार का एक सदस्य खांसी-जुकाम से ग्रसित है। वह खांसने के बाद गली में थूक रहा था। उन्हें शक हुआ कि यह व्यक्ति कहीं दिल्ली जमातियों में शामिल न रहा हो। लोगों ने कोविड हेल्पलाइन और पुलिस को सूचना दी। बाद में मुल्तानी चौकी पुलिस ने मौके पर पहुंचकर परिवार के सभी सदस्यों के आधार कार्ड व पहचान पत्रों की जांच की।
पड़ोसियों में भय का माहौल बन गया
बार-बार दिल्ली जमात में शामिल होने वालों के बड़ी संख्या मे कोरोना वायरस से संक्रमित होने की सूचनाएं आने के बाद से इस तरह खांसकर गली में थूकने की वजह से पड़ोसियों में भय का माहौल पैदा हो गया। उन्होंने जनप्रतिनिधियों के माध्यम से इसकी जानकारी पुलिस और स्वास्थ्य विभाग तक पहुंचाने का प्रयास किया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस को जब यह स्पष्ट हो गया कि परिवार में कोई भी सदस्य बाहर से नहीं आया है और सबके आधार कार्ड हैं तो पुलिस घर में ही रहने की हिदायत देकर वापस चली गई।
बाद में खुद डॉक्टर के पास गया व्यक्ति
पुलिस के जाने के बाद खांसी-जुकाम से ग्रसित व्यक्ति खुद ही जांच करवाने के लिए डॉक्टर के पास पहुंचा। पुलिस जांच पूरी होने के बाद आखिरकार पड़ोसियों ने राहत की सांस ली।
वर्जन
हमें शिकायत मिली थी कि विशेष समुदाय का कोई व्यक्ति घर के बाहर थूक रहा है। इसके बाद हमारी टीम ने मौके पर जाकर जायजा लिया और वहां रह रहे उस समुदाय के सभी लोगों के आधार कार्ड देखे और पूछताछ की। इस बीच पता चला कि उनमें से कोई भी दिल्ली में जमात के लिए नहीं गया था। थूकने वाला शख्स हमारी टीम के पहुंचने से पूर्व ही दवा लेने के लिए डॉक्टर के पास जा चुका था। अब एक बार फिर से हमारी टीम मौके पर पहुंचकर उस व्यक्ति से भी पूछताछ करेगी।
- एएसआई नरेश, मुल्तानी चौकी प्रभारी, हिसार
... और पढ़ें

निगम अधिकारियों के पास कॉल कर कोई मांग रहा शैंपू तो कोई कर रहा मोबाइल रिचार्ज की डिमांड

नगर निगम अधिकारियों के पास इन दिनों अजीबोगरीब फरमाइशें आ रही हैं। अधिकारियों के नंबरों पर फोन कर कोई शैंपू मांग रहा है तो कोई मोबाइल का रिचार्ज करवाने की कह रहा है। ऐसी कॉल्स अधीक्षक अभियंता स्तर के अधिकारियों से लेकर पार्षदों तक के पास आ रही हैं। गौरतलब है कि जरूरतमंदों को राशन वितरित करने व खाना पहुंचाने के लिए नगर निगम के अधिकारियों व पार्षदों के भी मोबाइल नंबर जारी किए हुए हैं।
सूर्यनगर निवासी महिला ने मांगा शैंपू
निगम के अधीक्षक अभियंता रामजीलाल के पास फोन कर सूर्य नगर निवासी महिला ने राशन के साथ साबुन व शैंपू भी मांगे। इस पर अधीक्षक अभियंता ने कहा कि निगम का काम जरूरतमंदों को राशन व खाना पहुंचाने का है। अन्य जरूरत की सुविधाएं लोगों को अपने स्तर पर ही जुटानी होंगी।
12 क्वार्टर एरिया से आया फोन, मोबाइल रिचार्ज करवा दो
एक अन्य अधिकारी के मोबाइल नंबर पर भी 12 क्वार्टर एरिया से एक व्यक्ति ने फोन कर पहले राशन मांगा। इसके बाद मोबाइल भी रिचार्ज करवाने की मांग की। इस पर अधिकारी ने कहा कि वह फिलहाल तो राशन पहुंचा सकते हैं। मोबाइल रिचार्ज करवाने की सुविधा उनके पास नहीं है।
वर्जन
लॉकडाउन के दौरान हर रोज अजीबोगरीब कॉल आती हैं। कोई शैंपू मांगता है तो कोई और डिमांड कर देता है। हमारे पास जो व्यवस्था है, उसका लाभ हर जरूरतमंद को देने की कोशिश कर रहे हैं।
- रामजीलाल, अधीक्षक अभियंता, नगर निगम
... और पढ़ें

जिला अस्पताल की ओर से भेजे गए नौ सैंपल की रिपोर्ट आई निगेटिव, दो और सैंपल भेजे

जिला अस्पताल की तरफ से सोमवार को भेजे गए नौ सैंपल की रिपोर्ट निगेटिव आ आई है। अस्पताल प्रशासन द्वारा इन सभी लोगों पर जमात में शामिल होने की आशंका पर इन्हें एचएयू में क्वारंटीन कर दिया गया है। वहीं, अस्पताल प्रशासन की तरफ से मंगलवार को दो कोरोना संदिग्ध लोगों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। इधर, शहर की एक कॉलोनी निवासी युवक को गंभीर अग्रोहा मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया गया। हालांकि उक्त युवक की रिपोर्ट निगेटिव आ चुकी है। फिलहाल जिला अस्पताल में पांच लोग आइसोलेशन वार्ड में उपचाराधीन हैं। ये सभी व्यक्ति जमात में शामिल होने की आशंका पर जिला प्रशासन द्वारा जिले के अलग-अलग गांव से लाए गए हैं। जिले के एक गांव से सूचना मिलने पर महिलाएं, बच्चे सहित आठ लोगों को जांच के लिए जिला अस्पताल में लाया गया। वहां से जांच के बाद उनमें कोरोना संदिग्ध लक्षण नहीं मिले तो उन्हें घर भेज दिया गया।
57 लोग पहुंचे जांच कराने
जिला अस्पताल में बने ट्राइएज में मंगलवार दोपहर तीन बजे तक मध्यप्रदेश सहित प्रदेश के अन्य जिलों से 57 लोग जांच कराने पहुंचे। डॉक्टरों द्वारा सभी मरीजों की हिस्ट्री व जांच के बाद सभी लोगों को दवा देकर घर भेज दिया गया।
दंपती के पास तीन बार फोन कर जाना हालचाल
बायोलॉजिस्ट डॉ. रमेश पूनिया ने बताया कि उन्होंने पीड़ित महिला और उसके पति के पास मंगलवार को दो से तीन बार फोन किया गया, जबकि उन्होंने किसी भी प्रकार की वस्तु या सामान की मांग नहीं की है। हालांकि, उन्होंने कुछ दिन का सामान खाद्य सामग्री, साबुन जैसी सभी सुविधाएं सोमवार को ही उन्हें उपलब्ध करवा दी थी। फिलहाल वह दोनों बिलकुल ठीक है।
क्वारंटीन पीरियड पूरा, फूल देकर किया सम्मानित
स्वास्थ्य विभाग द्वारा पायलट प्रदीप कुमार को होम क्वारंटीन पूरा करने पर मंगलवार को फूल देकर सम्मानित किया गया है। नूर मोहम्मद ने बताया कि प्रदीप ने अपना होम क्वारंटीन सही ढंग से नियमानुसार पूरा किया है। इस वजह से न्याणा गांव की हेल्थ टीम मौके पर पहुंची और उसे फूल देकर सम्मानित किया।
अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में एक और कोरोना पॉजिटिव दाखिल, दो की रिपोर्ट आई निगेटिव
अग्रोहा। मेडिकल कॉलेज अग्रोहा के आइसोलेशन वार्ड में फतेहाबाद जिले के एक गांव निवासी एक कोरोना पॉजिटिव युवक सहित दो और संदिग्ध मरीजों को दाखिल किया गया है। मंगलवार को मेडिकल के आइसोलेशन विभाग में मरीजों की संख्या छह हो गई, जबकि दो मरीजों की रिपोर्ट निगेटिव आने से उन्हें छुट्टी देकर घर भेज दिया।
मेडिकल कॉलेज अग्रोहा के डीएमएस एवं नोडल अधिकारी डॉ. राजीव चौहान ने बताया कि कोरोना पॉजिटिव युवक फतेहाबाद से रेफर होकर आया था, जिसे आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया है। दाखिल करते समय युवक को बीपी व बुखार की शिकायत थी। अब उसका बीपी सामान्य हो गया और बुखार भी नहीं है। युवक का दूसरा सैंपल 48 घंटे बाद जांच के लिए भेजा जाएगा। इस समय मेडिकल कॉलेज के आइसोलेशन विभाग में छह मरीजों भर्ती है, जिसमें से तीनों संदिग्ध मरीजों की रिपोर्ट आनी अभी बाकी है। मंगलवार को भर्ती हुए मरीजों सैंपल शाम तक भेज जाएंगे। बता दें कि उक्त युवक 20 मार्च को दिल्ली के निजामुद्दीन जमात से गांव में आए कुछ लोगों के सम्पर्क में आ गया था।
एक समुदाय के परिवार को गांव में नहीं करने दी एंट्री
अग्रोहा क्षेत्र के एक गांव के एक समुदाय विशेष के परिवार को बाहर से आने पर गांव में एंट्री नहीं करने दी और सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने परिवार के लोगों की मेडिकल कॉलेज अग्रोहा में जांच कराई तो उनमें कोरोना के कोई भी लक्षण नहीं मिले। इस पर चिकित्सकों ने उन्हें होम क्वारंटीन के निर्देश दिए।
... और पढ़ें

जिले में लगातार बढ़ रहा क्वारंटीन लोगों का आंकड़ा

जिले में क्वारंटीन किए गए लोगों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। छह अप्रैल तक जिले में क्वारंटीन किए गए लोगों की संख्या 282 तक पहुंच गई। इसी दिन सबसे ज्यादा 144 लोगों को क्वारंटीन किया गया। दिल्ली में घटी मरकज की घटना के बाद जिले में भी क्वारंटीन लोगों के आंकड़े में एकदम से बढ़ोतरी हुई। जिले में जहां 31 मार्च तक क्वारंटीन किए गए लोगों की संख्या 98 थी, वह सात दिन में बढ़कर तीन गुना हो गई।
जिन लोगों की सैंपल रिपोर्ट निगेटिव या पॉजिटिव आ रही है, उन लोगों व उनके संपर्क में आने वाले परिजनों व अन्य लोगों को क्वारंटीन किया जा रहा है। क्वारंटीन के तहत इन लोगों को कम से कम 14 दिन घर में ही रहने के निर्देश दिए जाते हैं।
इस तरह बढ़ रहा क्वारंटीन का आंकड़ा
तिथि-संख्या
01 अप्रैल-98
02 अप्रैल-125
03 अप्रैल-135
04 अप्रैल-142
05 अप्रैल-152
06 अप्रैल-282
07 अप्रैल-292
पांच टीमें क्वारंटीन किए गए लोगों की कर रहीं देखरेख
विभाग की तरफ से पांच टीमों का गठन किया गया है, जो क्वारंटीन किए गए लोगों की देखरेख कर रही हैं। प्रत्येक टीम में पांच बहुउद्देशीय कर्मी व एक पुलिसकर्मी शामिल हैं। इन टीमों के सहयोग के लिए तीन हेल्थ इंस्पेक्टर की भी ड्यूटी लगाई गई है। इन टीमों का कार्य प्रतिदिन क्वारंटीन किए गए लोगों के स्वास्थ्य की जांच करना और उन्हें दवा उपलब्ध कराना है। विभाग की तरफ से क्वारंटीन किए गए लोगों के घरों के बाहर पोस्टर भी चस्पाए जा रहे हैं, ताकि कोई बाहरी व्यक्ति उक्त घर में न जाए।
क्वारंटीन किए गए लोगों के लिए हेल्पलाइन नंबर भी उपलब्ध
नागरिक अस्पताल के मलेेरिया विभाग में बतौर बायोलॉजिस्ट तैनात डॉ. रमेश पूनिया वॉर रूम व टीम के इंचार्ज बनाए गए हैं। अगर क्वारंटीन किए गए लोगों को किसी तरह की परेशानी है तो वह हेल्पलाइन नंबर के माध्यम से विभाग को अवगत करा सकता है।
यहां किया गया क्वारंटीन
अभी तक जिले में चार जगहों पर ही लोगों को क्वारंटीन किया जा रहा है। अगर क्वारंटीन करने वाले लोगों की संख्या बढ़ती है तो कई धर्मशालाओं और होटलों में यह व्यवस्था की जा सकती है। अभी तक हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय, जाट धर्मशाला हिसार, जाट धर्मशाला हांसी को क्वारंटीन बनाया गया है।
ये दी जा रहीं हिदायतें
क्वारंटीन पीरियड के दौरान घर में ही रहें। घर में भी सामाजिक दूरी बनाए रखें।
- खांसी, जुकाम व बुखार संबंधी लक्षण हो तो विभाग को सूचना दें।
- राशन संबंधी सामान की जरूरत होने पर खुद घर से बाहर न जाएं, बल्कि विभाग को सूचना दें।
स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी भी क्वारंटीन
जिले में पहला कोरोना पॉजिटिव केस आने पर उसके संपर्क में आए स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों को क्वारंटीन करना पड़ा। इनमें नर्स से लेकर सफाई कर्मचारी तक शामिल हैं। चार स्टाफ नर्स, पांच बहुउद्देशीय कर्मचारी, एक एंबुलेंस ईएमटी, एक एंबुलेंस चालक, एक लैब टेक्नीशियन, तीन स्वीपर, एक वार्ड सर्वेंट, तीन सुरक्षा कर्मचारी को क्वारंटीन किया गया है।
वर्जन
कोई भी संदिग्ध केस सामने आने पर तुरंत उसे व उसके संपर्क में आए लोगों को क्वारंटीन किया जा रहा है। अब जिले में जमात में शामिल होने की आशंका के कारण क्वारंटीन करने वाले लोगों की संख्या में इजाफा हुआ है।
- डॉ. रमेश पूनिया, बायोलॉजिस्ट, मलेरिया विभाग, जिला नागरिक अस्पताल
... और पढ़ें

हरियाणा: नूंह में 23 और फरीदाबाद में सात नए कोरोना के मामले, कुल 130 पीड़ितों में 81 जमाती

वॉर रूम में मौजूद डॉ. रमेश पूनिया व अन्य बहुउद्देश्शीय कर्मचारी।
हरियाणा में निजामुद्दीन धार्मिक जलसे से लौटे संक्रमितों व्यक्तियों की संख्या 81 पहुंच गई है। जबकि प्रदेश में कुल कोरोना संक्रमितों की संख्या 130 है। मंगलवार को नूंह में 23 और फरीदाबाद में सात मामले सामने आए हैं। यह सभी जमाती हैं। अब तक 17 लोगों को डिस्चार्ज किया जा चुका है जबकि 110 लोगों का अस्पतालों में इलाज चल रहा है। नूंह और पलवल में सबसे ज्यादा जमाती पॉजिटिव पाए गए हैं।

उधर, नल्हड़ मेडिकल कॉलेज को कोविड अस्पताल बना दिया गया है। यहां पर सिर्फ कोरोना संक्रमित मरीजों का ही इलाज किया जा रहा है। राज्य में अब तक तीन मौतें हो चुकी हैं। हेल्थ बुलेटिन के तहत मंगलवार को 20795 लोगों को निगरानी में रखा गया है जबकि 15889 लोग घरों में निगरानी में हैं। इसके अलावा अब तक 19964 विदेशी की पहचान की गई है।

वही अब तक 2318 लोगों के सैंपल भेजे गए हैं, जिनमें से 1710 नेगेटिव पाए गए जबकि 129 पॉजिटिव है। अभी 479 की रिपोर्ट आना बाकी है। इसके अलावा 621 को आइसोलेशन में रखा गया है। वही 4906 लोगों का क्वारंटीन पीरियड खत्म हो चुका है। साथ ही पॉजिटिव पाए गए 129 लोगों के संपर्क में 831 लोगों के नामों का खुलासा हुआ।  
... और पढ़ें

लॉकडाउन : पत्नियों की मदद कर रहे पति, कोई सीख रहा सब्जी बनाना तो कोई आटा गूंधना

कोरोना वायरस से बचाव को लेकर 14 अप्रैल तक देश लॉकडाउन है। वहीं लोग घरों में रहकर अपना बचाव कर रहे हैं। ऐसे में इन दिनों रसोईघर में पति भी अपनी पत्नियों की खूब मदद कर रहे हैं। इतना ही नहीं, कोई सब्जी, खीर बनाना सीख रहा है तो कोई आटा गूंधना। वहीं बच्चें भी बखूबी रसोईघर में हाथ बंटा रहे हैं।
सेक्टर 9-11 निवासी योग गुरु अनिल पानू ने बताया कि जब से लॉकडाउन हुआ है, तब से वह रसोईघर में रोजाना पत्नी की मदद करवाते हैं। उन्होंने बताया कि पत्नी प्रियंका पानू से खीर और ढोकला बनाना सीख लिया और कोई न कोई नई डिस्क भी सीखते रहते हैं। पत्नी ने सब्जी बनानी भी सिखा दी है। पानू ने बताया कि वह रसोईघर में मदद करने के साथ अपने बच्चों को भी पूरा समय देते हैं। बच्चों को हवन कराना, मंत्र बोलना सिखाया जाता है। साथ ही रामायण और महाभारत के बारे में बताया जाता है।
पति को सिखा दिया आटा गूंधना और सब्जी बनाना
नवदीप कॉलोनी निवासी संतोष शर्मा ने बताया कि उनके पति सत्यवान शर्मा रसोईघर में काफी मदद करते हैं। कभी सब्जी काट देते है तो कभी चाय बना देते हैं। संतोष शर्मा ने बताया कि उनके पति को आटा गूंदना और सब्जी बनानी नहीं आती थी, लेकिन अब वह सीख गए हैं।
बच्चे भी रसोईघर में बंटा रहे हाथ
संतोष शर्मा ने बताया कि उनका एक बेटा और एक बेटी है। वह दोनों भी रसोईघर में हाथ बंटाते हैं। घर में पढ़ाई करने के बाद जब भी उन्हें समय मिलता है तो दोनों मदद करवाते हैं। कभी सब्जी काट देते हैं, कभी चाय तो कभी रोटी बना देते हैं। इससे जहां एक ओर मदद मिल जाती है, वहीं टाइम भी पास हो जाता है।
ेक्टर 9-11 निवासी योगगुरु अनिल पानू अपनी पत्नी के साथ रसोई में खीर बनाते हुए।
ेक्टर 9-11 निवासी योगगुरु अनिल पानू अपनी पत्नी के साथ रसोई में खीर बनाते हुए।- फोटो : Hisar
 
... और पढ़ें

आठ दिन में कोरोना को मात देकर घर लौटी हिसार की पहली पॉजिटिव महिला

जिले की पहली कोरोना संक्रमित महिला (59) आठ दिन में कोविड-19 को मात देकर अग्रोहा मेडिकल कॉलेज से सोमवार को घर लौट आई। पीड़ित महिला के इलाज के दौरान दो सैंपल भेजे गए, जो निगेटिव आए, जबकि उसके पति के दूसरे सैंपल की रिपोर्ट भी निगेटिव आने पर चिकित्सकों ने उन्हें छुट्टी दे दी। स्वास्थ्य विभाग की टीम पुलिस के साथ दंपती को उनके घर छोड़कर आई। घर पहुंचने पर दंपती और उन्हें छोड़ने आई टीम पर सेक्टर 16-17 के लोगों ने फूल बिखेरकर और तालियां बजाकर स्वागत किया।
महिला 18 मार्च को अमेरिका से हिसार लौटी थी, बीमार होने पर 30 को पहुंची अस्पताल
महिला अपने पति के साथ बेटा-बहू से मिलकर अमेरिका से 17 मार्च को दिल्ली और 18 मार्च को हिसार स्थित घर लौटी थी। जब उसे खांसी-जुकाम की शिकायत हुई तो उसने 20 मार्च को अस्पताल में फोन से सूचना दी। तब विभाग ने उन्हें घर में क्वारंटीन कर दिया गया था। 30 मार्च को एंबुलेंस द्वारा महिला और उसके पति को अस्पताल ले जाया गया। जांच में महिला का सैंपल पॉजिटिव पाया गया, जबकि उसके पति का निगेटिव आया था। उसके बाद महिला को अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में भेज दिया गया, जबकि उसके पति को गुजवि में क्वारंटीन किया गया था। विभाग के अधिकारियों ने दंपती को अब उनके घर में ही 28 दिन तक क्वारंटीन किए जाने की बात कही है।
कॉलोनी वासियों ने तालियां बजाकर किया स्वागत
स्वास्थ्य विभाग की पिंक कलर की बस ने जैसे ही गली में प्रवेश किया तो कॉलोनी वासियों ने बालकनी में खड़े होकर तालियां बजाना शुरू कर दिया। जब तक दंपती अपने घर में नहीं घुसा, तब तक कॉलोनीवासी ताली बजाकर उनका स्वागत करते रहे। दंपती ने भी मेडिकल और पैरा मेडिकल स्टाफ सहित सभी कॉलोनी वासियों का सहयोग के लिए हाथ जोड़कर आभार जताया।
... और पढ़ें

डॉक्टर बोले- कोरोना से ठीक होने वाली महिला ने किया पूरा सहयोग

राजबीर गोदारा
अग्रोहा (हिसार)। यह जिला वासियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है कि जिले की पहली कोरोना पॉजिटिव महिला स्वस्थ होकर अग्रोहा मेडिकल कॉलेज से शहर स्थित अपने घर लौट आई है। चिकित्सकों के अनुसार उन्होंने महिला का इलाज केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग की तरफ से जारी किए प्रोटोकॉल के अनुसार ही किया। इसमें महिला ने भी पूरा सहयोग किया, जिसका परिणाम यह रहा कि आज महिला इस बीमारी के चंगुल से आजाद हो गई हैं।
अग्रोहा मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों के अनुसार जिस समय महिला यहां आई थी, महिला की हालत ज्यादा गंभीर नहीं थी। हालांकि उन्हें बीपी की शिकायत थी, जिस पर जल्द ही कंट्रोल पा लिया गया। महिला को प्रोटोकॉल के अनुसार दवाइयां दी गईं। डाइट प्लान के मुताबिक ही उनका खाना-पीना किया गया। चिकित्सकों के मुताबिक महिला पढ़ी-लिखी थी। इस दौरान उन्होंने हमारा पूरा सहयोग किया। यह भी एक कारण है कि उक्त महिला स्वस्थ हो सकी।
इन स्टाफ सदस्यों का रहा योगदान
डॉ. कवलपाल सिंह, डॉ. भूपिंदर सिंह कड़वासरा, डॉ. राकेश शर्मा, डॉ. राहुल गौतम, डॉ. सुमित पातड़, डॉ. आजाद सिंह, डॉ. दीपक गहलान, डॉ. इशिता, डॉ. प्रतीक टंडन, डॉ. प्रिया पुनियानी, डॉ. अश्मिता चौधरी, स्टाफ नर्स प्रिया, पूजा, सुनीता सोनी, वर्षा, हरबीर कौर, कविता दहिया, व स्वीपर सुरेंद्र, अशोक, जोनी, अशोक कुमार।
पॉजिटिव महिला सहित 32 संक्रमित ठीक होकर जा चुके हैं घर
डीएमएस व नोडल अधिकारी डॉ. राजीव चौहान ने बताया कि एक महीने में यहां पॉजिटिव महिला सहित 37 कोरोना के संक्रमित मरीज दाखिल हो चुके हैं। इनमें से महिला सहित 32 संदिग्ध मरीज स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं। वर्तमान में आइसोलेशन वार्ड में पांच संदिग्ध मरीज दाखिल हैं, जिनके सैंपल की रिपोर्ट आनी बाकी है। मेडिकल कॉलेज के डायरेक्टर गोपाल सिंघल ने बताया कि मेडिकल कॉलेज अग्रोहा में छह मार्च को कोरोना को लेकर आइसोलेशन वार्ड बनाया गया है, जिसमें 150 बेड की व्यवस्था है।
... और पढ़ें

कोरोना से ठीक होकर लौटी लौटी महिला बोली- कभी डरी नहीं, डॉक्टरों ने दिया पूरा साथ

जीतेंद्र जीत/कुलदीप जांगड़ा
हिसार। महिला ने कहा कि कोरोना को लेकर मैं कभी डरी नहीं, लेकिन सावधानी जरूर बरती। मुझे खुशी है कि मेरी इस जंग में मेरी कॉलोनी के लोगों, डॉक्टरों ने पूरा साथ दिया। सभी के सहयोग से मैं यह जंग जीतने में सफल रही। इसके लिए मैं सभी का आभार जताती हूं।
-जैसा कि कोरोना से जंग लड़कर लौटी महिला ने बताया
ट्रेवल के दौरान संक्रमित होने की आशंका अधिक
मेरा बेटा अमेरिका में रहता है। वह आईटी कंपनी में सीनियर आईटी डायरेक्टर है। मेरी पुत्रवधू भी आईटी कंपनी में है और एक छोटी पोती है। मैं और मेरी पत्नी उनसे मिलने के लिए सितंबर 2019 में गए थे। हमारा छह माह का वीजा था और हम 17 मार्च 2020 को दिल्ली वापस पहुंच गए। अमेरिका में जिस स्थान से हम आए वहां स्थिति ठीक थी और कोई भी केस संदिग्ध नहीं था। यात्रा के दौरान भी हमने काफी एहतियात बरती, लेकिन सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना वहां मुश्किल होता है। इस कारण ट्रेवल के दौरान ही संक्रमित होने की आशंका अधिक है। हम 18 मार्च को हिसार अपने घर आ गए और एहतियातन स्वास्थ्य विभाग को सूचित कर दिया। इस पर हमें होम क्वारंटीन रहने को कहा गया। हमने स्वास्थ्य अधिकारियों के दिशा-निर्देशों का पालन किया, जिससे हम जंग जीत पाए।
- जैसा कि पीड़िता के पति ने अमर उजाला को टेलीफोन पर बताया.....
विदेश से लौटने पर कॉलोनी वासियों से मिलती थी गले, पर इस बार नहीं...
महिला के पड़ोसी ने बताया कि आंटी का व्यवहार मधुर है और वह मिलनसार है। अकसर जब भी वह अपने बेटे के पास से लौटती थी तो पूरी गली के लोगों से मिलती थी, लेकिन इस बार वह किसी से भी नहीं मिली। 8-9 दिन तक केवल अंकल ही दिखाई देते थे। लौटने के बाद से आंटी कभी दिखाई नहीं दी और 10 वें दिन तो उन्हें एंबुलेंस ही अस्पताल ले गई थी। आज उन्हें खुशी है कि आंटी सकुशल वापस आ गई है।
यूएसए से लौटकर खुद ही कर लिया था क्वारंटीन
महिला 18 मार्च को यूनाइटेड स्टेट ऑफ अमेरिका (यूएसए) से अपने बेटे-बहू के पास से लौटी थी। कोरोना को लेकर चल रहे जागरूकता संदेशों के मद्देनजर उसने लौटकर स्वयं को एक तरह से होम क्वारंटीन कर लिया। घर में रहते हुए वह किसी से नहीं मिली। उनके घर में पति के अलावा किराये पर एक परिवार रहता है, जिसमें दो सदस्य हैं। वह उनसे भी नहीं मिली, केवल पति के साथ ही उसकी दिनचर्या चल रही थी। इस दौरान भी वह बाहर नहीं निकलती थीं।
... और पढ़ें

गाड़ी रुकवाने पर भड़के एचपीएससी के पूर्व चेयरमैन बोले -डीसी क्या हैं मेरे सामने

पूर्व मुख्यमंत्री स्व. भजनलाल की सरकार में हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन के चेयरमैन रहे गांव असरावां निवासी गुरमेश बिश्नोई गांव मलापुर में युवाओं द्वारा गाड़ी रुकवाने पर भड़क गए। गुस्से में पूर्व चेयरमैन ने यहां तक कह दिया कि डीसी क्या है मेरे सामने। रास्ता रोकने की हिम्मत कैसे हुई। काफी देर तक इनकी युवाओं के साथ बहस चलती रही। नौबत हाथ उठाने तक की आ गई। पूर्व चेयरमैन एक युवक पर हाथ उठाने के लिए आने लगे, मगर लोगों ने उन्हें रोक दिया। काफी देर बाद अन्य ग्रामीणों ने बीचबचाव कर उन्हें वहां से रवाना किया। यह सारा माजरा कुछ देर बाद सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो रविवार का है। गौरतलब है कि विधानसभा चुनाव के दौरान गुरमेश बिश्नोई ने भाजपा ज्वाइन की ली थी।
बोले- बेवकूफी में रोक रखा रास्ता
दरअसल, गांव मलापुर में युवाओं ने लॉकडाउन के चलते रास्ते रोके हुए हैं। जो भी गांव में आता है, उससे पूछताछ की जाती है। इसी बीच पूर्व चेयरमैन गुरमेश बिश्नोई अपने भतीजे भूपेंद्र व एक अन्य के साथ गाड़ी में मलापुर होते हुए अपने गांव असरावां जा रहे थे। गाड़ी को उनके भतीजे भूपेंद्र बैनीवाल चला रहे थे। जब युवाओं ने उनकी गाड़ी रुकवाई तो वह भड़क गए। उन्होंने कहा कि मैं चेयरमैन हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन गुरमेश बिश्नोई हूं। बिल्कुल बेवकूफी में रास्ता बंद कर रखा है। तुम हो कौन है, मुझे रोकने वाले। तुम हमारा रास्ता नहीं रुकवा सकते। तुम्हारे पास किसी आदमी को जाने से रोकने का कोई अधिकार नहीं है। जब युवाओं ने कहा कि सरपंच ने कहा है तो पूर्व चेयरमैन बोले, सरपंच कौन होता है।
एक महीने में चौकीदार नहीं रहने दूंगा
इसी बीच एक युवक से पूर्व चेयरमैन ने पूछा तू कौन है, इस पर युवक ने जवाब दिया कि वह चौकीदार है। इस पर पूर्व चेयरमैन ने कहा कि तू एक महीने के अंदर चौकीदार नहीं रहेगा। तभी ज्यादा बोल रहे एक युवक पर हाथ उठाने के लिए भी पूर्व चेयरमैन ने कोशिश की। मगर उन्हें आसपास खड़े ग्रामीण रोक लेते हैं। युवाओं ने कहा कि पूछताछ तो करेंगे, कौन गांव में आ रहा है, कौन जा रहा है। इस पर पूर्व चेयरमैन ने कहा कि 15 मिनट पहले ही यहां से गए हैं, अंतिम संस्कार करके आए हैं एक व्यक्ति का, तब तो किसी ने नहीं रोका। गुरमेश बिश्नोई 1980 से 1991 तक एचपीएससी में रहे। पहले पांच साल तक सदस्य रहे। इसके बाद छह साल तक चेयरमैन रहे।
वर्जन
युवक वहां से निकलने के नाम पर 500 रुपये मांग रहे थे। गाड़ी सर्च करने या रोकने का किसी को अधिकार नहीं है। मेरी भांजी की सास गुजर गई थी। वहां गए थे। जब जाते हुए नहीं रोका गया तो वापसी में क्यों रोका। युवकों का व्यवहार बिल्कुल ठीक नहीं था। मैंने वीडियो क्लीपिंग के साथ एसपी को शिकायत भेजी है।
- गुरमेश बिश्नोई, पूर्व चेयरमैन, एचपीएससी
... और पढ़ें
अपने शहर की सभी खबर पढ़ने के लिए amarujala.com पर जाएं

Disclaimer


हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।
Agree
Election
  • Downloads

Follow Us