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कुंडली से जानिए अपनी समस्त विपदाओं का हल , आज ही बनवाएं फ्री जन्म कुंडली
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तेंदुए ने गोशाला के दरवाजे से उठा लिया बच्चा, चिल्लाने पर जबड़े से छूटा

हिमाचल के कुल्लू जिले के आनी उपमंडल के तहत मंगलवार रात करीब आठ बजे च्वाई के नजदीक बुआंदा में एक छह साल के बच्चे को तेंदुए ने उठा लिया। बच्चे के चिल्लाने पर वह तेंदुए के जबड़े से छूट गया। बताया जा रहा है कि तेंदुए के हमले में बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया है, जिसे तुरंत आनी अस्पताल पहुंचाया गया। यहां उसका इलाज किया जा रहा है। बच्चे की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। जानकारी के मुताबिक बच्चे की मां गाय को घास डालने गोशाला गई थीं और बेटा गोशाला के दरवाजे के पास मोबाइल से खेल रहा था। उसी समय घात लगाए बैठे एक तेंदुए ने उस पर अचानक हमला बोल दिया। हालांकि, बच्चे के चिल्लाने और उसकी मां के शोर मचाने पर तेंदुए ने बच्चे को छोड़ दिया और उसकी जान बच गई।

गौरतलब है कि बीते कुछ माह पहले भी च्वाई क्षेत्र में ही तेंदुए ने एक तीन साल की बच्ची को उठा कर मौत के घाट उतार दिया था। इसके बाद क्षेत्र के लोग खौफ में हैं। लोगों ने वन विभाग से तेंदुए को जल्द पकड़ने की गुहार लगाई है। उधर, आनी के डीएफओ चंद्रभूषण ने बताया कि मामला उनके ध्यान में आया है। तेंदुए को जल्द पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया जाएगा। तेंदुए के हमलों के बाद ग्रामीण सहम गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं। उन्होंने वन विभाग से जल्द खूंखार तेंदुए को जल्द पकड़ने की मांग की है। 
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सांकेतिक तस्वीर सांकेतिक तस्वीर

Unlock 2: सात दिन क्वारंटीन रहेंगे बाहरी राज्यों से हिमाचल दाखिल हो रहे श्रमिक

अनलॉक-2 के साथ हिमाचल में लोगों के लिए अंतरराज्यीय परिवहन को लेकर बनाए नियमों में राज्य आपदा प्रबंधन सेल ने बड़ा बदलाव किया है। कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए अब औद्योगिक इकाइयों में काम करने के लिए बाहरी राज्यों से आने वाले श्रमिक सात दिन क्वारंटीन रहेंगे। क्वारंटीन सेंटर की व्यवस्था उद्यमी या ठेकेदार करेंगे और लेबर लाने से पहले संबंधित जिला उपायुक्त से अनुमति लेनी होगी। 

अब दूसरे राज्यों में प्रतियोगी परीक्षा देने जाने वाले विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों के लिए भी बड़ी राहत दी है। बदलाव के तहत अब परीक्षा के लिए 72 घंटे की मियाद के भीतर हिमाचल से बाहर जाने या हिमाचल के अंदर दाखिल होने पर राज्य में क्वारंटीन नहीं होना पड़ेगा। अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों के लिए अब मेडिकल कॉलेज 15 जुलाई से बंद कर दिए हैं। चिकित्सा प्रशिक्षण संस्थान भी बंद रहेंगे।

वही राज्य के भीतर आने वाले दूसरे राज्यों के अन्य लोगों को अब आरटीपीसीआर टेस्ट की निगेटिव रिपोर्ट होने पर क्वारंटीन के नियम से छूट मिलेगी। बसों की अंतरराज्यीय आवाजाही पर अभी पाबंदी जारी रहेगी। हालांकि कोविड 19 ई पास सॉफ्टवेयर पर पंजीकरण के बाद टैक्सियां चल सकेंगी। प्रदेश में यात्रियों को छोड़ने वाले टैक्सी ड्राइवर प्रवेश के 24 घंटों की अवधि में वापस जाते हैं तो वे क्वारंटीन नहीं होंगे।

हिमाचल के मंदिर फिलहाल नहीं खुलेंगे: धीमान
 कोरोना संक्रमण के खतरों को देखते हुए प्रदेश सरकार फिलहाल हिमाचल के मंदिरों को नहीं खोलेगी। अतिरिक्त मुख्य सचिव भाषा एवं संस्कृति आरडी धीमान ने मंगलवार को कहा कि प्रदेश के मंदिरों को नहीं खोला जाएगा। सरकार के निर्देशों का इंतजार किया जा रहा है।  सरकार से निर्देश मिलने के बाद ही धार्मिक संस्थानों को खोला जा सकेगा।
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करुणामूलक आधार पर भरे जाएंगे सहकारी बैंकों में पद: जयराम

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा है कि सरकारी बैंकों में करुणामूलक आधार पर पद भरे जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश के तीन प्रमुख सहकारी बैंक राज्य की सभी प्रमुख योजनाओं जैसे मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना, मुद्रा योजना, अटल पेंशन योजना और प्रधानमंत्री जनधन योजना आदि के प्रभावी कार्यान्वयन के अतिरिक्त राज्य के कमजोर सार्वजनिक क्षेत्रों के उपक्रमों को ऋण सुविधा प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। यह बात मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने मंगलवार को शिमला में सहकारिता विभाग के साथ आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश सहकारी बैंक कोर बैंक सॉल्यूशन पर अपनी सभी शाखाएं चलाने वाला पहला राज्य सहकारी बैंक है।

उन्होंने कहा कि सहकारी बैंक देश में स्वचालित प्रणाली लागू करने वाला पहला सहकारी बैंक है। बैंक के पास रूपे कार्ड के माध्यम से दो लाख से अधिक एटीएम शेयरिंग सुविधा उपलब्ध है। बैंक एचआईएमपीईएसए ऐप के माध्यम से मोबाइल बैंक सेवा भी उपलब्ध करवा रहा है। जयराम ठाकुर ने कहा कि राज्य के बैंकिंग उद्योग में सहकारी बैंकों की हिस्सेदारी 20 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की विभिन्न 2194 बैंक की शाखाओं में से 512 सहकारिता क्षेत्र के बैंक हैं। इनमें हिमाचल राज्य सहकारिता बैंक की 241 शाखाएं, कांगड़ा केंद्रीय सहकारिता बैंक की 240 शाखाएं और जोगिंद्रा केंद्रीय सहकारिता बैंक की 31 शाखाएं शामिल हैं।

उन्होंने कहा कि हिमाचल राज्य सहकारी बैंक की शाखाएं जिला बिलासपुर, चंबा, किन्नौर, मंडी, शिमला, सिरमौर तथा कांगड़ा केंद्रीय बैंक की शाखाएं कुल्लू, कांगड़ा, हमीरपुर, लाहौल-स्पीति और ऊना जिला में हैं, जबकि जोगिंद्रा केंद्रीय सहकारिता बैंक की शाखाएं जिला सोलन में हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2019-20 के दौरान हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी बैंक के पास 11814.67 करोड़ रुपये की जमा पूंजी है, जबकि कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक के पास 11539.15 करोड़ रुपये की जमा पूंजी है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी बैंक ने वित्त वर्ष 2019-20 के दौरान 1029 करोड़ रुपये के कृषि ऋण वितरित किए हैं, जबकि कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक ने इस अवधि के दौरान 598.58 करोड़ रुपये के कृषि ऋण वितरित किए हैं, जो इन बैंकों के राज्य के किसानों की आर्थिकी को सुदृढ़ करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल सहकारी बैंक ने 58.33 करोड़ रुपये, कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक ने 48.70 करोड़ रुपये और जोगिंद्रा केंद्रीय सहकारी बैंक ने वर्ष 2019-20 में 6.31 करोड़ रुपये का लाभ अर्जित किया है। उन्होंने कहा कि इन बैंकों ने लोगों का विश्वास हासिल करने में कामयाबी पाई है क्योंकि यह राज्य सरकार के संस्थान के तौर पर देखे जाते हैं। सहकारिता मंत्री डा राजीव सैजल ने राज्य में सहकारी बैंकों के सुदृढ़ीकरण में गहन रुचि रखने के लिए मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी बैंक के अध्यक्ष खुशी राम बालनाहटा, कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक के अध्यक्ष डा राजीव भारद्वाज और जोगिंद्रा केंद्रीय सहकारी बैंक के प्रतिनिधि ने मुख्यमंत्री से सहकारी बैंकों को सूक्ष्म और लघु उद्यमों के लिए क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट के तहत ऋण प्रदान करने वाले संस्थानों के सदस्यों (एमएलआई) के रूप में शामिल करने का आग्रह किया। मुख्य सचिव अनिल खाची, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव जेसी शर्मा, सचिव वित्त अक्षय सूद, पंजीयक सहकारी समिति हंसराज और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी बैठक में भाग लिया।
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सांप ने डसा, रात भर झाड़-फूंक से बच्चे का इलाज करवाते रहे परिजन, सुबह मौत

सांप के डसने के बाद झाड़-फूंक से इलाज के अंधविश्वास ने 13 वर्षीय बच्चे की जान ले ली। यह घटना सरकाघाट उपमंडल के बैंहजी गांव की है। रात को बच्चे की हालत बिगड़ गई तो परिजन उसे अस्पताल ले गए, लेकिन बच्चे ने दम तोड़ दिया। पुलिस ने मामले की जांच कर रही है।  डीएसपी सरकाघाट चंद्रपाल ने इसकी पुष्टि की है।  पुलिस के मुताबिक उपमंडल के बैंहजी गांव में सूर्यांश (13) पुत्र संजय कुमार रात को सो रहा था। देर रात करीब डेढ़ बजे उसे बिस्तर पर कुछ चीज होने का अहसास हुआ। परिजनों ने लाइट जलाई तो बिस्तर पर सांप को देखकर हैरान हो गए। सांप ने सूर्यांश को डस लिया था और उसकी टांग से खून निकल रहा था।

परिजन उसे अस्पताल ले जाने के बजाय पास के ही एक गांव के व्यक्ति को बुलाकर झाड़-फूंक करवाने लगे। रात भर झाड़-फूंक का सिलसिला जारी रहा। जब बच्चा ठीक नहीं हुआ तो सुबह उसे सामुदायिक स्वास्थ्य कंद्र भोरंज लाया गया। यहां डॉक्टर ने बच्चे की गंभीर हालत को देखते हुए उसे मेडिकल कॉलेज हमीरपुर रेफर कर दिया। यहां बच्चे की मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन ने स्थानीय पुलिस को सूचित किया। हमीरपुर पुलिस ने सरकाघाट पुलिस को घटना की सूचना दी। सरकाघाट पुलिस ने हमीरपुर पहुंचकर सूर्यांश का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया है।
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हिमाचल: एनआईटी के निदेशक पर गिरी भर्ती में गड़बड़ी की गाज, तत्काल छुट्टी पर भेजे

सांकेतिक तस्वीर
नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (एनआईटी) हमीरपुर के निदेशक प्रो. विनोद यादव के खिलाफ मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने सख्त कार्रवाई की है। एनआईटी हमीरपुर में एसोसिएट प्रोफेसर और असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों पर नियमों के विपरीत हुई नई भर्तियों और उन्हें वित्तीय लाभ पहुंचाने के आरोपों में मंत्रालय ने प्रो. यादव की वित्तीय और प्रशासनिक शक्तियां छीनकर तत्काल छुट्टी पर भेज दिया है। मंगलवार को एनआईटी जालंधर के निदेशक प्रो. ललित अवस्थी को एनआईटी हमीरपुर के निदेशक का अतिरिक्त कार्यभार सौंप दिया है।

प्रो. अवस्थी 16 जुलाई को कार्यभार संभालेंगे। फिलहाल उन्होंने ऑनलाइन जिम्मेवारी संभाल ली है। प्रो. विनोद यादव ने मार्च 2018 को एनआईटी हमीरपुर में निदेशक के पद पर ज्वाइन किया था। उनके निदेशक पद पर रहते हुए संस्थान में नियमों के विपरीत अध्यापक स्टाफ के पदों पर समुदाय विशेष से भर्तियां करने और उन्हें वित्तीय लाभ पहुंचाने के आरोप लगे हैं। इधर, एनआईटी बोर्ड ऑफ गवर्नर के चेयनमैन प्रो. चंद्रशेखर ने कहा कि एनआईटी हमीरपुर के निदेशक प्रो. विनोद यादव की वित्तीय और प्रशासनिक शक्तियां वापस ले ली गई हैं। प्रो ललित अवस्थी को उनकी जगह निदेशक का कार्यभारी सौंपा गया है। मामले की जांच चल रही है, जांच पूरी होने के बाद आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। 

सांसद अनुराग ठाकुर और विधायक राजेंद्र राणा ने भी की थी शिकायत
केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर, कांग्रेस के विधायक राजेंद्र राणा, एनआईटी के छात्रों और पूर्व छात्र संगठन ने निदेशक प्रो. विनोद यादव की कार्यप्रणाली की शिकायत मानव संसाधन विकास मंत्रालय से की थी। शिकायत मिलने के बाद केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने मामले की जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया था।

केंद्रीय मंत्रालय की कमेटी दौरा कर तैयार करेगी रिपोर्ट
बोर्ड ऑफ गवर्नर्स ने सोमवार को प्रो. यादव से वित्तीय और प्रशासनिक कामकाज पर रोक लगाई थी। इसी के तहत मंगलवार को उन्हें जांच पूरी होने तक छुट्टी पर भेज दिया गया है। मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, पूरे मामले में आरोपों की जांच की जाएगी। मंत्रालय की कमेटी हिमाचल जाकर कैंपस का दौरा करके रिपोर्ट तैयार करेगी।
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हिमाचल में 16 जुलाई से रफ्तार पकड़ेगा मानसून, दो दिन भारी बारिश और अंधड़ की चेतावनी

हिमाचल में बुधवार को हल्की बारिश के आसार हैं। गुरुवार से मानसून के रफ्तार पकड़ने की संभावना है। 17 और 18 जुलाई को पूरे प्रदेश में भारी बारिश और अंधड़ की चेतावनी जारी की गई है। 20 जुलाई तक प्रदेश में मौसम खराब बने रहने का पूर्वानुमान है। मंगलवार को राजधानी शिमला में हल्के बादल छाए रहे हालांकि, बारिश नहीं हुई। प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में भी मौसम मिलाजुला बना रहा।

बीते दो दिनों से मौसम शुष्क बना रहने के चलते गर्मी में बढ़ोतरी हुई है। मैदानी जिलों के मौसम में उमस भी बढ़ गई है। मंगलवार को ऊना में अधिकतम तापमान 36.6, भुंतर में 35.1, बिलासपुर में 34.0, हमीरपुर-सुंदरनगर में 33.8, कांगड़ा में 33.6, चंबा में 33.3, सोलन-धर्मशाला में 31.2, नाहन में 29.5, कल्पा में 27.0, शिमला में 25.7, केलांग में 25.0 और डलहौजी में 21.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
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टोंस नदी में डूबे भाजपा नेता का तीसरे दिन भी सुराग नहीं, यमुना में बहा बच्चा

विकास कार्यों में धांधली पर पंचायत प्रधान निलंबित, डीसी ने की कार्रवाई

हिमाचल के चंबा जिले में विकास खंड भटियात के तहत ग्राम पंचायत धरू के प्रधान को विकास कार्यों में धांधली करना भारी पड़ गया है। उपायुक्त चंबा विवेक भाटिया ने प्रदेश पंचायती राज सामान्य नियम 1997 के नियम 142(1) के तहत शक्तियों का उपयोग करते हुए तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। साथ ही प्रधान को आदेश जारी किए है कि वे पंचायत से संबंधित अभिलेख, धन या संपत्ति को पंचायत सचिव के पास जमा करवाएं। उपायुक्त ने जांच रिपोर्ट के बाद यह आदेश दिए हैं। प्रारंभिक जांच में पंचायत प्रधान पर लगे आरोप सही पाए गए हैं। हालांकि, पंचायत प्रधान को इस बारे कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया।

लेकिन नोटिस का सही जवाब न मिलने पर  जिला प्रशासन ने पंचायत प्रधान को निलंबित कर दिया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार पंचायत प्रधान पर विभिन्न विकास कार्यों में अनियमितताओं के आरोप लगे हैं। जिनमें 14वें वित्तायोग के तहत बिना कार्य से फर्जी बोर्ड लगाना, बिना शैल्फ के कार्य करवाना, ग्राम सभा की ओर से स्वीकृत कार्यों को अन्य स्थानों पर करवाना, फर्जी हाजरियां लगाना, फर्जी बिल लगाने के अलावा अन्य अनियमितताएं पाई गई हैं। उपायुक्त चंबा विवेक भाटिया ने माामले की पुष्टि करते हुए बताया कि विकास कार्यों में धांधली पर पंचायत प्रधान को निलंबित किया गया है। कहा कि विकास कार्यों में कोताही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वहीं, आरोपी प्रधान संजय कुमार का कहना है कि जो आरोप उन पर लगाए गए हैं, वे सभी निराधार है। कहा कि प्रशासन को इस बारे अपना स्पष्टीकरण भी दिया गया है।
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