दो गज सही..., ऐ मौत तूने मुझे जमींदार कर दिया.. सुपुर्द-ए-खाक हुए मशहूर शायर राहत इंदौरी

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Updated Wed, 12 Aug 2020 05:11 AM IST
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राहत इंदौरी
राहत इंदौरी - फोटो : अमर उजाला

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कोरोना से संक्रमित मशहूर शायर राहत इंदौरी का दिल का दौरा पड़ने के कारण निधन हो गया है। 70 साल की उम्र में उन्होंने इंदौर के अरविंदो अस्पताल में अंतिम सांस ली। उन्होंने खुद ही अपने कोरोना संक्रमित होने की जानकारी दी थी। तब उन्होंने कहा था- दुआ कीजिए जल्द से जल्द इस बीमारी को हरा दूं। 
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अरविंदो अस्पताल के डायरेक्टर विनोद भंडारी ने जानकारी देते हुए बताया कि उन्हें कई प्रकार की दिक्कतें इलाज के दौरान सामने आईं, जिनमें पायलेटर निमोनिया, 70 प्रतिशत फेफड़े खराब, कोविड पॉजिटिव, हाइपरटेंशन, डायबिटिक शामिल हैं। वे परसों रात को किसी निजी अस्पताल से आए थे और आज दिल का दौरा पड़ा। एक बड़ा अटैक भी आया और उसके बाद एक बार रिवाइव भी हुए, पर उनका देहांत हो गया।
अंतिम यात्रा में नहीं जुट सके प्रशंसक
राहत इंदौरी को 11 अगस्त की रात सुपुर्द-ए-खाक किया गया। राहत इंदौरी के बड़े बेटे फैजल राहत ने जानकारी दी थी कि रात 9.30 बजे छोटी खजरानी कब्रिस्तान में राहत इंदौरी को सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा। अंतिम यात्रा के दौरान राहत के प्रशंसक नहीं जुट सके। ऐसा राहत इंदौरी के कोरोना संक्रमित होने की वजह से हुआ। राहत इंदौरी को सुपुर्द-ए-खाक किए जाने के दौरान कोरोना प्रोटोकॉल का भी पालन किया गया।
 



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कभी भी फिल्मी दुनिया में जमने और बसने के लिए जद्दोजहद नहीं की

राहत इंदौरी ने कभी भी फिल्मी दुनिया में जमने और बसने के लिए जद्दोजहद नहीं की। मुशायरे के बाद अगर उनको किसी से सबसे ज्यादा लगाव था तो वो है उनका अपना शहर इंदौर। महेश भट्ट की 'सर' उनकी पहली फिल्म थी। 'मुन्नाभाई एमबीबीएस' जैसी फिल्म में हिट गाने लिखने वाले राहत इंदौरी को फिल्मी दुनिया कभी भी पूरी तरह से इस्तेमाल ही नहीं कर पाई। उनकी कुछ शुरुआती फिल्मों पर नाकामी का ठप्पा लगा था। 

जिसकी नकल जाने-अनजाने सैकड़ों शायर करते हैं

अपने लिए लिखकर मुशायरे में अपने लिए शेर पढ़ना किसी भी शायर के लिए ज्यादा तसल्ली देने वाला होता है। फिर राहत ने तो मुशायरे में शेर पढ़ने की अपनी एक शैली विकसित की थी। जिसकी नकल जाने-अनजाने सैकड़ों शायर करते हैं। 

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...हजारों लोगों का मजमा दीवाना-सा हो उठता था

जब वो डूबकर अपने शेर पढ़ते हैं तो हजारों लोगों का मजमा दीवाना-सा हो उठता था। जिन लोगों ने ये सब अपनी आंखों से देखा है, वो तो यही कहेंगे कि राहत की असल जगह फिल्मी संगीतकार का दरबार नहीं मुशायरे का मंच था। मगर अफसोस कि कोरोना काल में एक और सितारा इस दुनिया को छोड़कर चला गया है।

श्री राहत इंदौरी का निधन मध्यप्रदेश और देश के लिए अपूरणीय क्षति- सीएम शिवराज

मध्य प्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान ने राहत इंदौरी के निधन पर शोक जताया है। उन्होंने ट्वीट कर लिखा, 'अपनी शायरी से लाखों-करोड़ों दिलों पर राज करने वाले मशहूर शायर, हरदिल अजीज श्री राहत इंदौरी का निधन मध्यप्रदेश और देश के लिए अपूरणीय क्षति है। मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि उनकी आत्मा को शांति दें और उनके परिजनों और चाहने वालों को इस अपार दुःख को सहने की शक्ति दे।'
 


अरविंदो अस्पताल के डॉ मोहक भंडारी बता रहे हैं राहत इंदौरी साहब के बारे में...
 

 


गलत आदमी से भिड़ गया कोरोना- कवि कुमार विश्वास

मशहूर शायर राहत इंदौरी को कोरोना होने की खबर सुनकर कवि कुमार विश्वास ने ट्वीट किया था। उन्होंने लिखा था, कोरोना अबकी बार गलत आदमी से भिड़ गया है। बता दें कि राहत इंदौरी ने खुद ट्वीट कर अपने कोरोना से संक्रमित होने की जानकारी दी थी।

मुफलिसी में गुजरा राहत साहब का बचपन

राहत साहब के वालिद रिफअत उल्लाह 1942 में सोनकछ देवास जिले से इंदौर आए थे। राहत साहब का बचपन का नाम कामिल था। बाद में इनका नाम बदलकर राहत उल्लाह कर दिया गया। वालिद ने इंदौर आने के बाद ऑटो चलाया। मिल में काम किया, लेकिन उन दिनों आर्थिक मंदी का दौर चल रहा था। 1939 से 1945 तक दूसरे विश्वयुद्ध का भारत पर भी असर पड़ा। मिलें बंद हो गईं या वहां छंटनी करनी पड़ी। राहत साहब के वालिद की नौकरी भी चली गई। हालात इतने खराब हो गए कि राहत साहब के परिवार को बेघर होना पड़ गया था।

शायरी ही नहीं फिल्मों में भी गीत लिखे राहत साहब

राहत इंदौरी साहब ने बरकतुल्लाह यूनिवर्सिटी से उर्दू में एमए किया था। भोज यूनिवर्सिटी ने उन्हें उर्दू साहित्य में पीएचडी से नवाजा था। राहत ने मुन्ना भाई एमबीबीएस, मीनाक्षी, खुद्दार, नाराज, मर्डर, मिशन कश्मीर, करीब, बेगम जान, घातक, इश्क, जानम, सर, आशियां और मैं तेरा आशिक जैसी फिल्मों में गीत लिखे।


खुद ट्वीट कर कोरोना पॉजिटिव होने की दी थी जानकारी

बता दें कि कोरोना पॉ़जिटिव पाए जाने के बाद मशहूर शायर राहत इंदौरी को देर रात इंदौर के अरविंदो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। ये जानकारी उन्होंने खुद ट्वीट कर दी थी। उन्होंने लिखा था, 'कोविड के शुरुआती लक्षण दिखाई देने पर कल मेरा कोरोना टेस्ट किया गया, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। ऑरविंदो हॉस्पिटल में एडमिट हूं, दुआ कीजिए जल्द से जल्द इस बीमारी को हरा दूं।'
 
राहत इंदौरी साहब ने अपने ट्वीट में लोगों से अपील की थी कि उनके बारे में जानकारी के लिए बार-बार उन्हें या परिवार को फोन न करें, इसकी जानकारी ट्विटर और फेसबुक के माध्यम से मिलती रहेगी।
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