ललिता, कल्याणी, अलोपी में उमड़े भक्त

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vinod kumar singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 11 Apr 2019 01:54 AM IST
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navratri - फोटो : प्रयागराज

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वासंतिक नवरात्र के तहत बुधवार को शक्तिपीठों और देवी मंदिरों में दर्शन, पूजन के लिए श्रद्धालुओं का जमावड़ा रहा। सुबह की पाली में श्रद्धालुओं की संख्या कम रही लेकिन शाम को शृंगार दर्शन के लिए सभी शक्तिपीठों में महिलाओं और पुरुषों की अलग-अलग कतारें लगीं। शक्तिपीठों के इर्द-गिर्द मेले जैसा माहौल रहा। नवरात्र के मद्देनजर चौक गंगादास में शक्तिस्वरूपा खेमामाई से लेकर कल्याणी देवी में भगवती कल्याणी पीठ और मीरापुर में सिद्धपीठ ललिता देवी मंदिर तक शृंगार दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का देर रात तक आने-जाने का सिलसिला बना ही रहा। 
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मीरापुर स्थित त्रिपुर सुंदरी राजराजेश्वरी महाशक्ति पीठ मां ललिता देवी का पंचमी तिथि पर स्कंदमाता स्वरूप में शृंगार किया गया, जिसके दर्शन को जयकारों के बीच आधी रात तक श्रद्धालु जुटते रहे। समिति के अध्यक्ष हरिमोहन वर्मा एवं महामंत्री धीरज नागर की देखरेेख में मंदिर में निशान चढ़ाने के लिए दूर दूर से श्रद्धालु आए। मंदिर प्रांगण में श्री शतचंडी महायज्ञ की गूंज रही तो दूसरी ओर महिला मंडली की ओर से भजन कीर्तन में श्रद्धालु मगन हुए। प्रवक्ता  सुमित श्रीवास्तव के मुताबिक षष्ठी तिथि पर देवी कात्यायनी स्वरूप में सजेंगी।


सिद्धपीठ कल्याणी देवी मंदिर में भगवती कल्याणी पंचम स्वरूप में फूलों और आभूषणों से सजीं। उनके दर्शन के लिए श्रद्धालुओं विशेषकर महिलाओं की भारी भीड़ उमड़ी। पुजारी श्यामजी पाठक के मुताबिक सांध्य आरती से पहले इक्कीस बटुकों ने भगवती का बहुविध अभिषेक किया। मंदिर परिसर में मुंडन, कर्णछेदन सहित कई तरह के अनुष्ठान हुए। वहीं कथाव्यास ऋषि महाराज ने रामकथा के तहत में भक्त और भगवान के संबंध की कथा सुनाई।

अलोपीबाग स्थित सिद्धपीठ अलोपशंकरी मंदिर में जहां जयकारों के बीच पालना झुलाने और दर्शन के लिए श्रद्धालुओं में होड़ रही, वहीं दूर दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से देवी को निशान चढ़ाने के लिए भी शाम तक लोगों का तांता लगा रहा। बारी-बारी करके ट्रैक्टर ट्राली पर निशान रखकर लोग आते ही रहे। परिसर में कई संस्कार भी हुए। चौक गंगादास स्थित खेमामाई मंदिर में कंचन मालवीय की देखरेख में नवदुर्गा का गुलाब सहित ग्यारह प्रकार के फूलों,आभूषणों से मनोहारी शृंगार किया गया। मंदिर के बाहर जुटीं महिलाओं ने देवी गीतों, भजनों से देवी मां का बखान किया।

पंचम दिन शास्त्रीनगर तिराहे स्थित देवी दुर्गा मंदिर, सुल्तानपुर भावा स्थित काली मंदिर, हाईकोर्ट पानी टंकी स्थित देवी अष्टभुजी मंदिर में जुटी महिलाओं की टोली में देवी गीतों से भगवती की महिमा बखानी। नूरुल्लाह रोड पर खुल्दाबाद के करीब भगवती जागरण की धूम रही। वहीं सिविल लाइंस स्थित हनुमत निकेतन के दुर्गा मंदिर, मुट्ठीगंज स्थित कालीबाड़ी, हाईकोर्ट हनुमान मंदिर स्थित अष्टभुजी माता मंदिर, कटरा कालीथान, भारद्वाज आश्रम परिसर स्थित कालीबाड़ी में अनेक अनुष्ठानों के बीच दर्शन पूजन के लिए तांता लगा।

शिरडी साई पालकी शोभायात्रा मीरापुर हनुमान मंदिर से चौदह अप्रैल को शाम चार बजे निकाली जाएगी। यह यात्रा अतरसुइया, रानीमंडी, लोकनाथ, मुट्ठीगंज होते हुए मुंशी राम प्रसाद की बगिया पहुंचकर पूरी होगी। सचिव धर्मेंद्र कुमार मित्रा के मुताबिक बाबा की पालकी शोभायात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे।

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