बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP

सरकारी आवास में फंदे से लटकता मिला जैतपुर थाना प्रभारी का शव

Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 26 Feb 2020 11:27 PM IST
विज्ञापन
फोटो 22, अंबेडकरनगर जिला अस्पताल स्थित शव गृह के पास एसओ की मौत के बाद मौजूद एसपी आलोक प्रियदर्शी।
फोटो 22, अंबेडकरनगर जिला अस्पताल स्थित शव गृह के पास एसओ की मौत के बाद मौजूद एसपी आलोक प्रियदर्शी। - फोटो : AMBEDKAR NAGAR

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

ख़बर सुनें
जलालपुर। जैतपुर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर बब्बूलाल मिश्र मंगलवार देर रात थाना परिसर स्थित सरकारी आवास में फांसी के फंदे से लटकते मिले। आधी रात में जैसे ही यह खबर फैली तो पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया। फंदे से झूल रहे थाना प्रभारी को आनन-फानन में नीचे उतारा गया और सीएचसी रफीगंज ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। रात में ही अधिकारियों के साथ एसपी ने घटनास्थल का जायजा लिया। इस बीच आईजी अयोध्या जोन ने जिला मुख्यालय पहुंचकर घटना के बारे में विस्तृत छानबीन की।
विज्ञापन

जैतपुर थानाध्यक्ष बब्बूलाल मिश्र के फंदे से लटकते मिलने की जानकारी रात करीब दो बजे हो सकी। दरअसल, एक अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए छापामारी करने जिला मुख्यालय से स्वाट टीम जैतपुर थाने पहुंची। टीम के सदस्यों ने पहरे पर मौजूद सिपाही से कहा कि थानाध्यक्ष फोन रिसीव नहीं कर रहे। उन्हें जगाओ और बताओ कि स्वाट टीम आई है। दबिश देेने चलना है।

बताया जाता है कि सिपाही एसओ आवास पहुंचा और एसओ के बगल वाले कक्ष में सो रहे निजी फालोवर कन्हैया तिवारी से जगाने के लिए कहा। कन्हैया जब एसओ के कक्ष में पहुंचा तो वहां का दृश्य देखकर सन्न रह गया। थानाध्यक्ष का शरीर बेड शीट के सहारे छत के पंखे से लटक रहा था। वह चीखता हुआ बाहर की तरफ भागा और पुलिस कर्मियों को पूरे मामले की जानकारी दी। इससे पूरे थाना परिसर में अफरातफरी मच गई।
स्वाट टीम के सदस्यों ने उच्चाधिकारियों को घटना की सूचना दी। इसी दौरान वहां मौजूद पुलिस कर्मियों ने फंदे से लटक रहे थानाध्यक्ष को नीचे उतारा। सीएचसी रफीगंज ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। कुछ ही देर में एसपी आलोक प्रियदर्शी, सीओ जलालपुर आरपी राय, व एसडीएम जलालपुर महेंद्रपाल सिंह थाने पहुंच गए। इसके बाद पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बताया जाता है कि मंगलवार देर शाम ही स्वाट टीम और थानाध्यक्ष के बीच तय हुआ था कि देर रात एक मामले में दबिश देनी है। इसीलिए देर रात स्वाट टीम प्रभारी ने थानाध्यक्ष बब्बू मिश्र को जब फोन किया तो फोन रिसीव नहीं हुआ। इसके बाद ही टीम थाने पहुंची, जहां उनका शव कमरे की छत से लटकता मिला। बताते चलें कि गोंडा के अकोना पूरेखेत के मूल निवासी बब्बू मिश्र को जुलाई 2019 मेें जैतपुर थाने की कमान सौंपी गई थी।
एसओ के निजी फालोवर कन्हैया तिवारी ने बताया कि मंगलवार शाम थाना प्रभारी की उनकी पत्नी से फोन पर बात हुई थी। रात में भी पत्नी से बात हुई थी। रात करीब सवा एक बजे भी किसी का फोन आया था, जिससे वह सर-सर कर बात कर रहे थे। इसके बाद क्या हुआ, उसे कुछ पता नहीं।
बब्बू मिश्र के तीन पुत्र हैं। बड़ा पुत्र पंकज मिश्र लखीमपुर खीरी में थानाध्यक्ष के पद पर तैनात है जबकि उनकी बड़ी बहू लखीमपुर खीरी जनपद में ही कलेक्ट्रेट में लिपिक के पद पर तैनात है। दूसरा बेटा अनु मिश्र सेल्स टैक्स विभाग में लिपिक के पद पर तैनात है तो तीसरे नंबर का बेटा शिवम मिश्र अपनी मां के साथ लखनऊ में रह रहा है। बड़े पुत्र पंकज के अनुसार, परिवार में सब कुछ ठीकठाक था। किसी प्रकार का कोई तनाव नहीं है। उनके पिता ने आत्महत्या क्यों किया, इसकी जानकारी फिलहाल उन्हें नहीं है।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us