विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
नवरात्र में कराएं कामाख्या बगलामुखी कवच का पाठ व हवन, पाएं कर्ज मुक्ति एवं शत्रुओं से छुटकारा
Astrology Services

नवरात्र में कराएं कामाख्या बगलामुखी कवच का पाठ व हवन, पाएं कर्ज मुक्ति एवं शत्रुओं से छुटकारा

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

From nearby cities

Lockdown Update : कोरोना की जंग में लोगों की मदद के लिए उतरी सेना, स्कूल बसें भी लगीं

लॉकडाउन में लोगों की मदद के लिए अब सेना उतर आई है।

29 मार्च 2020

विज्ञापन

Sp baghpat said

28 मार्च 2020

विज्ञापन

बांदा

रविवार, 29 मार्च 2020

बाहर से आने वालों के घर दस्तक देंगे लेखपाल

बांदा। महानगरों से लौटने वालों की गांव और नगरवार सूची बनाकर लेखपालों को सौंपी जाएगी। लेखपाल रोजाना उनके घर दस्तक देकर 14 दिन तक घर में अलग रहने (सेल्फ होम क्वारंटीन) का अनुपालन पर नजर रखेंगे। साथ ही उनके परिजनों और पड़ोसियों को बताएंगे कि होम क्वारंटीन का अनुपालन करें और इनसे दूरी बनाए रखें।
बाहर से आने वाले इन लोगों में तेज बुखार, जुकाम और सांस लेने में कठिनाई के लक्षण मिले तो लेखपाल इसकी सूचना एसडीएम को देंगे। एसडीएम चिकित्साधिकारी को सूचित करेंगे। चिकित्साधिकारी टीम भेजकर गाइड लाइन के अनुसार तत्काल कार्रवाई करेंगे।
डीएम ने कहा है कि तहसीलदार, नायब तहसीलदार, कानूनगो भ्रमण करके इन क्वारंटीन व्यक्तियों पर नजर रखेंगे। बाहर से लौटने वाला कोई सूची में दर्ज नहीं है तो उसकी भी मानीटरिंग की जाएगी। डीएम ने सभी उप जिलाधिकारियों को यह पत्र भेजा है।
चचेरे भाई मेडिकल कालेज रेफर
अतर्रा। दो दिन पहले महानगर से आए दो चचेरे भाइयों को बीमारी के संदिग्ध लक्षण दिखने पर सीएचसी से मेडिकल कालेज रेफर किया गया है। यह दोनों अतर्रा कस्बा निवासी हैं। गाजियाबाद में पढ़ाई करते थे। उधर, एक गांव के युवक को भी सीएचसी से मेडिकल कालेज रेफर किया गया है।
बबेरू और अतर्रा में कंट्रोल रूम चालू
बबेरू/अतर्रा। एसडीएम महेंद्र प्रताप की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में निर्णय लिया गया कि लॉकडाउन के दौरान फल-सब्जी की स्थाई दुकान नहीं लगेंगी। बल्कि विक्रेता गली-मोहल्लों में हाथ ठेला से सुबह 6 से 9 बजे और शाम 3 से 6 बजे तक फल व सब्जी बेचेंगे। आटा चक्की और किराना की दुकान भी खुलेंगी। बशर्ते यहां भीड़ न हो।
इसी तरह मेडिकल स्टोर और पेट्रोलपंप भी खुलेंगे। गैस सिलेंडर घरों पर उपलब्ध कराया जाएगा। लॉकडाउन नियमों का पालन करने का भी निर्णय लिया गया। कहा कि संदिग्ध मरीजों की सूचना तहसील के कंट्रोल रूम नंबर- 05190-244104 पर दें। बैठक में मंडी सचिव राघवेंद्र चतुर्वेदी, व्यापार मंडल अध्यक्ष सुधीर अग्रहरि, महामंत्री बसंत गुप्ता सहित अन्य व्यापारी उपस्थित रहे। उधर, अतर्रा में एसडीएम सौरभ शुक्ला ने बताया कि कंट्रोल रूम के नंबर- 05191-211520 है। यह दिन-रात काम करेगा। यहां से अब तक 15 मरीजों को जिला अस्पताल व मेडिकल कालेज भेजा जा चुका है। उधर, रहूसत गांव के प्रधान ने बाहर से आने वाले 19 लोगों की सूची बीडीओ महुआ को बेची है।
... और पढ़ें

लॉक डाउन में गैस संकट

बांदा। रसोई गैस के लिए लॉकडाउन नियमों का उल्लंघन हो रहा है। शहर में जगह-जगह उपभोक्ताओं की लग रही लाइन और भीड़ पर डीएम ने गैस एजेंसियों को होम डिलीवरी करने के निर्देश दिए हैं। इस पर तत्काल कड़ाई से पालन न करने पर जिला पूर्ति अधिकारी ने पेट्रोलियम गैस प्रदाय निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की चेतावनी दी है।
गुरुवार को जिला पूर्ति अधिकारी राजीव तिवारी ने मुख्यालय के सभी 9 गैस एजेंसी संचालकों को जारी पत्र में कहा है कि गैस के लिए लग रही भीड़ से कोरोना का संक्रमण हो सकता है। उपभोक्ताओं से ऑनलाइन बुकिंग कराएं और होम डिलीवरी कराएं। गैस की कालाबाजारी किसी भी कीमत पर नहीं होनी चाहिए।
... और पढ़ें

आज मस्जिदों में नहीं, घरों में अदा करें जुमा की नमाज

बांदा। 21 दिवसीय लॉकडाउन की घोषणा के बाद 27 मार्च को पड़ रहे पहले जुमा (शुक्रवार) की नमाज मस्जिदों में सामूहिक रूप से नहीं अदा की जाएगी। मुस्लिम धर्मगुरुओं ने यह फैसला लेते हुए मस्जिदों में नोटिस चस्पा कर दी है। साथ ही रोजाना अदा की जाने वाली पांच वक्त की नमाजें भी लॉकडाउन अवधि तक घरों में ही अदा करने की अपील की है।
कोरोना संक्रमण फैलने से रोकने के लिए पूरे देश में 14 अप्रैल तक लॉकडाउन लागू किया गया है। कहीं भी और किसी भी रूप में एक साथ लोगों की भीड़ जमा होना खतरे की घंटी है। इसी के मद्देनजर मुस्लिम धर्मगुरुओं ने मजहब की सबसे अहम और फर्ज इबादत नमाज में भी एक साथ इकट्ठा न होने की अपील की है।
शुक्रवार (27 मार्च) को जुमा की साप्ताहिक नमाज चुनिंदा मस्जिदों में होती है। इसमें काफी तादाद में लोग एक साथ नमाज अदा करते हैं, लेकिन लॉकडाउन में इसमें बदलाव कर दिया गया है। यहां के मुख्य मदरसों और धर्मगुरुओं तथा शहर काजियों ने मुस्लिमों से अपील की है कि रोजमर्रा की नमाजें और जुमा की नमाज फिलहाल घरों में ही अदा करें।
मदरसा जामिया अरबिया, हथौरा के मुफ्ती मौलाना नजीब अहमद काशमी ने कहा कि घरों में ही इबादत कर इंसानों की भलाई और सेहत के लिए दुआ करें। जुमा की नमाज भी घर में अदा करें। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में शरियत का भी यह हुक्म है। उधर, मदरसा दारुल उलूम रब्बानिया के मौलाना और शहर काजी मौलाना मेराज मसूदी (अकील मियां) ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग और हुकूमत ने कोरोना मर्ज के मद्देनजर जो पाबंदियां लगाई हैं। उसके मद्देनजर सभी मुसलमान रोजाना की पांचों नमाजें और हफ्तेवार जुमा की नमाज घरों पर ही अदा करें।
यही हुक्म मुफ्तियों ने दिया है। मौलानाओं ने कहा है कि मस्जिदों में सिर्फ मुअज्जन अजान देकर इमाम और मस्जिद में रहने वाले चंद कार्यकर्ताओं के साथ नमाज अदा करें। पड़ोस के लोग घरों में ही नमाज पढ़ें। मस्जिदों में इस आशय की नोटिसें भी चस्पा कर दी गई हैं। आल इंडिया काजी बोर्ड के नायब सदर मौलाना सैय्यद मुमताज रब्बानी कहा है कि जुमा की नमाज मस्जिद में न अदा करके घर में जोहर की नमाज अदा करें।
उधर, शहर काजी मौलाना कमरुद्दीन ने भी मुस्लिमों से लॉकडाउन की मुद्दत की अवधि में मस्जिदों में एक साथ इकट्ठा न होने और घरों में ही नमाजें अदा करने की अपील की है। उधर, शहर की नवाबी जामा मस्जिद के मुतवल्ली डा.शेख सादी जमां ने बताया कि उलेमाओं की हुक्म और फतवे के मुताबिक जामा मस्जिद में सामूहिक रूप से जुमा की नमाज नहीं होगी। इमाम मुअज्जिन आदि चंद लोग ही अजान के साथ नमाज अदा करेंगे।
... और पढ़ें

अंशदान जमा होने पर ही मिलेगी दैवी आपदा आर्थिक सहायता

बांदा। उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण द्वारा संचालित दैवी आपदा आर्थिक सहायता योजना में वही मजदूर लाभान्वित होंगे, जिन श्रमिकों का अंशदान अद्यतन (अपडेट) जमा हो। ऐसे मजदूरों को एक हजार रुपये मासिक की दर से वार्षिक/छमाही/तिमाही या मासिक मिलेंगे।
इसका निर्णय केंद्र/राज्य सरकार या बोर्ड करेगा। चित्रकूटधाम मंडल के उप श्रमायुक्त ने बताया कि पहले चरण में ऐसे पंजीकृत मजदूरों को हितलाभ का लाभ दिया जा रहा है, जिनका बैंक खाता संख्या, आईएफएससी कोड और मोबाइल नंबर कल्याण बोर्ड की साइट पर उपलब्ध है।
बोर्ड द्वारा उपलब्ध कराई गई सूची के मुताबिक चित्रकूटधाम मंडल में मौजूदा समय में ऐसे श्रमिकों की संख्या 69,751 है। उपायुक्त ने बताया कि जिन पंजीकृत मजदूरों ने अपना बैंक ब्योरा श्रम कार्यालयों को उपलब्ध नहीं कराया है और अब वह लॉकडाउन के चलते कार्यालय नहीं पहुंच पा रहे हैं वे अपना बैंक खाता संख्या, आईएफएससी कोड, मोबाइल नंबर और पंजीयन कार्ड उप श्रमायुक्त के व्हाट्सएप नंबर- 8423004466 या 9161373754 या 8382012904 अथवा ई-मेल आईडी पर उपलब्ध कराएं, ताकि मजदूरों के खाते में आपदा राहत राशि भेजी जा सके।
कोरोना से बीमार हुए तो 28 दिन की सवेतन छुट्टी
बांदा। कोविड-19 से ग्रस्त हो जाने अथवा संदिग्ध होने पर अलग रखे जाने की स्थिति में कर्मचारियों/कर्मकारों को उनके नियोजकों द्वारा 28 दिन की छुट्टी वेतन सहित प्रदान की जाएगी, लेकिन यह अवकाश तभी स्वीकृत होगा जब कर्मकार स्वस्थ होने के बाद अपना चिकित्सा प्रमाणपत्र नियोजक या प्राधिकृत व्यक्ति को प्रस्तुत करे।
चित्रकूटधाम मंडल के उप श्रमायुक्त राजीव कुमार सिंह ने यह जानकारी दी। बताया कि ऐसी दुकानें/वाणिज्यिक अधिष्ठान या कारखाने जो राज्य सरकार या जिला मजिस्ट्रेट के आदेशों से अस्थाई रूप से बंद हैं उनके कर्मचारियों को भी बंदी अवधि का अवकाश मजदूरी समेत प्रदान किया जाएगा।
साथ ही जिन दुकानों या कारखानों आदि में 10 या उससे अधिक कर्मकार हों वहां अधिष्ठान के सूचना पट व मुख्य द्वार पर कोविड-19 की रोकथाम के लिए केंद्र या राज्य सरकार द्वारा जारी किए गए सुरक्षा उपायों को प्रदर्शित (लिखना) होगा। सभी नियोजकों और सेवायोजकों से इन आदेशों का पालन करने को कहा गया है।
... और पढ़ें

छूट का झूठ : हॉकर को झापड़, दूधिये का चालान

बांदा। लॉकडाउन के लिए सीएम और डीएम द्वारा जारी निर्देश/गाइडलाइन यहां सिर्फ कागजों तक सीमित हैं। पुलिस कर्मियों को इसके बारे में बताया नहीं गया या फिर अति उत्साह में ड्यूटी कर रहे हैं। सुबह दूध विक्रेता और हॉकर को दूध और अखबार बांटने की शासन और डीएम से छूट है। इसके बाद भी पुलिस ने हॉकर को थप्पड़ जड़ दिया और दूधिये का चालान कर दिया।
लॉकडाउन को लेकर प्रदेश के गृह सचिव ने शुरू में ही दिशा-निर्देश जारी किए थे। डीएम ने भी इन निर्देशों को जारी किया था। 25 मार्च को डीएम अमित सिंह बंसल और पुलिस अधीक्षक डा.एसएस मीणा ने अपने संयुक्त हस्ताक्षरों से जारी आदेश में कहा था कि किराना, दवा, दूध, ईंधन सहित मीडिया संस्थाएं और मीडियाकर्मी निषेधाज्ञा से मुक्त रहेंगे। माल ढोने वाले वाहनों को भी मुक्त रखा गया है।
शासन ने सुबह 6.30 से 9.30 बजे तक अखबार व दूध बांटने की छूट दी है, लेकिन इन पर अमल नहीं हो रहा। उल्लंघन में पुलिस कर्मी आगे हैं। हालांकि शनिवार को चित्रकूटधाम मंडल के डीआईजी दीपक कुमार ने भी पुलिस कर्मियों को निर्देश दिए हैं कि लॉकडाउन में लोगों के साथ दुर्व्यवहार न करें, लेकिन इन दिशा-निर्देशों और आदेशों पर अमल कितना हो रहा है इसकी कुछ बानगियां ही काफी हैं। प्रमुख अखबार के हॉकर को सुबह 7 बजे अखबार बांटते समय बलखंडी नाका चौकी प्रभारी ने थप्पड़ जड़ दिया।
दोबारा न निकलने की चेतावनी दी। उधर, घर-घर दूध पहुंचा रहे दूधियों का देहात कोतवाली में चालान काट दिया। इससे दूधियों में नाराजगी है। ये आपूर्ति भी बंद कर सकते हैं। इसी तरह शासन ने लॉकडाउन के दौरान सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों के कर्मियों को ड्यूटी पर आने-जाने की छूट दी है, लेकिन यहां छूट भी झूठ में शामिल हो गई है। नर्सिंगहोम के कर्मियों को लगातार रोका-टोका जा रहा है। इससे अस्पतालों में चिकित्सा सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।
बेटे को पुलिस से बचाती मां।
बेटे को पुलिस से बचाती मां।- फोटो : BANDA
... और पढ़ें

दरोगा के शव का गांव में हुआ अंतिम संस्कार

ओरन (बांदा)। सड़क हादसे में चल बसे उप निरीक्षक अशोक पटेल का शनिवार को यहां पैतृक गांव पल्हरी में अंतिम संस्कार किया गया। देर रात औरैया पुलिस अपने वाहन में उनका शव लेकर यहां पहुंची। 45 वर्षीय अशोक औरैया में सुजानपुर चौकी के इंचार्ज थे।
उनकी बाइक को किसी वाहन ने टक्कर मार दी थी। शव आते ही गांव में शोक और परिजनों में कोहराम मच गया। शनिवार को दिन में करीब 3 बजे गांव में स्थित उनके ही कृषि फार्म में बनाई गई चिता में उनका दाह संस्कार किया गया। छोटे भाई ने मुखाग्नि दी।
बड़ी तादाद में गांव के लोग उपस्थित रहे। मृतक अशोक की शादी करीब 15 वर्ष पूर्व सुनीता के साथ हुई थी। कोई संतान नहीं हुई।
... और पढ़ें

फंदे पर झूला युवा किसान

जसपुरा। बटाई पर खेती करने वाले खेतिहर युवा मजदूर ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। जान गंवाने के लिए उसने गांव के बाहर खेत में लगे बबूल के पेड़ का सहारा लिया। उस पर रस्सी बांधकर फंदे से झूल गया। परिजन आत्महत्या की वजह फसल की बर्बादी और आर्थिक तंगी का तनाव बता रहे हैं।
जसपुरा कस्बे में प्रमोद यादव (27) पुत्र बलवीर यादव गांव में ही बटाई पर खेत लेकर किसानी करता था। मजदूरी भी कर लेता था। इसी में उसका परिवार चल रहा था। सोमवार को सुबह वह पत्नी प्रियंका के साथ खेत गया था। कुछ देर बाद प्रियंका घर आ गई। प्रमोद खेत में ही रुक गया। करीब दो बजे पत्नी वापस खेत गई तो वहां बबूल के पेड़ पर प्लास्टिक की रस्सी में प्रमोद का फांसी पर शव टंगा मिला। परिजनों ने थाने में सूचना दी।
थानाध्यक्ष आलोक सिंह फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और शव कब्जे में ले लिया। पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पिता ने बताया कि प्रमोद उसका इकलौता पुत्र था। परिजनों का कहना है कि फसल की बर्बादी और आर्थिक तंगहाली से परेशान होकर आत्महत्या की। उधर, पैलानी उप जिलाधिकारी रामकुमार ने बताया कि किसान की आत्महत्या की वजह स्थिति आदि के बारे में जांच कराई जा रही है। पैलानी तहसीलदार को जांच के लिए भेजा गया है।
... और पढ़ें

बिहार और दिल्ली से पैदल पहुंचे 57 मजदूर

खेत में मृतक किसान के शोकग्रस्त परिजन।
बांदा। रेल और बस सेवा बंद होने के बाद महानगरों से सैकड़ों किलोमीटर दूर पैदल चलकर मजदूरों का अपने-अपने घरों में पहुंचना जारी है। शनिवार को भी दिल्ली, बिहार और अलीगढ़ से करीब 57 मजदूर अपने-अपने घरों को पहुंचे। इन सभी का जिला अस्पताल में स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया।
कोविड-19 संक्रमण न पाए जाने पर एहतियातन उन्हें होम क्वारंटीन की सलाह देकर गांवों को रवाना किया गया है। दूसरे सूबों से चलकर मजदूर कड़ी मशक्कत के बाद यहां पहुंच रहे हैं। शुक्रवार को 21 मजदूरों को जत्था पहुंचा था। उन्हें भी होम क्वारंटीन में भेजा गया है। शनिवार को बिहार और दिल्ली से मजदूर लौटे। दिल्ली वाले मजदूर कानपुर के रास्ते से आए हैं, जबकि बिहार वाले प्रयागराज होकर यहां पहुंचे।
मजदूरों के चेहरों पर पैदल चलने की थकान साफ नजर आ रही थी। ट्रामा सेंटर में इनको एक-एक मीटर की दूरी पर खड़ा कर पंक्तिबद्ध कर डॉक्टर हृदयेश पटेल और डॉक्टर एसडी त्रिपाठी ने स्वास्थ्य परीक्षण किया।
फौरीतौर पर कोविड-19 जैसा कोई संक्रमण न मिलने पर डाक्टरों ने उन्हें घरों में ही अकेले रहने की हिदायत देकर रवाना कर दिया। संक्रमण न होने की पुष्टि जिला अस्पताल के सीएमएस डॉक्टर एसएन मिश्र ने भी की।
... और पढ़ें

होम डिलीवरी में 500 रुपये का अड़ंगा

बांदा। लॉकडाउन में प्रशासन ने शहर की सभी छोटी बड़ी किराना दुकानों को बंद करा दिया है। दावा किया जा रहा है कि लोगों को घर बैठे होम डिलीवरी के लिए कुछ दुकानों व गाड़ियों को अधिकृत किया गया है। ठठराही के होम डिलीवरी करने वाले दुकानदार का कहना है कि वह 500 रुपये से कम की होम डिलीवरी नहीं करेगा।
दुकानदार की इस शर्त से वे गरीब होम डिलीवरी से वंचित हो जाएंगे, जो रोजाना किलो-दो किलो आटा आदि खरीदते हैं। हालांकि व्यापारी नेता अमित सेठ भोलू का कहना है कि मोहल्ले-मोहल्ले जाने वाली किराना वैन में ऐसी कोई शर्त नहीं है। होम डिलीवरी करने वाले दुकानदारों को समझाया जाएगा। इस बारे में जिला पूर्ति अधिकारी राजीव तिवारी का जवाब अजब रहा। गरीबों की अनदेखी और दुकानदारों की वकालत करते हुए वह बोले- दो रुपये का सामान थोड़ी किसी के घर देने जाएगा।
मजदूरों को लेने कानपुर और सतना गईं 13 बसें
बांदा। लॉकडाउन में दिल्ली और एमपी सीमा में फंसे बांदा और चित्रकूट के मजदूरों को लाने के लिए यहां की 13 रोडवेज बसें कानपुर और सतना भेजी गई हैं। फैक्ट्रियां बंद होने के बाद ये लोग पैदल सीमा तक आ गए। रोडवेज के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक परमानंद ने बताया कि शासन के निर्देश पर इन मजदूरों को कानपुर तक लाने के लिए लगाई गई बसों में 10 बसें बांदा डिपो की भी हैं।
शनिवार को इन बसों को कानपुर के लिए रवाना कर दिया गया। उधर, सतना में फंसे सौ से अधिक छात्र-छात्राओं को लेने के लिए डीएम के निर्देश पर 3 बसों को सतना (एमपी) भेजा गया है। उधर, सीएमओ डा.संतोष कुमार के निर्देश पर कानपुर से आने वाले यात्रियों को पहले जिला अस्पताल भेजा जाएगा। वहां उनकी जांच होगी। इसके बाद ही चिकित्साधिकारियों की सलाह पर उन्हें घरों को भेजा जाएगा।
... और पढ़ें

मौसम की पलटमारी ने बढ़ाईं किसानों की धड़कनें

बांदा। इसी माह की शुरुआत में ओला-बारिश से फसलों को पहुंचे भारी नुकसान के बाद अब फिर मौसम की पलटवारी ने किसानों की अब फिर धड़कनें बढ़ा दी हैं। शुक्रवार को बारिश हुई। कृषि वैज्ञानिकों का कहना है कि बारिश का पैमाना 20 मिलीमीटर लांघ गया तो मौजूदा सीजन की सभी फसलों को भारी नुकसान पहुंचेगा। उधर, बादल-बूंदाबांदी से अधिकतम तापमान में तीन डिग्री की गिरावट आई है। यह 32 से घटकर 29 डिग्री पर आ गया।
लॉकडाउन के चलते किसानों को फसल कटाई के लिए मजदूर ढूंढे नहीं मिल रहे हैं। इन परिस्थितियों में बारिश या ओलावृष्टि किसानों की तबाही साबित हो सकती है। लॉकडाउन के चलते फसल कटाई मजदूरों का जबरदस्त टोटा है। प्रशासन और पुलिस मजदूरों और किसानों को आने-जाने में कोई ढील नहीं दे रहे।
बांदा कृषि विश्वविद्यालय के मौसम विशेषज्ञ दिनेश शाहा ने मौसम के मौजूदा बदलाव को पश्चिमी विक्षोभ से चल रही हवाओं का असर बताया है। उन्होंने कहा कि इस समय अगर 20 मिलीमीटर या इससे अधिक बारिश हो गई तो लगभग सभी फसलों को नुकसान पहुंचेगा।
उधर, कृषि विभाग के उप निदेशक एके सिंह ने बताया कि बारिश से गेहूं को छोड़कर चना, मसूर, लाही, अरहर, अलसी आदि फसलों को नुकसान पहुंच सकता है। केंद्रीय जल आयोग के मुताबिक शुक्रवार को जनपद में 2 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई है। अगले दो दिनों तक बारिश के आसार हैं।
... और पढ़ें

महानगरों से आने वाले खुले में फेंक रहे मॉस्क

बांदा। लॉकडाउन के बाद देश के महानगरों से यहां वापस लौट रहे मजदूरों के मॉस्क से कोरोना संक्रमण का खतरा मंडरा रहा है। वहां से मॉस्क लगाकर आए मजदूर यहां खुले में मॉस्क फेंक रहे हैं। इनके सुरक्षित निस्तारण का नगर पालिका, स्वास्थ्य विभाग या प्रशासन ने कोई इंतजाम नहीं किया।
बड़ी संख्या में रोजाना महानगरों से पलायित मजदूर यहां लौट रहे हैं। इनमें ज्यादातर मॉस्क बांधकर आए हैं। आमतौर पर 24 घंटे में मॉस्क निष्प्रयोज्य हो जाता है। यह मजदूर अपना मॉस्क गांव, शहर या कहीं रास्ते में उतारकर फेंक रहे हैं। यह संक्रमण का सबसे बड़ा वाहक बन सकते हैं। आम राहगीरों से लेकर नगर पालिका के सफाई कर्मियों तक इस खतरे के दायरे में हैं।
उधर, नगर पालिका और स्वास्थ्य विभाग इसके सुरक्षित निस्तारण के बजाय सलाह परोस रहे हैं। ईओ संतोष कुमार मिश्र का कहना है कि उनके कूड़ेदान में फेंके गए मॉस्क शहर से बाहर जलवा दिए जाएंगे। सीएमओ डॉ. संतोष कुमार का कहना है कि ऐसे मॉस्क या कचरे का निस्तारण नगर पालिका की जिम्मेदारी है। मॉस्क में संक्रमण कई घंटे तक बना रहता है।
23 बंदियों ने फोन पर लिया परिवार का हालचाल
बांदा। लॉकडाउन से जेल में बंदियों से मुलाकात बंद है। उन्हें परिजनों से बात करने के लिए जेल के पीसीओ फोन की सुविधा दी गई है। प्रभारी अधीक्षक आरके सिंह ने बताया कि जेल में 863 बंदी निरूद्ध हैं।
लॉकडाउन के बाद जेल में मुलाकात पर रोक लगा दी गई है। बताया कि दो दिन में 23 बंदियों ने जेल के पीसीओ के जरिए अपने परिजनों से बातचीत की। उधर, शासन के निर्देश पर अब 60 साल से अधिक उम्र के बंदियों की सूची तैयार की जा रही है। पहले विचाराधीन बंदियों सहित सात साल से कम सजा पाने वाले बंदियों की सूची तैयार कर शासन को भेजी गई थी।
दिल्ली में फंसे बेटों को पैसा न भेज सका पिता
बांदा। शहर के खुटला निवासी रामभरोसे के दो बेटे बंटी व सुरेश दिल्ली की एक कंपनी में काम करते हैं। लॉकडाउन के बाद कंपनी में ताला पड़ गया है। पिता को फोन पर सुरेश और बंटी ने अपनी बदहाली बयां की।
कहा कि कंपनी मालिक ने एक हजार रुपये देकर भगा दिया। अब दिल्ली में उनके लिए कहीं ठौर-ठिकाना नहीं है। पुलिस परेशान कर रही है। वह दिल्ली के पास एक गांव के बाहर पड़े हुए है। ग्रामीण उन्हें खाना पानी दे रहे है। रामभरोसे ने बताया कि दोनों पुत्रों के खाते में वह पैसा डालना चाहता था, लेकिन बैंक कर्मियों ने इनकार कर दिया।
... और पढ़ें

सरकारी मदद सब्जबाग, मददगारों के बढ़े हाथ

बांदा। लॉकडाउन ने काम-धंधा, रोजगार, मजदूरी आदि पर ‘लॉक’ लग गया है। ऐसे में दिहाड़ी मजदूर पेशा और रोज कमाने-खाने वालों के यहां चूल्हे जलना मुश्किल पड़ रहा है। इन परिस्थितियों में मानवता भी जाग रही है। स्वयंसेवी संगठन, जनप्रतिनिधि और राजनीतिक दल इन जरूरतमंदों की खाली थाली में भोजन परोसने में जुट गए हैं।
लॉकडाउन हुए तीन दिन बीत गए। किसी परेशान हाल के घर राशन की किट या राहत की कोई सामग्री सरकार की तरफ से नहीं पहुंची। अलबत्ता स्वयंसेवी और कुछ संगठन आगे आए हैं। इसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) भी शामिल हैं। आरएसएस के जिला संघ चालक रमाशंकर श्रीवास्तव ने शुक्रवार को जारी प्रेस नोट में बताया कि जरूरतमंदों को राशन उनके घर पहुंचाया जाएगा। ऐसे निर्धन लोगों के बारे में मोबाइल नंबर- 9554758428 (दिलीप), 7905153792 (श्रवण कुमार), 8176025068 (सक्षम), 8948347100 (मोहित), 7007471146 (शशांक), 6307831339 (पवन), 7348721170 (धनंजय) और 8381990330 (राष्ट्रदीप) को कॉल करके सूचना दें।
उधर, भाजपा की नगर यूनिट ने शहर के सभी 22 सेक्टरों में प्रभारियों व बूथ अध्यक्षों के सहयोग से जरूरतमंदों को भोजन वितरण का निर्णय लिया है। शुक्रवार को विधायक प्रकाश द्विवेदी के डीएम कालोनी रोड स्थित आवास में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। साथ ही विधायक निवास में कंट्रोल रूम- 05192-220035 खोला गया है। इस पर भोजन आदि की सूचना दी जा सकेगी। उधर, रोटी बैंक पूर्व की भांति अभी भी रोजाना जरूरतमंदों को खाना पहुंचा रहा है। महिला संगठन चिराग फाउंडेशन की डा. शबाना रफीक ने बताया कि डाक्टरों के सहयोग से कांशीराम कालोनी के 30 जरूरतमंदों को चिह्नित कर मदद पहुंचाई जा रही है।
उधर, शहर के खुटला में बिजली विभाग के रिटायर्ड कर्मी मोहम्मद सुभान के नेतृत्व में वहां के बाशिंदे आसपास के जरूरतमंदों को राशन पहुंचा रहे हैं। उधर, शहर के व्यापारी राजेश नंदा और उनकी पत्नी सीमा नंदा ने शुक्रवार को 53 जरूरतमंदों को राशन की किट उनके घरों पर जाकर पहुंचाई। इनमें हिंदू-मुस्लिम दोनों ही धर्म के लोग शामिल थे। रोटी बैंक कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।
... और पढ़ें

अब मस्जिदें भी बंद, नहीं हुई जुमे की नमाज

बांदा। ईश्वर-अल्लाह एक ही नाम, सबको सम्मति दे भगवान। बापू का यह प्रिय भजन कोरोना के खौफ और लॉकडाउन की पाबंदी से हकीकत बन गया। ईश्वर और अल्लाह दोनों के ही दर और द्वार बंद हो गए हैं। नवरात्र पर जहां सभी प्रमुख देवी मंदिरों के पट बंद हैं, वहीं लॉकडाउन के बाद शुक्रवार को पहले जुमे में मस्जिदों के भी गेट नहीं खुले। लोगों ने घरों पर जुमा/जोहर की नमाज अदा की।
शहर की प्रमुख नवाबी जामा मस्जिद समेत शेख सरवर की मस्जिद, रब्बानिया मस्जिद, हाथी खाना मस्जिद, ऊंट मोहाल मस्जिद, बोड़े की मस्जिद, मरकज वाली मस्जिद सहित शहर की अन्य मस्जिदों में भी जोहर में नमाजों की भीड़ नहीं जुटी।
इसके लिए पहले से ही मुस्लिम धर्मगुरुओं मुफ्ती, मौलाना, शहरकाजी आदि ने एलान किया था। उधर, महेश्वरी देवी मंदिर, काली देवी, सिंहवाहिनी, चौसठ जोगिनी, कालिका देवी मंदिर और जनपद के कस्बों व गांवों में स्थित प्रमुख देवी मंदिरों के पट भी बंद हैं। नवरात्र पर यहां दर्शन पूजा की अनुमति नहीं है।
नवरात्र के तीसरे दिन भी बंद पड़ा बांदा के प्रमुख महेश्वरी देवी मंदिर का गेट।
नवरात्र के तीसरे दिन भी बंद पड़ा बांदा के प्रमुख महेश्वरी देवी मंदिर का गेट।- फोटो : BANDA
... और पढ़ें
अपने शहर की सभी खबर पढ़ने के लिए amarujala.com पर जाएं
Banda + Chitrakoot Ad
Banda + Chitrakoot Ad
Banda + Chitrakoot Ad
Atarra, Banda Coupon Ad

Disclaimer


हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।
Agree
Election
  • Downloads

Follow Us