विज्ञापन

कोतवाली की जमीन पर बना लिए मकान, फसल बोई

farrukhabad Updated Sat, 08 Jul 2017 12:51 AM IST
विज्ञापन
कोतवाली की जमीन पर अवैध कब्जों का एक नजारा।
कोतवाली की जमीन पर अवैध कब्जों का एक नजारा। - फोटो : अमर उजाला
ख़बर सुनें
मोहम्मदाबाद। कोतवाली मोहम्मदाबाद के नाम पांच एकड़ जमीन रोहिला गांव में नवाबगंज-मोहम्मदाबाद रोड किनारे आरक्षित है। इस पर दबंगों ने कब्जा कर रखा है। कब्जा करने वालों में सरकारी महकमे वाले भी शामिल हैं। बुधवार को स्थलीय जांच पड़ताल के बाद कब्जेदारों को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया गया है। इसके बाद बुलडोजर चलाकर कब्जे ढहाए जाएंगे।
विज्ञापन

जनवरी 2016 में तत्कालीन जिलाधिकारी एनकेएस चौहान ने विभागीय अधिकारियों को लेकर कोतवाली के लिए आरक्षित भूमि का चिह्नांकन कराया था। इसके बाद रोड किनारे कोतवाली की भूमि होने का बोर्ड भी लगवा दिया था। इसके बावजूद दबंगों ने इस पर कब्जा कर मकान बना लिए हैं, तो कुछ ने कब्जा कर मक्का की फसल बो रखी है। शुक्रवार को एसडीएम सदर रमेश चंद्र, सीओ शरदचंद्र शर्मा, कोतवाल संजीव सिंह राठौर और सहायक चकबंदी अधिकारी मेढ़ीलाल वर्मा, राजस्व निरीक्षक चकबंदी रामवीर, लेखपाल चकबंदी राकेश कुमार के साथ मौके पर पहुंचे और कई घंटे तक पड़ताल की।
एसडीएम सदर ने बताया कि खसरा खतौनी के आधार पर पांच एकड़ बंजर भूमि चकबंदी के दौरान थाने के नाम आरक्षित की गई थी। इस पर कुछ लोगों ने मकान बना लिए हैं। उन्हें तीन दिन के अंदर कब्जे हटाने की चेतावनी दी गई है। ऐसा न करने पर जेसीबी चलाकर मकान ध्वस्त करा दिए जाएंगे। कब्जेदारों में मथुरा में तैनात एक दरोगा, सीआरपीएफ में कार्यरत एक जवान भी शामिल हैं। वहीं कई ग्रामीणों ने 10 बीघा जमीन पर मक्का बो दी है। मामले में दो कब्जेदार युवकों को पकड़कर पुलिस थाने ले आई। दोनों का मोबाइल नंबर लेने व चेतावनी देने के बाद छोड़ दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us